{"_id":"626c2743224c25470e5fa400","slug":"civic-etawah-news-knp6940295200","type":"story","status":"publish","title_hn":"मांग बढ़ने पर दगा दे रही बिजली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मांग बढ़ने पर दगा दे रही बिजली
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इटावा। गर्मी के साथ बिजली संकट भी बढ़ता जा रहा है। बिजली की मांग बढ़ने से फाल्ट में इजाफा हुआ है। फाल्ट सही करने के लिए दिन में कई-कई बार ब्रेकडाउन लिया जा रहा है। बिजली कटौती ने लोगों का सुख-चैन छीन लिया है। रातों की नींद उड़ गई है।
विभागीय अभियंताओं की मानें तो शहर में ही रोजाना 50 से अधिक फाल्ट हो रहे हैं। यदि पूरे जनपद की बात करें तो संख्या और ज्यादा बढ़ जाती है। फाल्ट सही होने में कम से कम आधा से पौन घंटे का समय लग जाता है। ऐसे में लोगों को काफी समस्या होती है। गुरुवार रात से शुक्रवार शाम तक कई मोहल्लों में फाल्ट होने से बिजली आपूर्ति बाधित रही। शुक्रवार दोपहर 12 बजे एक घंटे के लिए चौगुर्जी में कटौती की गई। अधिशासी अभियंता श्रीप्रकाश ने बताया शहर में काफी फाल्ट हो रहे हैं। जल्द से जल्द फाल्ट दुरुस्त कराने का प्रयास रहता है। केबिल बॉक्स जलने पर दो से तीन घंटे बिजली आपूर्ति प्रभावित होती है। विद्युत ट्रांसमिशन के एसडीओ भरत गौतम ने बताया इस समय जनपद में विद्युत लोड 2200 से लेकर 2300 मेगा यूनिट चल रहा है। रोजाना डेढ़ सौ से लेकर दो सौ मेगावाट यूनिट बढ़ा चल रहा है। दिन की अपेक्षा रात में पूरा लोड चल रहा है।
इकदिल में पिछले 24 घंटे में मात्र आठ घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है। बृहस्पतिवार की रात लोगों को पूरी रात बिजली के बिना छतों पर घूम- घूम कर गुजारनी पड़ी। इस दौरान बिजली महज 10 मिनट को आई और ढाई से तीन घंटे की कटौती की जाती रही। बिजली कटौती से लोगों को काफी समस्या हो रही है। (संवाद)
विज्ञापन
महेवा में बिजली संकट से लोग बेहाल हैं। इस समय सीबीएसई की परीक्षाएं चल रही हैं। पांच मई से कानपुर विश्वविद्यालय की परीक्षाएं शुरू हो रहीं हैं। ऐसे में परीक्षार्थियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। डॉ. हरी चौबे ने बताया बिजली न आने से काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। रामनरेश दुबे ने बताया बिजली समस्या को लेकर विभागीय आला अधिकारी जानबूझकर चुप्पी साधे हुए हैं। जेई कन्हैयालाल के अनुसार विद्युत कटौती शासन के निर्देश पर हो रही है।
जसवंतनगर में पिछले 15 दिनों से कस्बा व ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति में ज्यादा दिक्कत आ रही है। कस्बे को ज्यादा से ज्यादा 10 घंटे व ग्रामीण क्षेत्रों में आठ घंटे ही बिजली मिल पा रही है। इस वजह से पेयजल संकट है। किसान फसलों में पानी तक नहीं लगा पा रहे हैं। एसडीओ एके सिंह ने बताया शासनादेश के अनुसार शहरी क्षेत्र को 21 घंटे व ग्रामीण क्षेत्र को 15 से 18 घंटे विद्युत आपूर्ति दी जानी है।
विज्ञापन
विभागीय अभियंताओं की मानें तो शहर में ही रोजाना 50 से अधिक फाल्ट हो रहे हैं। यदि पूरे जनपद की बात करें तो संख्या और ज्यादा बढ़ जाती है। फाल्ट सही होने में कम से कम आधा से पौन घंटे का समय लग जाता है। ऐसे में लोगों को काफी समस्या होती है। गुरुवार रात से शुक्रवार शाम तक कई मोहल्लों में फाल्ट होने से बिजली आपूर्ति बाधित रही। शुक्रवार दोपहर 12 बजे एक घंटे के लिए चौगुर्जी में कटौती की गई। अधिशासी अभियंता श्रीप्रकाश ने बताया शहर में काफी फाल्ट हो रहे हैं। जल्द से जल्द फाल्ट दुरुस्त कराने का प्रयास रहता है। केबिल बॉक्स जलने पर दो से तीन घंटे बिजली आपूर्ति प्रभावित होती है। विद्युत ट्रांसमिशन के एसडीओ भरत गौतम ने बताया इस समय जनपद में विद्युत लोड 2200 से लेकर 2300 मेगा यूनिट चल रहा है। रोजाना डेढ़ सौ से लेकर दो सौ मेगावाट यूनिट बढ़ा चल रहा है। दिन की अपेक्षा रात में पूरा लोड चल रहा है।
विज्ञापन
इकदिल में पिछले 24 घंटे में मात्र आठ घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है। बृहस्पतिवार की रात लोगों को पूरी रात बिजली के बिना छतों पर घूम- घूम कर गुजारनी पड़ी। इस दौरान बिजली महज 10 मिनट को आई और ढाई से तीन घंटे की कटौती की जाती रही। बिजली कटौती से लोगों को काफी समस्या हो रही है। (संवाद)
विज्ञापन
महेवा में बिजली संकट से लोग बेहाल हैं। इस समय सीबीएसई की परीक्षाएं चल रही हैं। पांच मई से कानपुर विश्वविद्यालय की परीक्षाएं शुरू हो रहीं हैं। ऐसे में परीक्षार्थियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। डॉ. हरी चौबे ने बताया बिजली न आने से काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। रामनरेश दुबे ने बताया बिजली समस्या को लेकर विभागीय आला अधिकारी जानबूझकर चुप्पी साधे हुए हैं। जेई कन्हैयालाल के अनुसार विद्युत कटौती शासन के निर्देश पर हो रही है।
जसवंतनगर में पिछले 15 दिनों से कस्बा व ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति में ज्यादा दिक्कत आ रही है। कस्बे को ज्यादा से ज्यादा 10 घंटे व ग्रामीण क्षेत्रों में आठ घंटे ही बिजली मिल पा रही है। इस वजह से पेयजल संकट है। किसान फसलों में पानी तक नहीं लगा पा रहे हैं। एसडीओ एके सिंह ने बताया शासनादेश के अनुसार शहरी क्षेत्र को 21 घंटे व ग्रामीण क्षेत्र को 15 से 18 घंटे विद्युत आपूर्ति दी जानी है।