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5 जी टेक्नोलॉजी इंडस्ट्री के आवश्यक व उपयोगी: एटी किशोर
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5 जी टेक्नोलॉजी इंडस्ट्री के लिए उपयोगी
अयोध्या। डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के आईईटी संस्थान एवं एआईटी बंगलूरू के संयुक्त संयोजन में ‘5-जी इंडस्ट्रियल इंटरनेट ऑफ थिंग्स’ विषय पर एक सप्ताह से चल रही कार्यशाला का समापन शनिवार को हो गया।
कार्यशाला के समापन पर मुख्य वक्ता फ्लाइट लेफ्टिनेंट एटी किशोर ने इंटरनेट ऑफ थिंग्स के विभिन्न उपयोग में आने वाले आवश्यक प्लेटफार्म पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इंडस्ट्री के लिए टेक्नोलॉजी बहुत ही आवश्यक एवं उपयोगी है।
वर्तमान समय में जो इंडस्ट्री आधुनिक टेक्नोलॉजी से युक्त है। वो दिनोंदिन ऊंचाइयों की ओर अग्रसर है। उन्होंने बताया कि यदि इंडस्ट्रीज ने बदलते तकनीक के साथ अपग्रेड नहीं किया तो वे बंद हो जायेंगी।
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विशेषज्ञ के रूप में आईआईटी जोधपुर के डॉ. अनिल कुमार तिवारी ने प्रतिभागियों को लॉसलेस इमेज एंड वीडियो कंप्रेशन मेथड्स पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वीडियो कंप्रेशन तकनीक में शोध की असीम संभावनाएं हैं।
आईआईटी काशी हिंदू विश्वविद्यालय यूनिवर्सिटी के डॉ. एनएस राजपूत ने इंटरनेट ऑफ थिग्स विषय पर प्रकाश डालते हुए बताया कि 5-जी नेटवर्क पूरे भारत में स्थापित हो जाये तो सरकार की महत्वाकांक्षी योजनायें स्वच्छ भारत योजना, नमामि गंगे आदि का क्रियान्वयन बहुत ही आसान हो जायेगा।
इं. समृद्धि ने बताया कि एक सप्ताह तक चलने वाली कार्यशाला में जम्मू कश्मीर, राजस्थान, मध्य प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़ एवं पश्चिम बंगाल सहित अन्य प्रदेशों के विभिन्न इंजीनियरिंग संस्थानों से 178 प्रतिभागियों ने प्रतिभाग किया है। कार्यक्रम का संचालन इं. परिमल तिवारी द्वारा किया गया।
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अयोध्या। डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के आईईटी संस्थान एवं एआईटी बंगलूरू के संयुक्त संयोजन में ‘5-जी इंडस्ट्रियल इंटरनेट ऑफ थिंग्स’ विषय पर एक सप्ताह से चल रही कार्यशाला का समापन शनिवार को हो गया।
कार्यशाला के समापन पर मुख्य वक्ता फ्लाइट लेफ्टिनेंट एटी किशोर ने इंटरनेट ऑफ थिंग्स के विभिन्न उपयोग में आने वाले आवश्यक प्लेटफार्म पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इंडस्ट्री के लिए टेक्नोलॉजी बहुत ही आवश्यक एवं उपयोगी है।
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वर्तमान समय में जो इंडस्ट्री आधुनिक टेक्नोलॉजी से युक्त है। वो दिनोंदिन ऊंचाइयों की ओर अग्रसर है। उन्होंने बताया कि यदि इंडस्ट्रीज ने बदलते तकनीक के साथ अपग्रेड नहीं किया तो वे बंद हो जायेंगी।
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विशेषज्ञ के रूप में आईआईटी जोधपुर के डॉ. अनिल कुमार तिवारी ने प्रतिभागियों को लॉसलेस इमेज एंड वीडियो कंप्रेशन मेथड्स पर विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वीडियो कंप्रेशन तकनीक में शोध की असीम संभावनाएं हैं।
आईआईटी काशी हिंदू विश्वविद्यालय यूनिवर्सिटी के डॉ. एनएस राजपूत ने इंटरनेट ऑफ थिग्स विषय पर प्रकाश डालते हुए बताया कि 5-जी नेटवर्क पूरे भारत में स्थापित हो जाये तो सरकार की महत्वाकांक्षी योजनायें स्वच्छ भारत योजना, नमामि गंगे आदि का क्रियान्वयन बहुत ही आसान हो जायेगा।
इं. समृद्धि ने बताया कि एक सप्ताह तक चलने वाली कार्यशाला में जम्मू कश्मीर, राजस्थान, मध्य प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़ एवं पश्चिम बंगाल सहित अन्य प्रदेशों के विभिन्न इंजीनियरिंग संस्थानों से 178 प्रतिभागियों ने प्रतिभाग किया है। कार्यक्रम का संचालन इं. परिमल तिवारी द्वारा किया गया।