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Etah News: 30 फीसदी महिलाओं में मिल रही खून की कमी, ओपीडी में लग रही लंबी कतार
Thu, 18 Jun 2026 10:56 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Thu, 18 Jun 2026 10:56 PM IST
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मेडिकल कॉलेज के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग के बाहर उपचार लेने के लिए लगी महिलाओं की कतार। संव
एटा। मेडिकल कॉलेज के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग में महिलाओं की लंबी कतार लगी हुई है। यहां पर सबसे अधिक खून की कमी से पीडि़त महिलाएं उपचार लेने के लिए पहुंच रही है। 30 फीसदी गर्भवती और सामान्य महिलाओं में खान-पान की वजह से खून की कमी मिल रही है। उन्हें सुझाव के साथ उपचार दिया जा रहा है। बृहस्पतिवार को भी विभाग में कुल 250 महिलाओं का स्वास्थ्य परीक्षण कर दवाइयां और जरूरी सुझाव दिए गए।
मेडिकल कॉलेज के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभागाध्यक्ष डॉ. साधना सिंह ने बताया कि 30 फीसदी गर्भवती व सामान्य महिलाओं में खून की कमी पाई जा रही है। इनमें से कुछ महिलाएं गंभीर एनीमिया की शिकार भी होती हैं, जिससे प्रसव के दौरान मां और शिशु दोनों के लिए जोखिम बढ़ जाता है। उन्होंने बताया कि रोजाना 250 से अधिक महिलाओं की ओपीडी होती है जिसमें करीब 75 से महिलाएं खून की कमी की समस्या को लेकर उपचार लेने के लिए पहुंच रही है। बताया कि गर्भावस्था के दौरान शरीर को सामान्य दिनों की अपेक्षा अधिक पोषण और आयरन की आवश्यकता होती है। इसके बावजूद कई महिलाएं उचित खान-पान पर ध्यान नहीं देतीं। उन्होंने बताया कि महिलाओं को हरी सब्जियां, दालें, फल, दूध, गुड़, चना और आयरन युक्त खाद्य पदार्थों का पर्याप्त सेवन करना चाहिए जिससे शरीर में खून की कमी से बचा जा सके। इसके साथ ही समय पर जांच और उपचार लेना चाहिए।
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मेडिकल कॉलेज के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभागाध्यक्ष डॉ. साधना सिंह ने बताया कि 30 फीसदी गर्भवती व सामान्य महिलाओं में खून की कमी पाई जा रही है। इनमें से कुछ महिलाएं गंभीर एनीमिया की शिकार भी होती हैं, जिससे प्रसव के दौरान मां और शिशु दोनों के लिए जोखिम बढ़ जाता है। उन्होंने बताया कि रोजाना 250 से अधिक महिलाओं की ओपीडी होती है जिसमें करीब 75 से महिलाएं खून की कमी की समस्या को लेकर उपचार लेने के लिए पहुंच रही है। बताया कि गर्भावस्था के दौरान शरीर को सामान्य दिनों की अपेक्षा अधिक पोषण और आयरन की आवश्यकता होती है। इसके बावजूद कई महिलाएं उचित खान-पान पर ध्यान नहीं देतीं। उन्होंने बताया कि महिलाओं को हरी सब्जियां, दालें, फल, दूध, गुड़, चना और आयरन युक्त खाद्य पदार्थों का पर्याप्त सेवन करना चाहिए जिससे शरीर में खून की कमी से बचा जा सके। इसके साथ ही समय पर जांच और उपचार लेना चाहिए।
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