{"_id":"5dbc68188ebc3e93c8167e2b","slug":"court-order-faizabad-news-lko489860220","type":"story","status":"publish","title_hn":"सपा नेता की हत्या के मामले में तीन की जमानत अर्जी खारिज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सपा नेता की हत्या के मामले में तीन की जमानत अर्जी खारिज
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अयोध्या। महाराजगंज थाना क्षेत्र में सपा नेता अखिलेश यादव की हत्या कर देने के मामले में कोर्ट ने तीन आरोपियों को जमानत पर रिहा करने से इनकार कर दिया है। यह आदेश जिला जज की अदालत से हुआ।
जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी रामकृष्ण तिवारी व वादी मुकदमा राम सागर यादव के अधिवक्ता सईद खान ने बताया कि घटना 15 जुलाई 2019 की है।
वादी घटना वाले दिन शाम 7 बजे अपने घर से मया बाजार जा रहा था। जैसे ही वह कनकपुर स्थित रॉयल फिटनेस जिम के पास पहुंचा तो देखा कि उसके भांजे अखिलेश यादव उर्फ टिक्कू को आदित्य सिंह, अभिषेक सिंह व दो अन्य लोग जिम से खींच कर बाग की तरफ ले जा रहे थे। वह अपने भांजे को बचाने दौड़ा तो आदित्य सिंह व अभिषेक भांजे को गोली मारकर अपने साथियों के साथ असलहा लहराते हुए मोटरसाइकिल से भाग गए।
रामसागर अपने भांजे को सीएचसी मया ले गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस मामले में विवेचना के दौरान पुलकित सिंह उर्फ नितिन सिंह थाना महाराजगंज, करण उर्फ दिग्विजय सिंह निवासी दलपतपुर, योगेंद्र प्रताप सिंह उर्फ शालू का नाम प्रकाश में आया था। सुनवाई के बाद कोर्ट ने तीनों की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
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जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी रामकृष्ण तिवारी व वादी मुकदमा राम सागर यादव के अधिवक्ता सईद खान ने बताया कि घटना 15 जुलाई 2019 की है।
वादी घटना वाले दिन शाम 7 बजे अपने घर से मया बाजार जा रहा था। जैसे ही वह कनकपुर स्थित रॉयल फिटनेस जिम के पास पहुंचा तो देखा कि उसके भांजे अखिलेश यादव उर्फ टिक्कू को आदित्य सिंह, अभिषेक सिंह व दो अन्य लोग जिम से खींच कर बाग की तरफ ले जा रहे थे। वह अपने भांजे को बचाने दौड़ा तो आदित्य सिंह व अभिषेक भांजे को गोली मारकर अपने साथियों के साथ असलहा लहराते हुए मोटरसाइकिल से भाग गए।
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रामसागर अपने भांजे को सीएचसी मया ले गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस मामले में विवेचना के दौरान पुलकित सिंह उर्फ नितिन सिंह थाना महाराजगंज, करण उर्फ दिग्विजय सिंह निवासी दलपतपुर, योगेंद्र प्रताप सिंह उर्फ शालू का नाम प्रकाश में आया था। सुनवाई के बाद कोर्ट ने तीनों की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
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