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छह घंटे तक सील रहेगा प्लेटफार्म नंबर एक

Tue, 12 Apr 2022 11:33 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Tue, 12 Apr 2022 11:33 PM IST
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Platform number one will remain sealed for six hours
अयोध्या। उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू के 15 अप्रैल के दौरे को लेकर रेलवे प्रशासन ने तैयारी शुरू कर दी है। उपराष्ट्रपति की प्रेसिडेंशियल ट्रेन बोगी की होगी। इस ट्रेन को प्लेटफार्म नंबर-एक पर लगाया जाएगा।
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ट्रेन से उतरकर वह दिव्यांगों के लिए बने रैंप से होकर स्टेशन परिसर के बाहर निकलेंगे। यहां पर विशेष वाहन से अयोध्या में दर्शन-पूजन के लिए जाएंगे।
उनका आगमन 15 अप्रैल की सुबह 11 बजे व प्रस्थान दोपहर 2:45 बजे होगा। उनके आगमन से करीब दो घंटे पहले प्लेटफार्म नंबर एक को सील कर दिया जाएगा।
इस दौरान आने वाली सभी यात्रियों गाड़ियों को प्लेटफार्म नंबर-तीन पर लगाया जाएगा। करीब छह घंटे तक प्लेटफार्म नंबर एक सील रहेगा। यात्री प्लेटफार्म नंबर-तीन पर आने-जाने के लिए स्टेशन के पूर्वी ओर स्थित रायगंज रेलवे क्रॉसिंग के बगल का रास्ता प्रयोग करेंगे।
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इतनी अवधि के लिए वहां पर एक अस्थाई टिकट काउंटर भी खोला जाएगा। उपराष्ट्रपति के आगमन से पहले सुबह 9 बजे से सुरक्षा की दृष्टि से प्लेटफार्म नंबर एक को सील कर दिया जाएगा। इस दौरान यहां पर सामान्य यात्रियों व आमजन का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा।
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प्रेसिडेंशियल ट्रेन के आसपास सुरक्षाकर्मियों को छोड़ किसी को फटकने नहीं दिया जाएगा। यह प्रतिबंध उपराष्ट्रपति के वाराणसी जाने तक लागू रहेगा।
उनके आगमन से प्रस्थान तक के बीच करीब छह घंटे के दौरान आने जाने वाली गंगा सतलुज, दून व फरक्का एक्सप्रेस समेत आधा दर्जन ट्रेनों को प्लेटफार्म नंबर तीन से गुजारा जाएगा।
इस प्लेटफार्म पर आने जाने के लिए यात्री स्टेशन के पूर्वी रायगंज क्रॉसिंग के बगल से बने रास्तों का इस्तेमाल करेंगे। इस दौरान स्टेशन के मुख्य द्वार पर यात्रियों को घर पहुंचाने के लिए खड़े होने वाले ई रिक्शा व ऑटों आदि को भी प्लेटफार्म नंबर तीन के पास खड़ा कराया जाएगा।
वहीं, सामान्य यात्रियों की सुविधा के लिए प्लेटफार्म नंबर-तीन पर एक अस्थाई टिकट घर भी बनाया जाएगा। उपराष्ट्रपति के अयोध्या दौरे को लेेकर रेलवे प्रशासन द्वारा फाइनल टच दिया जाने लगा है।
इस दौरान हो रहे कार्यों की लखनऊ मंडल के अधिकारी निगरानी कर रहे हैं। बीते दिनों डीआरएम के दौरे के बाद उपराष्ट्रपति को नई बिल्डिंग से बाहर ले जाने का प्लान बनाया गया था, लेकिन नई बिल्डिंग का कार्य पूरा न होने पर इस प्लान को बदल दिया गया है।
अब उपराष्ट्रपति की प्रेसिडेंशियल ट्रेन प्लेटफार्म नंबर एक पर बने बुक स्टाल के सामने रुकेगी। यहां से उतरकर वह दिव्यांगों के लिए बने रैंप के रास्तेे बाहर निकलेंगे।
ध्यान रहे कि इसी रास्ते से होकर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद भी बाहर निकले थे। इस रास्ते को अब सजाया-संवारा जाने लगा है। रैंप के ऊपर खुली जगह को टीन शेड व टेंट के सहारे ढका जा रहा है। इस रास्ते पर गुलाबी कारपेट बिछाई जाएगी।
साथ ही दोनों ओर सुंदर फूलों के गमले रखे जाएंगे। करीब 30 मीटर के इस रास्ते पर गर्मी से बचने के लिए इत्र वाले पंखे का इस्तेमाल किए जाने की भी योजना है।
इसके अलावा स्टेशन के गेट से पार्किंग स्थल की ओर टेंट लगाकर पैक किए जाने की तैयारी की जा रही है। रैंप के सामने ही उपराष्ट्रपति का विशेष वाहन खड़ा रहेगा, यहां से वह अयोध्या दर्शन पूजन को जाएंगे।
उपराष्ट्रपति के स्वागत को यादगार बनाने में रेलवे कोई कोर कसर नहीं छोड़ना चाहता है। उनके स्वागत के लिए करीब दो दर्जन विशेष फूलों के गुलदस्ते का आर्डर दिया जा चुका है। साथ ही करीब 50 क्विंटल फूलों से पुराने व नई स्टेशन की बिल्डिंग को सजाया जाएगा।

स्टेशन के सामने व नई बिल्डिंग के सामने निर्माणाधीन कार्य के सामने टेंट आदि लगाया जा रहा है। प्लेटफार्म नंबर एक पर दिव्यांग रैंप के सामने बड़ी एलईडी लगाए जाने की योजना है। जिसमें अयोध्या में चल रहे कार्य व अन्य प्रोजेक्टों के बारे में दिखाया जाएगा।
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