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सेनानी के परिजनों को नहीं मिल रहा सम्मान
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फोटो संख्या 09- उपेक्षा से आहत स्वतंत्रता सेनानी वारिस परिवार के सदस्य ज्ञापन देने पहुंचे
- फोटो : ETAWAH
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इटावा। स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के उत्तराधिकारियों एवं परिजनों की उपेक्षा की जा रही है। यह आरोप लगाते हुए सोमवार को सेनानी परिजनों ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट उमेश कुमार मिश्रा को सौंपा।
राष्ट्रीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी परिवार के प्रदेश महासचिव एवं कानपुर मंडल प्रभारी आकाशदीप जैन बेटू के नेतृत्व में दिए गए ज्ञापन में कहा कि मार्च 2020 से अमृत महोत्सव आरंभ हुआ है। आज भी जिले स्तर पर अगस्त क्रांति के आयोजन होते हैं।
जिसमें स्वतंत्रता सेनानियों के परिजनों को न ही आमंत्रित किया गया और न ही स्वतंत्रता संग्राम सेनानी अमिनमेंट कमेटी में किसी भी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के वारिस को सम्मिलित किया है।
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ज्ञापन में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी कल्याण परिषद का दोबारा गठन करने, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रितों को पंजाब, उत्तराखंड राज्यों की भांति सुविधाएं मुहैया कराने, आश्रितों की श्रेणियों में प्रपौत्र एवं प्रपौत्री को शामिल किए जाने और प्रदेश सरकार की जन हितार्थ योजनाओं में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के उत्तराधिकारियों को वरीयता प्रदान की जाए।
ज्ञापन देने वालों में निर्मल चंद्र गुप्ता, सुभाष सक्सेना, छाया भदौरिया, योगेंद्र दीक्षित, इकबाल हाशमी, वीर सिंह, आनंद कुमार यादव, अजय पाल सिंह, श्यामल दास गुप्ता, राम लखन यादव, दिनेश सिंह, राघव सिंह यादव, राम लखन चौधरी, प्रेमबाबू गुप्ता आदि मौजूद रहे।
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राष्ट्रीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी परिवार के प्रदेश महासचिव एवं कानपुर मंडल प्रभारी आकाशदीप जैन बेटू के नेतृत्व में दिए गए ज्ञापन में कहा कि मार्च 2020 से अमृत महोत्सव आरंभ हुआ है। आज भी जिले स्तर पर अगस्त क्रांति के आयोजन होते हैं।
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जिसमें स्वतंत्रता सेनानियों के परिजनों को न ही आमंत्रित किया गया और न ही स्वतंत्रता संग्राम सेनानी अमिनमेंट कमेटी में किसी भी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के वारिस को सम्मिलित किया है।
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ज्ञापन में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी कल्याण परिषद का दोबारा गठन करने, स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रितों को पंजाब, उत्तराखंड राज्यों की भांति सुविधाएं मुहैया कराने, आश्रितों की श्रेणियों में प्रपौत्र एवं प्रपौत्री को शामिल किए जाने और प्रदेश सरकार की जन हितार्थ योजनाओं में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के उत्तराधिकारियों को वरीयता प्रदान की जाए।
ज्ञापन देने वालों में निर्मल चंद्र गुप्ता, सुभाष सक्सेना, छाया भदौरिया, योगेंद्र दीक्षित, इकबाल हाशमी, वीर सिंह, आनंद कुमार यादव, अजय पाल सिंह, श्यामल दास गुप्ता, राम लखन यादव, दिनेश सिंह, राघव सिंह यादव, राम लखन चौधरी, प्रेमबाबू गुप्ता आदि मौजूद रहे।