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Farrukhabad News: खाद के लिए घंटों कतार में लगे किसान, फिर भी खाली हाथ लौटे
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कायमगंज। इफको केंद्र पर सोमवार सुबह से ही खाद के लिए किसानों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। घने कोहरे और कड़ाके की ठंड के बावजूद बड़ी संख्या में किसान, जिनमें महिलाएं भी शामिल रहीं, अपनी बारी का इंतजार करते नजर आए। किसानों का आरोप है कि केंद्र पर खाद उपलब्ध होने के बाद भी कई किसानों को खाली हाथ लौटना पड़ा।
कतार में लगी सिनौली गांव की लक्ष्मी देवी और विटोली देवी ने बताया कि वे सुबह से लाइन में खड़ी हैं लेकिन शाम तक उनका नंबर नहीं आ सका। महिलाओं का कहना है कि वे कई दिनों से खाद के लिए चक्कर काट रही हैं। शनिवार को मशीन खराब होने के कारण वितरण नहीं हो सका था। किसानों का कहना है कि निजी दुकानों पर यूरिया 400 रुपये तक में बेचा जा रहा है। दुकानदार अन्य सामान खरीदने का दबाव भी बना रहे हैं। मजबूरी में किसान सरकारी केंद्र पर निर्भर हैं।
इफको केंद्र प्रभारी सुधीर राजपूत ने बताया कि केंद्र पर खाद की कोई कमी नहीं है। यूरिया, डीएपी और एनपीके पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। प्रतिदिन आपूर्ति हो रही है लेकिन एक दिन में लगभग 50 से 60 किसानों को ही खाद का वितरण हो पा रहा है।
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कतार में लगी सिनौली गांव की लक्ष्मी देवी और विटोली देवी ने बताया कि वे सुबह से लाइन में खड़ी हैं लेकिन शाम तक उनका नंबर नहीं आ सका। महिलाओं का कहना है कि वे कई दिनों से खाद के लिए चक्कर काट रही हैं। शनिवार को मशीन खराब होने के कारण वितरण नहीं हो सका था। किसानों का कहना है कि निजी दुकानों पर यूरिया 400 रुपये तक में बेचा जा रहा है। दुकानदार अन्य सामान खरीदने का दबाव भी बना रहे हैं। मजबूरी में किसान सरकारी केंद्र पर निर्भर हैं।
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इफको केंद्र प्रभारी सुधीर राजपूत ने बताया कि केंद्र पर खाद की कोई कमी नहीं है। यूरिया, डीएपी और एनपीके पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। प्रतिदिन आपूर्ति हो रही है लेकिन एक दिन में लगभग 50 से 60 किसानों को ही खाद का वितरण हो पा रहा है।
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