फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Farrukhabad News ›   cultural

सिखों के साथ हिंदुओं के भी गुरु थे गुरुगोविंद सिंह

Thu, 02 Jan 2020 11:39 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 02 Jan 2020 11:39 PM IST
विज्ञापन
cultural
लोहिया रोड स्थित गुरुद्वारे में कीर्तन व अरदास करते ज्ञानी गुरुवचन सिंह। संवाद न्यूज एजेंसी - फोटो : FARRUKHABAD
फर्रुखाबाद। सिख पंथ के दसवें गुरु गुरुगोविंद सिंह का प्रकाश पर्व धूमधाम से मनाया गया। तीन दिन तक सुखमनी साहिब का अखंडपाठ पढ़ा गया। दीपमाला कार्यक्रम में महिलाओं ने समां बांध दिया। अरदास के बाद सभी ने लंगर छका। ग्रंथी ज्ञानी गुरुवचन सिंह ने कहा कि गुरुगोविंद सिंह सिखों के साथ हिंदुओं के भी गुरु थे।
विज्ञापन

शहर के लोहाई रोड स्थित गुरुद्वारा गुरु सिंह साहब में तीन दिन से चल रहे सुखमनी साहिब अखंड पाठ का समापन हो गया। इसके बाद आरती का क्रम चला। ग्रंथी ज्ञानी गुरुवचन सिंह ने कहा कि गुरुगोविंद सिंह ने अपने पूरे वंश का दान करके हिंदू धर्म की रक्षा की थी। इसलिए वह हिंदू धर्म के भी गुरु थे। उन्होंने हिंदू धर्म की रक्षा को ही खालसा पंथ सजाया। उन्होंने अपने बच्चों और पिता का भी बलिदान दिया था। वह पूरे भारत के पिता हैं। हम सबका कर्तव्य है कि उनके बताए रास्ते पर चलें और बच्चों को भी उनकी शिक्षा दें। हर किसी को महापुरुषों के जीवन से सीख लेनी चाहिए।
विज्ञापन

शाम बड़ी संख्या में गुरुद्वारा पहुंची महिलाओं ने दीपमाला कार्यक्रम का आयोजन किया। इसमें महिलाओं ने शानदार स्वर में भजन-कीर्तन प्रस्तुत कर समां बांध दिया। अरदास के बाद गुरु का अटूट लंगर छका गया। इस मौके पर सतनाम सिंह, सुरजीत कौर, बबली कौर, सिमरनजीत सिंह, हर्षा बुधवान, परमजीत कौर, हरजेंद्र कौर, बंदी आदि सैकड़ों लोगों का सहयोग रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed