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प्रसूताओं को नहीं मिली एंबुलेंस, निजी वाहन का सहारा
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फर्रुखाबाद। जिले में सरकारी एंबुलेंस सेवा में सुधार नहीं हो रहा है। प्रसव पीड़ा से छटपटा रहीं दो गर्भवती को एंबुलेंस नहीं मिली, इससे परिजन उन्हें निजी वाहन से अस्पताल ले गए। शिकायत पर सीएमओ ने जिला प्रोग्राम मैनेज को जिम्मेदारों पर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
नवाबगंज ब्लॉक के गांव सोना जानकीपुर निवासी अर्चना पत्नी अनित कुमार और नया गनीपुर निवासी रेखा पत्नी अवनीश कुमार ने 28 फरवरी को प्रसव पीड़ा शुरू हुई थी। परिजनों ने सीएचसी ले जाने के लिए 108 एबुलेंस को फोन किया लेकिन एंबलेंस नहीं आई।
परिवार के लोग निजी वाहनों से सीएचसी ले गए। परिजनों की शिकायत पर सीएमओ वंदना सिंह ने एंबुलेंस के प्रोग्राम मैनेजर सौरभ कुमार को सोमवार को पत्र जारी किया है। इसमें उन्होंने जिम्मेदारों पर तीन दिन के अंदर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
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नया गनीपुर नवाबगंज सीएचसी से काफी नजदीक है। कॉल के वक्त अस्पताल की गाड़ी व्यस्त थी। दूर की गाड़ी को गांव पहुंचना था लेकिन उसके पहले ही परिजन गर्भवती को अस्पताल लेकर जा चुके थे। सोना जानकीपुर की गर्भवती को कायमगंज की गाड़ी एलाट हुई थी। वहां भी मरीज ने इंतजार नहीं किया। मरीजों को दिक्कत न हो इसकी पूरी कोशिश रहती है।’ - सौरभ कुमार, प्रोग्राम मैनेजर, सरकारी एंबुलेंस सेवा
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नवाबगंज ब्लॉक के गांव सोना जानकीपुर निवासी अर्चना पत्नी अनित कुमार और नया गनीपुर निवासी रेखा पत्नी अवनीश कुमार ने 28 फरवरी को प्रसव पीड़ा शुरू हुई थी। परिजनों ने सीएचसी ले जाने के लिए 108 एबुलेंस को फोन किया लेकिन एंबलेंस नहीं आई।
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परिवार के लोग निजी वाहनों से सीएचसी ले गए। परिजनों की शिकायत पर सीएमओ वंदना सिंह ने एंबुलेंस के प्रोग्राम मैनेजर सौरभ कुमार को सोमवार को पत्र जारी किया है। इसमें उन्होंने जिम्मेदारों पर तीन दिन के अंदर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
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नया गनीपुर नवाबगंज सीएचसी से काफी नजदीक है। कॉल के वक्त अस्पताल की गाड़ी व्यस्त थी। दूर की गाड़ी को गांव पहुंचना था लेकिन उसके पहले ही परिजन गर्भवती को अस्पताल लेकर जा चुके थे। सोना जानकीपुर की गर्भवती को कायमगंज की गाड़ी एलाट हुई थी। वहां भी मरीज ने इंतजार नहीं किया। मरीजों को दिक्कत न हो इसकी पूरी कोशिश रहती है।’ - सौरभ कुमार, प्रोग्राम मैनेजर, सरकारी एंबुलेंस सेवा