{"_id":"58ea72964f1c1bf8335b8320","slug":"sugar-mill-did-not-get-farmers-demanded-land-back","type":"story","status":"publish","title_hn":"चीनी मिल बनी नहीं, किसानों ने वापस मांगी जमीन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चीनी मिल बनी नहीं, किसानों ने वापस मांगी जमीन
अमर उजाला ब्यूरो,इटावा
Updated Sun, 09 Apr 2017 11:12 PM IST
विज्ञापन
भाजपा नेता बृजवीर को ज्ञापन सौंपते किसान।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बीना।
सैफई विकास खंड क्षेत्र के परासना गांव में प्रस्तावित चीनी मिल का निर्माण शुरू न होने से किसानों में भारी रोष है। सपा सरकार में किसानों से चीनी मिल के नाम पर जमीन ले ली गई। दस साल बीतने के बाद भी चीनी मिल का निर्माण शुरू नहीं हो सका। अपनी जमीन दे चुके किसान अब ठगा महसूस कर रहे हैं।
रविवार को किसानों ने प्रदर्शन कर भाजपा नेता बृजवीर सिंह यादव उर्फ लाला को ज्ञापन सौंपकर न्याय मांगा।
किसानों ने बताया कि वह इस मामले में सीएम आदित्यनाथ योगी से भी मिलेंगे। वर्ष 2006 में तत्कालीन सरकार ने परासना गांव में चीनी मिल के निर्माण की योजना तैयार की थी। चीनी मिल के नाम पर मधैयापुरा के किसानों से जमीन ले ली गई। इतना समय बीतने के बाद जब चीनी मिल का निर्माण शुरू नहीं हुआ तो किसानों ने जमीन वापस मांगनी शुरू कर दी।
किसानों का कहना है कि या तो चीनी मिल का निर्माण हो अथवा उनकी जमीन वापस की जाए। इस मुद्दे को लेकर किसान आरपार का आंदोलन करेंगे। रविवार सुबह किसानों ने धरना प्रदर्शन किया। इस मौके पर किसान भानू प्रताप, पप्पू , नेम सिंह, राजू यादव, सियाराम यादव, मिलाप सिंह, रामसनेही जाटव, रामचंद्र जाटव, सुनील जाटव समेत 150 किसानों ने जमीन वापस देने की मांग की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सैफई विकास खंड क्षेत्र के परासना गांव में प्रस्तावित चीनी मिल का निर्माण शुरू न होने से किसानों में भारी रोष है। सपा सरकार में किसानों से चीनी मिल के नाम पर जमीन ले ली गई। दस साल बीतने के बाद भी चीनी मिल का निर्माण शुरू नहीं हो सका। अपनी जमीन दे चुके किसान अब ठगा महसूस कर रहे हैं।
रविवार को किसानों ने प्रदर्शन कर भाजपा नेता बृजवीर सिंह यादव उर्फ लाला को ज्ञापन सौंपकर न्याय मांगा।
किसानों ने बताया कि वह इस मामले में सीएम आदित्यनाथ योगी से भी मिलेंगे। वर्ष 2006 में तत्कालीन सरकार ने परासना गांव में चीनी मिल के निर्माण की योजना तैयार की थी। चीनी मिल के नाम पर मधैयापुरा के किसानों से जमीन ले ली गई। इतना समय बीतने के बाद जब चीनी मिल का निर्माण शुरू नहीं हुआ तो किसानों ने जमीन वापस मांगनी शुरू कर दी।
विज्ञापन
किसानों का कहना है कि या तो चीनी मिल का निर्माण हो अथवा उनकी जमीन वापस की जाए। इस मुद्दे को लेकर किसान आरपार का आंदोलन करेंगे। रविवार सुबह किसानों ने धरना प्रदर्शन किया। इस मौके पर किसान भानू प्रताप, पप्पू , नेम सिंह, राजू यादव, सियाराम यादव, मिलाप सिंह, रामसनेही जाटव, रामचंद्र जाटव, सुनील जाटव समेत 150 किसानों ने जमीन वापस देने की मांग की है।
विज्ञापन