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बरबाद फसल के सदमे से किसान की मौत
ब्यूरो/अमर उजाला, इटावा
Updated Thu, 09 Apr 2015 12:03 AM IST
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ऊसराहार थाना क्षेत्र के गांव बरसेड़ा में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से तबाह हुई गेहूं की फसल का सदमा एक किसान बर्दाश्त नहीं कर सका। थ्रेसिंग के दौरान कम गेहूं निकलता देख किसान गश खाकर जमीन पर गिर पड़ा और उसकी मौत हो गई।
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बरसेड़ा गांव निवासी विजय सिंह (60) ने अपने खेतों में गेहूं की फसल बोई थी। बुधवार को उसके खेत में पड़े 35 गट्ठर की थ्रेसिंग परिवार के लोग करा रहे थे। विजय सिंह भी खेतों पर पहुंच गए। गट्ठरों से गेहूं की कम मात्रा देख विजय सिंह विचलित हो गए और सिर पकड़कर वहीं बैठ गए।
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परिजनों ने उन्हें समझाने की कोशिश की कि अगली बार फसल अच्छी होगी। विजय सिंह अपनी बेटी प्रीति की शादी की दुहाई देते हुए रोने लगे और गश खाकर खेत में गिर पड़े। जब तक परिजन उन्हें अस्पताल पहुंचे तब तक उनकी मौत हो गई।
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विजय सिंह के पुत्र सर्वेश ने बताया कि 15 दिन पहले हुई बारिश से उसकी गेहूं की फसल पूरी तरह से जमीन पर गिर पड़ी थी। फसल की बर्बादी देख पिता तभी से विचलित थे। जब थ्रेसिंग हुई तो कम गेहूं निकलता देख वह सदमा बर्दाश्त नहीं कर सके और उनकी मौत हो गई। उन्होंने बताया कि अभी तक उन्हें फसल का मुआवजा भी नहीं मिला है।