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‘मन में हो सो वचन उचरिये’
अमर उजाला ब्यूरो एटा।
Updated Thu, 08 Sep 2016 11:49 PM IST
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‘मन में हो सो वचन उचरिये’
- फोटो : अमर उजाला
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जैन मंदिरों में दशलक्षण (पर्यूषण) पर्व धूमधाम के साथ मनाया जा रहा है। श्रावक, श्राविकाएं दशलक्षण पर्व, सोलह कारण और जिनेंद्र प्रभु की पूजा-अर्चना में जुटे हैं।
दशलक्षण पर्व के तीसरे दिन गुरुवार को भक्तों ने उत्तम आर्जव धर्म की पूजा की। विकास जैन शास्त्री ने बताया कि सरलता की परिणति का नाम आर्जव धर्म है। मन में हो सो वचन उचरिये, वचन हो सो तन सो करिये, अर्थात जैसा मन में हो वैसा ही कहना चाहिए और जो मन में हो वैसा ही करना चाहिए। इधर, शहर के प्रेमनगर स्थित नशिया जैन मंदिर में भोपाल से आई इंद्रेश अनिल जैन एंड पार्टी के भजन गाए। गोटा वाला जैन मंदिर में रतन जैन के निर्देशन में पूजा हुई। संजीव जैन संजू ने बताया कि श्रावकों को शुद्धता से रहने की सीख दी। इस मौके पर कमलेश जैन, राजीव जैन राजू, विकास जैन, विवेक जैन, अंकुर जैन, दिनेश जैन, नीतेश जैन, मनोज उर्फ सोना जैन, विजय जैन, विकास जैन, अखिलेश जैन आदि मौजूद रहे।
फफोतू में उमड़ी आस्था की भीड़
फफोतू के पार्श्वनाथ जैन मंदिर में भी गुरुवार को श्रावकों ने उत्तम आर्जव धर्म की पूजा कर बैर दूर करने का संकल्प लिया। इस मौके पर विकास जैन, अमित जैन, सोम कुमार जैन, महेश जैन, सरल जैन, आनंद जैन, सनत जैन, नितिन जैन, दीपू जैन, आकाश जैन आदि मौजूद रहे।
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एक मिनट प्रतियोगिता में दीपांशी अव्वल
पुरानी बस्ती स्थित बड़े जैन मंदिर में विकास जैन ने आर्जव धर्म की महत्ता का बखान किया। वहीं बुधवार की रात मंदिर में राष्ट्रीय जैन संघ द्वारा एक मिनट प्रतियोगिता हुई। इसमें दीपांशी जैन प्रथम, सागर जैन द्वितीय, टिया जैन तृतीय रहीं। मौके पर संजय जैन, महावीर जैन, विवेक जैन, उमेश जैन, अमित जैन, राजकुमारी जैन, उज्जवल जैन आदि मौजूद रहे।
दशलक्षण पर्व पर दी जानकारी
जलेसर। श्री दिगम्बर जैन मंदिर शेरगंज में गुरुवार को आचार्य अतुल शास्त्री ने उत्तम आर्जव के संबंध में जानकारी दी। श्री जी का प्रथम अभिषेक पंकज जैन, महाआरती का सौभाग्य महेंद्र जैन को मिला। महेंद्र जैन, सतीश, विवेक, नीरेश जैन, विक्की, मोन्टी जैन, राजा, शरद मौजूद रहे।
आज होगा उत्तम शौच का पालन
शहर में दशलक्षण पर्व के चौथे दिन श्रावक-श्राविकाएं उत्तम शौच धर्म का पालन करेंगे। इस दौरान जैन मंदिरों में श्रावकों की भीड़ उमड़ेगी।
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दशलक्षण पर्व के तीसरे दिन गुरुवार को भक्तों ने उत्तम आर्जव धर्म की पूजा की। विकास जैन शास्त्री ने बताया कि सरलता की परिणति का नाम आर्जव धर्म है। मन में हो सो वचन उचरिये, वचन हो सो तन सो करिये, अर्थात जैसा मन में हो वैसा ही कहना चाहिए और जो मन में हो वैसा ही करना चाहिए। इधर, शहर के प्रेमनगर स्थित नशिया जैन मंदिर में भोपाल से आई इंद्रेश अनिल जैन एंड पार्टी के भजन गाए। गोटा वाला जैन मंदिर में रतन जैन के निर्देशन में पूजा हुई। संजीव जैन संजू ने बताया कि श्रावकों को शुद्धता से रहने की सीख दी। इस मौके पर कमलेश जैन, राजीव जैन राजू, विकास जैन, विवेक जैन, अंकुर जैन, दिनेश जैन, नीतेश जैन, मनोज उर्फ सोना जैन, विजय जैन, विकास जैन, अखिलेश जैन आदि मौजूद रहे।
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फफोतू में उमड़ी आस्था की भीड़
फफोतू के पार्श्वनाथ जैन मंदिर में भी गुरुवार को श्रावकों ने उत्तम आर्जव धर्म की पूजा कर बैर दूर करने का संकल्प लिया। इस मौके पर विकास जैन, अमित जैन, सोम कुमार जैन, महेश जैन, सरल जैन, आनंद जैन, सनत जैन, नितिन जैन, दीपू जैन, आकाश जैन आदि मौजूद रहे।
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एक मिनट प्रतियोगिता में दीपांशी अव्वल
पुरानी बस्ती स्थित बड़े जैन मंदिर में विकास जैन ने आर्जव धर्म की महत्ता का बखान किया। वहीं बुधवार की रात मंदिर में राष्ट्रीय जैन संघ द्वारा एक मिनट प्रतियोगिता हुई। इसमें दीपांशी जैन प्रथम, सागर जैन द्वितीय, टिया जैन तृतीय रहीं। मौके पर संजय जैन, महावीर जैन, विवेक जैन, उमेश जैन, अमित जैन, राजकुमारी जैन, उज्जवल जैन आदि मौजूद रहे।
दशलक्षण पर्व पर दी जानकारी
जलेसर। श्री दिगम्बर जैन मंदिर शेरगंज में गुरुवार को आचार्य अतुल शास्त्री ने उत्तम आर्जव के संबंध में जानकारी दी। श्री जी का प्रथम अभिषेक पंकज जैन, महाआरती का सौभाग्य महेंद्र जैन को मिला। महेंद्र जैन, सतीश, विवेक, नीरेश जैन, विक्की, मोन्टी जैन, राजा, शरद मौजूद रहे।
आज होगा उत्तम शौच का पालन
शहर में दशलक्षण पर्व के चौथे दिन श्रावक-श्राविकाएं उत्तम शौच धर्म का पालन करेंगे। इस दौरान जैन मंदिरों में श्रावकों की भीड़ उमड़ेगी।