फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Etah News ›   Due to the weather, the arrival of wheat in the market decreased, prices increased.

Etah News: मौसम की मार से मंडी में गेहूं की आवक घटी, दामों में आया उछाल

Wed, 22 Apr 2026 11:46 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Wed, 22 Apr 2026 11:46 PM IST
विज्ञापन
Due to the weather, the arrival of wheat in the market decreased, prices increased.
अलीगंज रोड ​स्थित गल्ला मंडी में आढ़त पर गेहूं उतारते किसान। संवाद

विज्ञापन
एटा। मार्च माह में हुई लगातार बारिश व ओलावृष्टि का असर अब गेहूं की फसल के साथ-साथ मंडियों में भी साफ दिखाई देने लगा है। फसल में हुए नुकसान के कारण जिले की जिला कृषि उत्पादन मंडी समिति में गेहूं की आवक में करीब 25 प्रतिशत तक की कमी दर्ज की गई है। इसका सीधा असर बाजार भाव पर पड़ा है जिससे कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है। सरकारी औपचारिकताओं से बचने के लिए किसान आढ़तियों को सीधा माल बेच रहे हैं।
करीब एक सप्ताह पहले तक गेहूं का भाव मंडी में लगभग 2300 से 2400 रुपये प्रति क्विंटल चल रहा था जो अब बढ़कर 2550 रुपये प्रति क्विंटल तक पहुंच गया है। व्यापारी राजीव गुप्ता का कहना है कि मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों के चलते फसल की गुणवत्ता और उत्पादन दोनों प्रभावित हुए हैं। कई क्षेत्रों में ओलावृष्टि के कारण गेहूं की बालियां झड़ गईं जिससे किसानों को नुकसान उठाना पड़ा और मंडी में अपेक्षित मात्रा में अनाज नहीं पहुंच पा रहा है। बताया कि आवक कम होने के चलते बाजार में गेहूं की उपलब्धता घटी है जबकि मांग बनी हुई है। यही कारण है कि दामों में तेजी आई है। अगर आवक में सुधार नहीं हुआ तो कीमतों में और बढ़ोतरी हो सकती है।
विज्ञापन

वहीं सरकारी क्रय केंद्रों पर गेहूं का समर्थन मूल्य 2585 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है। इसके चलते किसान अब मंडियों में भी लगभग 2550 रुपये प्रति क्विंटल के भाव पर अपनी उपज बेचने लगे हैं। कई किसान बेहतर दाम मिलने की उम्मीद में अपनी उपज को रोककर भी बैठे हैं। फिलहाल मंडियों में कम आवक और बढ़ते दामों का सिलसिला जारी है जिस पर किसानों और व्यापारियों दोनों की नजर बनी हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

सकीट के किसान अर्जुन ने बताया कि वह अपनी फसल क्रय क्रेंद्र पर बिक्री के लिए आए थे जहां समय लग रहा था। बताया कि आढ़तियों से बात की तो गेहूं का भाव 2550 बताया कहा कि जब यहां भाव अच्छा मिल रहा है तो केंद्र पर इंतजार करने से क्या फायदा है। वहीं प्रेमपाल ने बातया कि भाव बढ़ने की जानकारी नहीं थी क्रय केंद्र पर उपज न देकर आढ़तियों को बिक्री कर दी है कहा कि पैसों की आवश्यकता थी क्रय क्रेंद्र पर इंतजार करना पड़ता यहां पैसे नकद मिल गए। अब बड़ी बात यह है कि गेहूं की भाव बढ़ने से क्रय केंद्रों पर लक्ष्य पूरा कैसे होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed