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सांस नली में खाना फंसने से हुई छात्र रवि की मौत
अमर उजाला ब्यूरो, इटावा
Updated Tue, 09 Feb 2016 11:41 PM IST
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आश्रम पद्धति आवासीय कालेज कांधनी में चौथी कक्षा के छात्र रवि की मौत सांस नली में रुकावट आने से हुई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की यही वजह आई है, रिपोर्ट में रवि की सांस नली में पेट का पचा हुआ खाना फंसा पाए जाने का जिक्र है।
वहीं, जिला अस्पताल में भर्ती कालेज के अन्य छह छात्रों का दूसरे दिन भी इलाज चलता रहा। डॉक्टरों के मुताबिक फूड प्वायजनिंग जैसी कोई बात सामने नहीं आई है। उधर, जिला प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मंगलवार को बाकी छात्रों का कालेज में ही स्वास्थ्य परीक्षण कराया।
उधर, रवि की मौत पर मंगलवार को सुबह शोक सभा के बाद कालेज में छुट्टी कर दी गई। आश्रम पद्धति आवासीय कालेज कांधनी में चौथी कक्षा के छात्र रवि की सोमवार को सुबह संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। शाम को कालेज के छह छात्र और बीमार हो गए, जिन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
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पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत की वजह साफ हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में रवि की सांस नली पचे हुए खाने से बंद पाई गई। डॉक्टरों ने संभावना जताई कि उल्टी आने से किसी तरह से पेट का खाना उसकी सांस नली में चला गया, जिससे सांस न ले पाने से उसकी मौत हो गई।
मालूम हो कि कालेज प्रशासन भी लगातार यही बात बता रहा था कि छात्र रवि को अचानक उल्टी आई और बिस्तर खराब हो जाने की डर से छात्र ने मुंह पर हाथ लगा लिया, जिसके बाद ही उसकी हालत बिगड़ी और सांसे थम गई थीं।
वहीं, सोमवार की शाम जिला अस्पताल में भर्ती कराए गए कालेज के अन्य छह छात्रों का दूसरे दिन भी इलाज जारी रहा। इलाज कर रहे बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. बीएस अग्निहोत्री का कहना है कि एक छात्र के मम्स फूले हुए हैं तो दो वायरल फीवर से पीड़ित हैं, तीन अन्य बच्चों में पेट दर्द की शिकायत पाई गई है जो सर्दी लगने से उनको हुआ है।
उन्होंने फूड प्वायजनिंग से इंकार किया है। उधर, जिला प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। मंगलवार को उपजिलाधिकारी सदर महेंद्र कुमार सिंह ने कालेज पहुंचकर छात्रों से सुविधाओं के संबंध में जानकारी हासिल की। साथ ही बाकी बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण कराया।
उधर, जिला अस्पताल में भर्ती छात्र हर्षित दुबे की मां प्रीती दुबे का कहना है कि एक साथ कई बच्चों को उल्टी व पेट दर्द की शिकायत होना साधारण बात नहीं। जिला प्रशासन को इसकी जांच करानी चाहिए।
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वहीं, जिला अस्पताल में भर्ती कालेज के अन्य छह छात्रों का दूसरे दिन भी इलाज चलता रहा। डॉक्टरों के मुताबिक फूड प्वायजनिंग जैसी कोई बात सामने नहीं आई है। उधर, जिला प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मंगलवार को बाकी छात्रों का कालेज में ही स्वास्थ्य परीक्षण कराया।
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उधर, रवि की मौत पर मंगलवार को सुबह शोक सभा के बाद कालेज में छुट्टी कर दी गई। आश्रम पद्धति आवासीय कालेज कांधनी में चौथी कक्षा के छात्र रवि की सोमवार को सुबह संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। शाम को कालेज के छह छात्र और बीमार हो गए, जिन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
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पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत की वजह साफ हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में रवि की सांस नली पचे हुए खाने से बंद पाई गई। डॉक्टरों ने संभावना जताई कि उल्टी आने से किसी तरह से पेट का खाना उसकी सांस नली में चला गया, जिससे सांस न ले पाने से उसकी मौत हो गई।
मालूम हो कि कालेज प्रशासन भी लगातार यही बात बता रहा था कि छात्र रवि को अचानक उल्टी आई और बिस्तर खराब हो जाने की डर से छात्र ने मुंह पर हाथ लगा लिया, जिसके बाद ही उसकी हालत बिगड़ी और सांसे थम गई थीं।
वहीं, सोमवार की शाम जिला अस्पताल में भर्ती कराए गए कालेज के अन्य छह छात्रों का दूसरे दिन भी इलाज जारी रहा। इलाज कर रहे बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. बीएस अग्निहोत्री का कहना है कि एक छात्र के मम्स फूले हुए हैं तो दो वायरल फीवर से पीड़ित हैं, तीन अन्य बच्चों में पेट दर्द की शिकायत पाई गई है जो सर्दी लगने से उनको हुआ है।
उन्होंने फूड प्वायजनिंग से इंकार किया है। उधर, जिला प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। मंगलवार को उपजिलाधिकारी सदर महेंद्र कुमार सिंह ने कालेज पहुंचकर छात्रों से सुविधाओं के संबंध में जानकारी हासिल की। साथ ही बाकी बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण कराया।
उधर, जिला अस्पताल में भर्ती छात्र हर्षित दुबे की मां प्रीती दुबे का कहना है कि एक साथ कई बच्चों को उल्टी व पेट दर्द की शिकायत होना साधारण बात नहीं। जिला प्रशासन को इसकी जांच करानी चाहिए।