{"_id":"c010c7ef52ea4c1c5d7660224eb82164","slug":"saksham-kidnepping-case-police-search-super-boss-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सक्षम अपहरण कांडः पुलिस को सुपर बॉस की तलाश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सक्षम अपहरण कांडः पुलिस को सुपर बॉस की तलाश
अमर उजाला ब्यूरो, इटावा
Updated Sat, 31 Oct 2015 11:18 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सक्षम अपहरणकांड की गुत्थी यूं तो सुलझ गई है परंतु
विज्ञापन
कुछ अनसुलझे सवाल पुलिस के लिए भी चुनौती बने हुए हैं। जिसमें सबसे बड़ा
सवाल ये है की ढाई करोड़ की फिरौती मांगने वाले अपहरणकर्ता अकेले नहीं हैं।
बिना किसी संरक्षण के इतना बड़ा गैंग आपरेट करना नए अपराधियों के लिए संभव
नहीं होता।
पुलिस का भी मानना है कि इसमें कहीं ने कहीं सुपर बॉस की भूमिका में जरूर कोई न कोई है। थाना प्रभारी ने बताया की जांच में अगर कुछ नई बातें समाने आती हैं तो उस पर भी कार्रवाई की जाएगी। भरथना के सर्राफा व्यवसायी अवधेश वर्मा के नौ वर्षीय पुत्र सक्षम अपहरणकर्ताओं के बीच गुजारे 12 दिनों के बारे में बताते हुए रोने लगता है।
मासूम को अपहरणकर्ताओं ने बीड़ी/सिगरेट से भी दागा था। सक्षम ने बताया कि जब उसे सुबह शाम ही खाना दिया जाता था। उसके बाद उसे काले रंग के रेपर में कोई छोटी सी गोली खिलाई जाती थी, जिससे थोड़ी ही देर में उसे नींद आ जाती थी। सक्षम का कहना है कि उसे जिस घर में रखा गया था वहां एक महिला तथा दो लड़कियां भी थी।
पुलिस ने अभी तक उन महिलाओं के नाम उजागर नहीं किए हैं। नागरिकों का कहना है कि अपराधियों और अपराधों को संरक्षण देने वाली इन महिलाओं को भी जेल की सलाखों के पीछे होना चाहिए। सर्राफा व्यवसायी अवधेश वर्मा का पड़ोसी अमित कौशल उर्फ डिंकू को इस घटना का मास्टर माइंड माना जा रहा है।
डिंकू ने ही सक्षम के अपहरण की योजना बनाई। घर के बाहर साइकिल से घूम रहे सक्षम को डिंकू ने ही समोसा देकर मारुति वैन में बैठे लोगों को देने के लिए कहा था। मारुति वैन में ही बाकी अपराधी बैठे थे। जैसे ही सक्षम समौसा देने के लिए वैन के पास गया, बदमाशों ने उसे खींच लिया।
वैन सवार बदमाश सक्षम को लेकर चले गए और अमित कौशल ने शाम होने तक वहीं आसपास साइकिल छुपा दी। रात होने के बाद अपने घर के ऊपर बने कमरे में साइकिल को छिपा दिया। पुलिस ने डिंकू के घर से साइकिल के साथ ही अपहरण में प्रयोग की गई मारुति को भी बरामद कर लिया है।
पुलिस का भी मानना है कि इसमें कहीं ने कहीं सुपर बॉस की भूमिका में जरूर कोई न कोई है। थाना प्रभारी ने बताया की जांच में अगर कुछ नई बातें समाने आती हैं तो उस पर भी कार्रवाई की जाएगी। भरथना के सर्राफा व्यवसायी अवधेश वर्मा के नौ वर्षीय पुत्र सक्षम अपहरणकर्ताओं के बीच गुजारे 12 दिनों के बारे में बताते हुए रोने लगता है।
मासूम को अपहरणकर्ताओं ने बीड़ी/सिगरेट से भी दागा था। सक्षम ने बताया कि जब उसे सुबह शाम ही खाना दिया जाता था। उसके बाद उसे काले रंग के रेपर में कोई छोटी सी गोली खिलाई जाती थी, जिससे थोड़ी ही देर में उसे नींद आ जाती थी। सक्षम का कहना है कि उसे जिस घर में रखा गया था वहां एक महिला तथा दो लड़कियां भी थी।
पुलिस ने अभी तक उन महिलाओं के नाम उजागर नहीं किए हैं। नागरिकों का कहना है कि अपराधियों और अपराधों को संरक्षण देने वाली इन महिलाओं को भी जेल की सलाखों के पीछे होना चाहिए। सर्राफा व्यवसायी अवधेश वर्मा का पड़ोसी अमित कौशल उर्फ डिंकू को इस घटना का मास्टर माइंड माना जा रहा है।
डिंकू ने ही सक्षम के अपहरण की योजना बनाई। घर के बाहर साइकिल से घूम रहे सक्षम को डिंकू ने ही समोसा देकर मारुति वैन में बैठे लोगों को देने के लिए कहा था। मारुति वैन में ही बाकी अपराधी बैठे थे। जैसे ही सक्षम समौसा देने के लिए वैन के पास गया, बदमाशों ने उसे खींच लिया।
वैन सवार बदमाश सक्षम को लेकर चले गए और अमित कौशल ने शाम होने तक वहीं आसपास साइकिल छुपा दी। रात होने के बाद अपने घर के ऊपर बने कमरे में साइकिल को छिपा दिया। पुलिस ने डिंकू के घर से साइकिल के साथ ही अपहरण में प्रयोग की गई मारुति को भी बरामद कर लिया है।