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दहेज हत्या में पति, देवर व सास-ससुर को उम्रकैद
फैजाबाद
Updated Sat, 19 Aug 2017 11:02 PM IST
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दहेज में सोने की चेन व दस हजार रुपये की मांग पूरी न होने पर जहर खिलाकर विवाहिता की हत्या कर देने के मामलेमें दोषी पति, देवर, सास व ससुर को आजीवन कठोर कारावास की सजा सुनाई गई है। प्रत्येक पर तीन हजार रुपये जुर्माना भी हुआ है। यह फैसला अपर जिलाजज कृष्ण पाल सिंह की कोर्ट से हुआ। मामला कैंट थाने के गद्दौपुर मझवा गांव का है।
एडीजीसी कालिका प्रसाद सिंह ने बताया कि कोतवाली नगर के मोदहा दक्षिणी के मंगल प्रजापति ने अपनी बहन रीता की शादी गद्दौपुर मझवा के राजू उर्फ राजबहादुर प्रजापति के साथ 28 फरवरी 2010 को की थी। शादी में उसने अपनी हैसियत के मुताबिक दान दहेज भी दिया था।
लेकिन शादी के बाद ससुराल वाले अतिरिक्त दहेज की मांग करने लगे। सोने की चेन और दस हजार रुपये की मांग पूरी न होने पर विवाहिता को प्रताड़ित किया। इसकी जानकारी उसने अपने मायके वालों को दी। कई बार समझाने-बुझाने के बाद भी ससुरालवाले नहीं माने और चार माह के अंदर ही 12 जून 2010 को विवाहिता को जहर खिला दिया।
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इसकी सूचना पर पहुंचे मायके वाले उसे लेकर जिला अस्पताल गए जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसकी रिपोर्ट मंगल प्रजापति ने मृतका के पति राजू उर्फ राजबहादुर, देवर बाबूराम, सास गुलनादेवी, ससुर हरीलाल के खिलाफ दहेज हत्या करने की लिखाई थी।
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एडीजीसी कालिका प्रसाद सिंह ने बताया कि कोतवाली नगर के मोदहा दक्षिणी के मंगल प्रजापति ने अपनी बहन रीता की शादी गद्दौपुर मझवा के राजू उर्फ राजबहादुर प्रजापति के साथ 28 फरवरी 2010 को की थी। शादी में उसने अपनी हैसियत के मुताबिक दान दहेज भी दिया था।
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लेकिन शादी के बाद ससुराल वाले अतिरिक्त दहेज की मांग करने लगे। सोने की चेन और दस हजार रुपये की मांग पूरी न होने पर विवाहिता को प्रताड़ित किया। इसकी जानकारी उसने अपने मायके वालों को दी। कई बार समझाने-बुझाने के बाद भी ससुरालवाले नहीं माने और चार माह के अंदर ही 12 जून 2010 को विवाहिता को जहर खिला दिया।
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इसकी सूचना पर पहुंचे मायके वाले उसे लेकर जिला अस्पताल गए जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसकी रिपोर्ट मंगल प्रजापति ने मृतका के पति राजू उर्फ राजबहादुर, देवर बाबूराम, सास गुलनादेवी, ससुर हरीलाल के खिलाफ दहेज हत्या करने की लिखाई थी।