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Ayodhya News: भाजपा विधायक को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने का आदेश
Thu, 17 Aug 2023 12:13 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Thu, 17 Aug 2023 12:13 AM IST
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अयोध्या। विधानसभा रुदौली के भाजपा विधायक रामचंद्र यादव के खिलाफ चल रहे जानलेवा हमला के मामले में कोर्ट ने विधायक और उनके 14 साथियों को गिरफ्तार कर अदालत में पेश करने का आदेश दिया है।
विधायक के मामले में बुधवार को पेशी होनी थी, लेकिन वह अदालत में उपस्थित नहीं हुए। पुलिस की ओर से कोर्ट को दी गई आख्या में बताया गया कि विधायक व 14 अन्य लोग घर पर नहीं मिले। विधायक अदालत में उपस्थित भी नहीं हुए। मामले में अगली पेशी 19 अगस्त नियत की गई है। यह आदेश विशेष न्यायाधीश एमपी एमएलए कोर्ट अशोक कुमार दुबे की अदालत से हुआ है। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता रोहित पांडेय और अभय वैश्य ने बताया कि 24 अक्तूबर 2012 को दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के समय लोग मूर्तियों का विसर्जन करने मवई थाना क्षेत्र के रेछ घाट ट्रैक्टर ट्राॅली से ले जा रहे थे। अल्हवाना गांव में एक दुर्गा प्रतिमा को खंडित कर दिया गया। इसकी सूचना पर उपद्रव मचा था और तत्कालीन थानाध्यक्ष ने भाजपा विधायक रामचंद्र यादव, कृष्णानंद यादव, चंद्र प्रकाश मौर्या, संतोष कुमार, मिथुन, भीष्म नारायण, श्रवण कुमार, राम धीरज, कुलदीप गुप्ता, कृष्ण बलराम, बबलू मौर्य, लालजीत वर्मा, पप्पू मिश्रा, ओम प्रकाश शर्मा व कृष्ण कुमार तिवारी के खिलाफ अभियोग जानलेवा हमला करने, लोक संपत्ति निवारण अधिनियम तथा 7 क्रिमिनल लॉ अमेंडमेंट एक्ट समेत अन्य धाराओं में दर्ज किया गया था। विवेचना के बाद पुलिस ने सबके खिलाफ बिना गिरफ्तारी किए ही आरोप पत्र अदालत में प्रस्तुत किया था।
अदालत में आरोप पत्र प्रस्तुत होने के बाद संयुक्त निवेश निदेशक अभियोजन ने भाजपा विधायक के खिलाफ चल रहे मुकदमे में अभियोजन वापसी के लिए अर्जी दी थी। इसे अदालत ने नामंजूर कर उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था। विधायक रामचंद्र यादव ने उच्च न्यायालय में याचिका दाखिल की थी। सुनवाई के बाद उच्च न्यायालय की लखनऊ खंडपीठ में एमपी-एमएलए कोर्ट की कार्यवाही पर रोक लगा दी। इसमें रोक निश्चित तिथि के लिए थी, उस तिथि पर स्थगन आदेश आगे नहीं बढ़ाया गया। इस पर कोर्ट ने विधायक समेत अन्य लोगों के खिलाफ जमानतीय वारंट जारी किया किया था। वारंट का तामीला करने गई पुलिस को भाजपा विधायक रामचंद्र यादव तथा अन्य 14 लोग घर पर नहीं मिले। यह आख्या पुलिस ने अदालत में प्रस्तुत की। इस पर अदालत ने सबको गिरफ्तार करके पेश करने का आदेश दिया है। संवाद
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विधायक के मामले में बुधवार को पेशी होनी थी, लेकिन वह अदालत में उपस्थित नहीं हुए। पुलिस की ओर से कोर्ट को दी गई आख्या में बताया गया कि विधायक व 14 अन्य लोग घर पर नहीं मिले। विधायक अदालत में उपस्थित भी नहीं हुए। मामले में अगली पेशी 19 अगस्त नियत की गई है। यह आदेश विशेष न्यायाधीश एमपी एमएलए कोर्ट अशोक कुमार दुबे की अदालत से हुआ है। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता रोहित पांडेय और अभय वैश्य ने बताया कि 24 अक्तूबर 2012 को दुर्गा प्रतिमा विसर्जन के समय लोग मूर्तियों का विसर्जन करने मवई थाना क्षेत्र के रेछ घाट ट्रैक्टर ट्राॅली से ले जा रहे थे। अल्हवाना गांव में एक दुर्गा प्रतिमा को खंडित कर दिया गया। इसकी सूचना पर उपद्रव मचा था और तत्कालीन थानाध्यक्ष ने भाजपा विधायक रामचंद्र यादव, कृष्णानंद यादव, चंद्र प्रकाश मौर्या, संतोष कुमार, मिथुन, भीष्म नारायण, श्रवण कुमार, राम धीरज, कुलदीप गुप्ता, कृष्ण बलराम, बबलू मौर्य, लालजीत वर्मा, पप्पू मिश्रा, ओम प्रकाश शर्मा व कृष्ण कुमार तिवारी के खिलाफ अभियोग जानलेवा हमला करने, लोक संपत्ति निवारण अधिनियम तथा 7 क्रिमिनल लॉ अमेंडमेंट एक्ट समेत अन्य धाराओं में दर्ज किया गया था। विवेचना के बाद पुलिस ने सबके खिलाफ बिना गिरफ्तारी किए ही आरोप पत्र अदालत में प्रस्तुत किया था।
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अदालत में आरोप पत्र प्रस्तुत होने के बाद संयुक्त निवेश निदेशक अभियोजन ने भाजपा विधायक के खिलाफ चल रहे मुकदमे में अभियोजन वापसी के लिए अर्जी दी थी। इसे अदालत ने नामंजूर कर उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था। विधायक रामचंद्र यादव ने उच्च न्यायालय में याचिका दाखिल की थी। सुनवाई के बाद उच्च न्यायालय की लखनऊ खंडपीठ में एमपी-एमएलए कोर्ट की कार्यवाही पर रोक लगा दी। इसमें रोक निश्चित तिथि के लिए थी, उस तिथि पर स्थगन आदेश आगे नहीं बढ़ाया गया। इस पर कोर्ट ने विधायक समेत अन्य लोगों के खिलाफ जमानतीय वारंट जारी किया किया था। वारंट का तामीला करने गई पुलिस को भाजपा विधायक रामचंद्र यादव तथा अन्य 14 लोग घर पर नहीं मिले। यह आख्या पुलिस ने अदालत में प्रस्तुत की। इस पर अदालत ने सबको गिरफ्तार करके पेश करने का आदेश दिया है। संवाद
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