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कथा सुनकर झूम उठे लोग
amar ujala
Updated Sat, 01 Apr 2017 11:40 PM IST
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कथा सुनने जुटी भीड़
- फोटो : amar ujala
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पांचवें नवरात्र पर शनिवार को माता के मंदिरों में स्कंदमाता की धूमधाम से पूजा अर्चना की गई। हवन में आहुतियां देकर श्रद्धालुओं ने सुख शांति की कामना की और दोपहर में श्रीमद्भागवत कथा में राम जानकी की कथा सुन कर भक्त झूम उठे।
शनिवार को नगर के मंदिरों में स्कंदमाता की पूजा अर्चना की गई और गमा देवी मंदिर एवं माता महाकाली मंदिर में सुबह हवन और दोपहर में श्रीमद्भागवत कथा में वृंदावन धाम से पधारे कथावाचक पंडित बृज बिहारी महाराज ने अयोघ्या का वर्णन करते हुए श्रीराम और जानकी की कथा सुनाई। उन्होेेंने मानव शरीर को अयोध्या की उपमा देते हुए कहा कि जिनके शरीर में अन्त:करण मन बुद्धि नित अहंकार प्रबल होते हैं। उनका शरीर लंका समान होता है। जो जितेन्द्रिय होता है उनका शरीर अयोध्या समान हो जाता है। संयोजक दिनेश चंद्र गुप्ता, बृजेश गुप्ता, राजवीर गुप्ता, राकेश गुप्ता, वीरेंद्र गुप्ता मौजूद रहे।
शनिवार को नगर के मंदिरों में स्कंदमाता की पूजा अर्चना की गई और गमा देवी मंदिर एवं माता महाकाली मंदिर में सुबह हवन और दोपहर में श्रीमद्भागवत कथा में वृंदावन धाम से पधारे कथावाचक पंडित बृज बिहारी महाराज ने अयोघ्या का वर्णन करते हुए श्रीराम और जानकी की कथा सुनाई। उन्होेेंने मानव शरीर को अयोध्या की उपमा देते हुए कहा कि जिनके शरीर में अन्त:करण मन बुद्धि नित अहंकार प्रबल होते हैं। उनका शरीर लंका समान होता है। जो जितेन्द्रिय होता है उनका शरीर अयोध्या समान हो जाता है। संयोजक दिनेश चंद्र गुप्ता, बृजेश गुप्ता, राजवीर गुप्ता, राकेश गुप्ता, वीरेंद्र गुप्ता मौजूद रहे।
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