फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Etah News ›   soil testing machine out of order for a year in Etah soil health cards being prepared without testing

UP: एक साल से मशीन खराब, कागजों में जांची जा रही मिट्टी की सेहत; बिना जांच ही मृदा स्वास्थ्य कार्ड तैयार

Mon, 03 Jun 2024 07:32 PM IST
भूपेन्द्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा Published by: भूपेन्द्र सिंह Updated Mon, 03 Jun 2024 07:32 PM IST
सार

एटा में मिट्टी जांच की मशीन एक साल से खराब है। सिर्फ कागजों में मिट्टी की सेहत जांची जा रही है। बिना जांच ही मृदा स्वास्थ्य कार्ड तैयार हो रहे हैं। 

विज्ञापन
soil testing machine out of order for a year in Etah soil health cards being prepared without testing
खेत। (सांकेतिक) - फोटो : संवाद

विस्तार

उत्तर प्रदेश के एटा में किसान के खेत की मिट्टी कैसी है, इसकी सेहत जानने के लिए जिला मुख्यालय पर प्रयोगशाला बनाई गई है। लेकिन इसमें सूक्ष्म तत्वों की जांच करने वाली मशीन करीब एक वर्ष से अधिक समय से खराब पड़ी है। कागजों में जांच की जा रही है और किसानों को गुमराह करके मृदा स्वास्थ्य कार्ड तैयार कर वितरित किए जा रहे हैं।

विज्ञापन


कृषि विभाग की ओर से मिट्टी की सेहत जांचने के बाद किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड दिया जाता है। इसमें कई पैरामीटर पर जांच की जाती है, इसके अलावा सूक्ष्म तत्वों की जांच की जाती है। सूक्ष्म पोषक तत्वों में कार्बन, हाइड्रोजन, ऑक्सीजन, नाइट्रोजन, फॉस्फोरस, पोटेशियम, सल्फर, कैल्शियम, मैग्निशियम, आयरन, बोरॉन, तांबा और क्लोरीन आदि शामिल होते हैं। 
विज्ञापन


इनकी जांच के लिए जिला मुख्यालय पर बनाई गई लैब में इटोमिट स्पेक्ट्रोफोटोमीटर मशीन लगाई गई थी। यह मशीन ही सूक्ष्म पोषक तत्वों की जांच करती है, लेकिन मशीन को खराब हुए करीब एक वर्ष से अधिक समय हो गया है। जांच कागजों में होकर किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड दिए जा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


जांच के लिए लाखों रुपये के केमिकल्स आते हैं, इनका कोई पता नहीं है। ऐसे में जांच कागजों पर चल रही है और किसानों को गुमराह करके कार्ड वितरित कर दिए जाते हैं। चालू वर्ष में 80 गांवों की मिट्टी की सेहत जांचने का लक्ष्य मिला है, जब कि पिछले वर्ष करीब 6 हजार नमूनों की जांच की गई थी। 


मृदा स्वास्थ्य लैब प्रभारी आशुतोष कुमार ने बताया कि मशीन एक वर्ष से खराब है, नमूनों की जांच अलीगढ़ में करके मृदा स्वास्थ्य कार्ड किसानों को पिछले वर्ष वितरित किए गए हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed