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नोडल अफसर के सामने उठा पानी और भोजन का मुद्दा
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एटा। एक पब्लिक स्कूल में बनाए गए क्वारंटीन सेंटर में नोडल अधिकारी के सामने शनिवार को पानी और भोजन का मुद्दा उठाया गया। लखनऊ से आए नोडल अधिकारी राजेंद्र सिंह ने सेंटर का निरीक्षण किया। उन्होंने यहां क्वारंटीन किए संदिग्धों से मिलकर सुविधाओं के बारे में जानकारी ली।
लोगों ने बताया कि उन्हें पीने के पानी को लेकर काफी दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं। टैंकों में भरा पानी पीना पड़ रहा है। नित्य क्रिया के लिए भी पानी की परेशानी रहती है। अधिकारियों से कहने के घंटों बाद पानी की व्यवस्था होती है। उन्होंने भोजन की जो भोजन खाने को दिया जाता है, वह ठीक नहीं मजबूरी में खा लेते हैं।
इसके बाद नोडल अधिकारी दूसरी जगह बनाए गए एक डिग्री कॉलेज में पहुंचे। वहां उन्होंने खाने की गुणवत्ता को चेक किया। उन्हें वहां कई जगह गंदगी देखने को मिली। उन्होंने अपनी रिपोर्ट डीएम को दी।
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बायोमेडिकल बेस्ट के नहीं है इंतजाम
जिले में संदिग्ध रोगियों के लिए बने दोनों क्वारंटीन सेंटरों पर बायो मेडिकल बेस्ट का कोई खास इंतजाम नहीं है। दो दिन बाद गैर जनपद से गाड़ी आती है और कचरे को लेकर जाती है।
क्वारंटीन सेंटरों पर कुछ अव्यवस्थाएं मिली हैं। संदिग्धों ने पानी को लेकर शिकायत की है। इसको लेकर डीएम को मामले की जानकारी दी गई है। वहीं सेंटरों की व्यवस्थाओं को दुरुस्त कराया जाएगा।
-राजेन्द्र सिंह, नोडल अधिकारी क्वारंटीन सेंटर
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लोगों ने बताया कि उन्हें पीने के पानी को लेकर काफी दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं। टैंकों में भरा पानी पीना पड़ रहा है। नित्य क्रिया के लिए भी पानी की परेशानी रहती है। अधिकारियों से कहने के घंटों बाद पानी की व्यवस्था होती है। उन्होंने भोजन की जो भोजन खाने को दिया जाता है, वह ठीक नहीं मजबूरी में खा लेते हैं।
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इसके बाद नोडल अधिकारी दूसरी जगह बनाए गए एक डिग्री कॉलेज में पहुंचे। वहां उन्होंने खाने की गुणवत्ता को चेक किया। उन्हें वहां कई जगह गंदगी देखने को मिली। उन्होंने अपनी रिपोर्ट डीएम को दी।
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बायोमेडिकल बेस्ट के नहीं है इंतजाम
जिले में संदिग्ध रोगियों के लिए बने दोनों क्वारंटीन सेंटरों पर बायो मेडिकल बेस्ट का कोई खास इंतजाम नहीं है। दो दिन बाद गैर जनपद से गाड़ी आती है और कचरे को लेकर जाती है।
क्वारंटीन सेंटरों पर कुछ अव्यवस्थाएं मिली हैं। संदिग्धों ने पानी को लेकर शिकायत की है। इसको लेकर डीएम को मामले की जानकारी दी गई है। वहीं सेंटरों की व्यवस्थाओं को दुरुस्त कराया जाएगा।
-राजेन्द्र सिंह, नोडल अधिकारी क्वारंटीन सेंटर