फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ayodhya News ›   सरयू का जलस्तर घटा, तेज हुई कटान

सरयू का जलस्तर घटा, तेज हुई कटान

Thu, 23 Aug 2018 11:06 PM IST
Updated Thu, 23 Aug 2018 11:06 PM IST
विज्ञापन
सरयू का जलस्तर घटा, तेज हुई कटान
सरयू का जलस्तर घटा, तेज हुई कटान
विज्ञापन

फैजाबाद। बैराजों से छोड़े जा रहे पानी की रफ्तार धीमी होने से सरयू के जलस्तर लगातार गिरावट आ रही है, मगर इससे कटान तेज हो गई है। अयोध्या-बिल्हरघाट व रौनाही तटबंध के कछारीय इलाकों में कटान से आबादी और मकान निशाने पर आ गए हैं।

बाढ़ग्रस्त आधा दर्जन से अधिक गांवों में पानी तेजी से कम हुआ है लेकिन परेशानी जस की तस बनी हुई हैं। दो दिनों में सरयू के जलस्तर में 20 सेमी. की गिरावट दर्ज की गई है। गुरुवार शाम चार बजे सरयू का जलस्तर 93.13 मीटर रिकॉर्ड किया गया है।
विज्ञापन


अभी भी सरयू का जलस्तर खतरे के निशान से 40 सेमी. ऊपर है। दूसरी ओर सरयू के घटते जलस्तर के बाद अयोध्या-बिल्हरघाट व रौनाही तटबंध के कछारीय इलाकों में कटान तेज होने का खतरा मंडरा गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


गुरुवार सुबह शारदा बैराज से 1.31 लाख क्यूसेक, गिरजा बैराज से 1.37 लाख क्यूसेक और सरयू बैराज से 177 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। यह बुधवार की अपेक्षा 8 हजार 634 क्यूसेक अधिक है।

हालांकि सिंचाई विभाग की जारी फोरकास्ट के अनुसार अभी शुक्रवार सुबह तक पानी घटने की संभावना बनी हुई है। फिलहाल शाम चार बजे तक सरयू स्थिर बनी हुई है।

जलस्तर घटने से अयोध्या बिल्हरघाट तटबंध के कछार में बसे मांझा बलूईया, मांझा मडना , उरदहवा सहित कई गांवों में कटान का खतरा बना हुआ है। इन गांवों में यदा-कदा कटान भी हो रही है।

साथ ही रौनाही तटबंध के महगू का पुरवा व कैथी मांझा में पानी कम होने के साथ कटान का खतरा बरकरार है। सभी कछारवासी दहशत में हैं। सरयू के घटने के बाद प्रशासन की ओर से तटबंधों की निगरानी तेजकर दी गई है।

बाढ़ कार्य खंड के अधिकारी व कर्मचारी अपने-अपने क्षेत्र पर निगाह बनाए हुए हैं। बाढ़ कार्य खंड, फैजाबाद के अधिशासी अभियंता जेपी यादव ने बताया कि सरयू के जलस्तर दो दिन में 20 सेमी. घट गया है।


अयोध्या-बिल्हरघाट व रौनाही तटबंध के कच्चे घाटों की निगरानी की जा रही है। दोनों तटबंध सुरक्षित हैं। लेकिन कछार में बसे लोगों के लिए कटान का खतरा बढ़ गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed