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अब खाद की किल्लत ने किसानों को किया परेशान
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निबाड़ीकला। आलू और सरसों की बुआई के लिए किसानों को डीएपी की जरूरत है लेकिन सहकारी समिति में इसका अभाव है। इसके कारण किसान परेशान हैं। किसान 10 से 15 किलोमीटर दूर समितियों के चक्कर लगाने पर मजबूर हैं। हाल ये है कि जब तक नंबर आता है तब खाद ही खत्म हो जाती है।
सहकारी समिति उरेंग पर डीएपी खाद की बिक्री शनिवार तक चली, लेकिन सोमवार को खाद खत्म हो गई। केंद्र प्रभारी सतीश शुक्ला ने बताया कि अभी खाद खत्म हो गई है। डिमांड भेज दी है। एक दो दिन में फिर से खाद उपलब्ध हो जाएगी। सहकारी संघ निबाड़ीकला में खाद की बिक्री बंद मिली।
सहकारी समिति मुकुटपुर पर डीएपी लेने पहुंचे बहेड़ा के किसान शैलेंद्र कुमार ने बताया कि वह आलू की बुआई के लिए खाद लेने आए हैं। बताया कि
मुकुटपुर समिति पर डीएपी खरीद रहे जगमोहनपुर गांव के किसान बलबीर सिंह ने बताया कि न तो अहेरीपुर समिति में खाद है और न ही आसपास की दूसरी समितियों में।
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सहकारी समिति उरेंग पर डीएपी खाद की बिक्री शनिवार तक चली, लेकिन सोमवार को खाद खत्म हो गई। केंद्र प्रभारी सतीश शुक्ला ने बताया कि अभी खाद खत्म हो गई है। डिमांड भेज दी है। एक दो दिन में फिर से खाद उपलब्ध हो जाएगी। सहकारी संघ निबाड़ीकला में खाद की बिक्री बंद मिली।
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सहकारी समिति मुकुटपुर पर डीएपी लेने पहुंचे बहेड़ा के किसान शैलेंद्र कुमार ने बताया कि वह आलू की बुआई के लिए खाद लेने आए हैं। बताया कि
मुकुटपुर समिति पर डीएपी खरीद रहे जगमोहनपुर गांव के किसान बलबीर सिंह ने बताया कि न तो अहेरीपुर समिति में खाद है और न ही आसपास की दूसरी समितियों में।