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UP MLC Election Result 2022: देवरिया-कुशीनगर विधान परिषद चुनाव में हारे डॉ. कफील, भाजपा ने मारी बाजी
Tue, 12 Apr 2022 02:29 PM IST
vivek shukla
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया।
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 12 Apr 2022 02:29 PM IST
सार
देवरिया-कुशीनगर एमएलसी सीट से सपा प्रत्याशी कफील खान हार गए हैं। वहीं इस चुनाव में गेरखपुर-बस्ती मंडल में सपा को करारी हार का सामना करना पड़ा है।
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डॉ कफील खान (फाइल)
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
स्थानीय निकाय विधान परिषद सदस्य देवरिया-कुशीनगर चुनाव में भाजपा प्रत्याशी रतनपाल सिंह 3224 मत पाकर चुनाव जीत गए। उन्हें कुल 4255 मत प्राप्त हुआ। जबकि सपा प्रत्याशी डॉ कफील अहमद को 1031 मत मिल सका।
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विधान परिषद चुनाव में कुल 6 प्रत्याशी अपना भाग्य आजमा रहे थे। इसमें देवरिया कुशीनगर दोनों जिलों को मिलाकर 5424 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। जिसमें रतनपाल सिंह भाजपा प्रत्याशी को 4255, डॉ कफील सपा प्रत्याशी को 1031, मुक्तिनाथ को 11, विनय प्रकाश को दो, आफताब को 5, शैलेश कुशवाहा को 18 मत प्राप्त हुए। जबकि 102 मत निरस्त घोषित किए गए।
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जानिए कौन है डॉ कफील
बता दें कि डॉक्टर कफील खान का नाम पांच साल पहले सुर्खियों में आया था। इन्सेफेलाइटिस बीमारी प्रभावित गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन की कमी की वजह से बच्चों की मौत हो गई थी। अगस्त 2017 में हुए इस कांड के बाद प्रदेश सरकार ने प्राइवेट प्रैक्टिस करने और ड्यूटी में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए कफील को इन्सेफेलाइटिस वार्ड के नोडल ऑफिसर इनचार्ज के पद से हटा दिया गया था।
बच्चों की मौत के इसी मामले में लापरवाही बरतने, भ्रष्टाचार में शामिल होने सहित कई आरोप लगाकर डॉक्टर कफील को निलंबित कर दिया गया था। इसके बाद उन्हें जेल भेज दिया गया। 9 महीने जेल में रहने के बाद अप्रैल 2018 में डॉक्टर कफील को जमानत मिल गई।
दिसंबर 2019 में एंटी सीएए प्रदर्शन के दौरान डॉक्टर कफील ने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में छात्रों को संबोधित किया था। उन पर भड़काऊ भाषण देने का आरोप लगा। FIR दर्ज होने के बाद वह फरार हो गए। यूपी एटीएस ने 29 जनवरी को उन्हें मुंबई से गिरफ्तार किया। इसके बाद उन पर रासुका लगाकर मथुरा की जेल में बंद कर दिया गया। बाद में वे रिहा हो गए।