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शहर के आधे से अधिक मकान अवैध

Tue, 11 Feb 2020 11:57 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 11 Feb 2020 11:57 PM IST
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etawah news
इटावा। शहर में बने आधे से अधिक मकान अवैध हैं, क्योंकि इन मकानों के नक्शे विनियमित क्षेत्र से मंजूर नहीं कराए गए हैं।
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बिना नक्शा स्वीकृत इटावा नगर पालिका और आसपास के 30 गांव विनियमित क्षेत्र में आते हैं। इस क्षेत्र में बनने वाले भवनों का विनियमित क्षेत्र में नक्शा पास होना जरूरी है। बिना नक्शा के बनाया गया मकान अवैध माना जाता है। विनियमित क्षेत्र ने 1987 से काम कर रहा है। इसके पहले शहर के भवनों के नक्शे स्वीकृत करने की जिम्मेदारी नगर निकाय की थी। इसके पहले लगभग 15 हजार मकान ही शहर में थे। वर्ष 1990 के बाद इटावा शहर का विस्तार तेजी से हुआ, यानी विनियमित क्षेत्र बनने के बाद ही भवन निर्माण तेजी से शुरू हुआ। नगर पालिका ने वर्ष 2017 में आवासों का सर्वे कराया था। उसे सर्वे में 47000 आवास निकले थे। इस आंकड़े से स्पष्ट है कि नगर पालिका की सीमा में वर्ष 1987 के बाद लगभग 32000 भवनों का निर्माण हुआ है। किंतु विनियमित क्षेत्र में लगभग आठ हजार नक्शे ही स्वीकृत हुए हैं। यानी लगभग 24000 मकानों के नक्शे नहीं बनवाए गए हैं। ये मकान पूरी तरह अवैध हैं।
ऐसे पास होता है नक्शा
भवन का नक्शा आर्किटेक्चर से बनवाकर विनियमित क्षेत्र के कलक्ट्रेट स्थिति जेई को देना होता है। अगर प्लाट 100 वर्ग मीटर का है तो 15 रुपये प्रति वर्ग मीटर विकास शुल्क और कुल विकास शुल्क का 5 प्रतिशत मलबा शुल्क जमा कर नक्शा स्वीकृत कराया जा सकता है। अगर भवन 100 से 300 वर्ग मीटर में बना है तो 30 रुपये प्रति वर्ग मीटर के हिसाब से विकास शुल्क देना होता है। भवन निर्माण के बाद भी नक्शा स्वीकृत कराने का नियम है। निर्माण के बाद कंपांड शुल्क अतिरिक्त देना होता है। अगर भवन का कोई हिस्सा नक्शे से अतिरिक्त है तो उसे नक्शे में शामिल कराना जरूरी है।
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इनसेट
क्यों जरूरी है भवन का नक्शा
अगर आपके भवन का नक्शा नहीं बना है तो कोई भी बीमा कंपनी भवन का बीमा नहीं करेगी। इसके अलावा अगर कभी मकान किसी कारण से अधिग्रहण क्षेत्र में आया तो उसका मुआवजा प्लाट या खेत का ही मिलेगा। क्योंकि भवन का नक्शा स्वीकृत नहीं है, यानी भवन अवैध है। बिना नक्शा वाले भवन पर कोई भी बैंक किसी तरह का ऋण भी नहीं देता है। यानी लाखों रुपये का बना आपका मकान कुछ हजार रुपये का नक्शा स्वीकृत न होने से अवैध गिना जाता है।
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एकता कॉलोनी, पक्काबाग से एक भी नक्शा स्वीकृत नहीं
शहर की एकता कॉलोनी, पीएसी के सामने वाली कॉलोनियां, पक्का बाग से मानिकपुर मोड़ तक हाईवे किनारे 200 मीटर तक के क्षेत्र को जनवरी में आवासीय घोषित कर दिया गया है। इन क्षेत्रों में 10 हजार से अधिक मकान बने हैं, इनमें सरकारी भवनों का छोड़कर किसी का भी नक्शा स्वीकृत नहीं है। आवासीय घोषित हुए लगभग एक महीना बीत चुका है लेकिन कोई भी भवन स्वामी नक्शास्वीकृत कराने नहीं आया है।

किस वर्ष कितने नक्शे पास
वर्ष स्वीकृत नक्शे
2015 286
2016 236
2017 203
2018 242
2019 173
वर्जन
हमारे यहां स्टाफ बहुत कम है, इससे मोहल्लों मेें जाकर शिविर नहीं लगाए जा सकते हैं। अवैध निर्माण की जांच के लिए समय समय पर जांच की जाती है। जो भी नक्शे आते हैं उन्हें नियमानुसार शुल्क लेकर स्वीकृत दी जाती है। विकास शुल्क समय-समय पर बढ़ता रहता है। अभी नक्शा स्वीकृत कराने में लोगों की बचत है अगर अगली बैठक में विकास शुल्क बढ़ा दिया गया तो नए मानक से देना होगा। बुधवार और गुरुवार को छोड़कर किसी किसी भी कार्य दिवस में नक्शा स्वीकृत कराया जा सकता है।
- ओमकार सिंह, जेई विनियमित क्षेत्र
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