{"_id":"5b44f5934f1c1b00278b5a1f","slug":"1531245970112012-farrukhabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सेंट्रल जेल में वर्ष 2012 में रहा था मुन्ना बजरंगी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सेंट्रल जेल में वर्ष 2012 में रहा था मुन्ना बजरंगी
Updated Tue, 10 Jul 2018 11:36 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
फर्रुखाबाद। मुन्ना बजरंगी सेंट्रल जेल में भी रह चुका था। जेल में मुन्ना बजरंगी के आने से पहले सुभाष ठाकुर सजा काट रहा था। दोनों प्रतिद्वंद्वी थे। इसकी शिकायत होने पर मुन्ना बजरंगी को सेंट्रल जेल से सुल्तानपुर और सुभाष ठाकुर को मुंबई जेल भेजा गया था। सुभाष ठाकुर को दोबारा सेंट्रल जेल फर्रुखाबाद भेज दिया गया। वह अभी भी जेल में बंद है।
पूर्वांचल का माफिया मुन्ना बजरंगी को प्रशासनिक आधार पर वर्ष 2012 में लखनऊ जेल से सेंट्रल जेल भेजा गया था। सेंट्रल जेल में पूर्वांचल के माफिया सुभाष ठाकुर के होने के पहले से ही यहां पर होने के कारण तनातनी होने लगी थी। दोनाें माफिया के एक ही जेल में होने पर दोनों के समर्थक मिलने के लिए आते थे। इसको लेकर भी कभी कोई वारदात होने की आशंका हो गई थी। इसको लेकर जेल प्रशासन ने शासन को दोनों माफिया को अलग अलग जेलों में भेजने की मांग की थी। इसी के बाद सुभाष ठाकुर को मुंबई और मुन्ना बजरंगी को सुल्तानपुर जेल भेज दिया गया था। इन दोनों के जेल से जाने के बाद जेल प्रशासन ने राहत की सांस ली थी। सुभाष ठाकुर कोर्ट के माध्यम से फिर सेंट्रल जेल पहुंच गया।
विज्ञापन
फर्रुखाबाद। मुन्ना बजरंगी सेंट्रल जेल में भी रह चुका था। जेल में मुन्ना बजरंगी के आने से पहले सुभाष ठाकुर सजा काट रहा था। दोनों प्रतिद्वंद्वी थे। इसकी शिकायत होने पर मुन्ना बजरंगी को सेंट्रल जेल से सुल्तानपुर और सुभाष ठाकुर को मुंबई जेल भेजा गया था। सुभाष ठाकुर को दोबारा सेंट्रल जेल फर्रुखाबाद भेज दिया गया। वह अभी भी जेल में बंद है।
पूर्वांचल का माफिया मुन्ना बजरंगी को प्रशासनिक आधार पर वर्ष 2012 में लखनऊ जेल से सेंट्रल जेल भेजा गया था। सेंट्रल जेल में पूर्वांचल के माफिया सुभाष ठाकुर के होने के पहले से ही यहां पर होने के कारण तनातनी होने लगी थी। दोनाें माफिया के एक ही जेल में होने पर दोनों के समर्थक मिलने के लिए आते थे। इसको लेकर भी कभी कोई वारदात होने की आशंका हो गई थी। इसको लेकर जेल प्रशासन ने शासन को दोनों माफिया को अलग अलग जेलों में भेजने की मांग की थी। इसी के बाद सुभाष ठाकुर को मुंबई और मुन्ना बजरंगी को सुल्तानपुर जेल भेज दिया गया था। इन दोनों के जेल से जाने के बाद जेल प्रशासन ने राहत की सांस ली थी। सुभाष ठाकुर कोर्ट के माध्यम से फिर सेंट्रल जेल पहुंच गया।
विज्ञापन