{"_id":"57c5c36b4f1c1b19472cb0dd","slug":"starving-helpless-woman-angel-of-the-three-young-men","type":"story","status":"publish","title_hn":"भूख से बेबस महिला के लिए ‘देवदूत’ बने तीन युवक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भूख से बेबस महिला के लिए ‘देवदूत’ बने तीन युवक
देवरिया
Updated Tue, 30 Aug 2016 11:03 PM IST
विज्ञापन
ओवरब्रिज पर भूख से बिलबिला रही महिला प्लास्टिक खा रही थी।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देवरिया। सोमवार की रात मालवीय रोड ओवरब्रिज पर भूख से बिलबिला रही महिला प्लास्टिक खा रही थी। कपड़े अस्त व्यस्त थे। मुंह से बोल नहीं फूट रहे थे। उधर से गुजर रहे युवकों की नजर महिला पर पड़ी तो पुलिस की मदद से अल्पावास गृह भिजवाया। तबीयत ठीक नहीं होने पर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया।
मालवीय रोड स्थित ओवरब्रिज पर एक महिला कई दिनों से पड़ी थी। उधर से गुजरने वाले लोग उसे देखकर मुंह फेर ले रहे थे। सोमवार की रात करीब नौ बजे आर्य समाज गली निवासी सराफा दुकानदार अमित वर्मा गुजर रहे थे। उनकी नजर महिला पर पड़ी, महिला प्लास्टिक खा रही थी। यह देखकर उन्होंने अपने मित्र अमित मोदनवाल को फोन किया। अमित अपने दोस्त बिट्टू मद्धेशिया के साथ मौके पर पहुंचे। तीनों लोगों ने पुलिस को सूचना दी।
पुलिस की मदद से उसे महिला अल्पावास गृह पहुंचाया गया। महिला की मानसिक हालत ठीक नहीं थी। वह कुछ बोल भी नहीं पा रही थी। महिला की आंखों में आंसू बह रहे थे। तीनों युवकों ने महिला को कपड़े दिए। महिला अल्पावास गृह में रात में उसे खाने का इंतजाम कराया गया।
विज्ञापन
मंगलवार की सुबह तबीयत ठीक नहीं होने पर अल्पावास गृह की अधीक्षक प्रमिला गुप्ता और संरक्षक मोहन त्रिपाठी ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। अमित मोदनवाल ने कहा कि महिला को मानसिक अस्पताल भिजवाने के लिए जिलाधिकारी से बुधवार को मिला जाएगा। उसकी जिंदगी बेहतर करने की कोशिश की जाएगी।
विज्ञापन
मालवीय रोड स्थित ओवरब्रिज पर एक महिला कई दिनों से पड़ी थी। उधर से गुजरने वाले लोग उसे देखकर मुंह फेर ले रहे थे। सोमवार की रात करीब नौ बजे आर्य समाज गली निवासी सराफा दुकानदार अमित वर्मा गुजर रहे थे। उनकी नजर महिला पर पड़ी, महिला प्लास्टिक खा रही थी। यह देखकर उन्होंने अपने मित्र अमित मोदनवाल को फोन किया। अमित अपने दोस्त बिट्टू मद्धेशिया के साथ मौके पर पहुंचे। तीनों लोगों ने पुलिस को सूचना दी।
विज्ञापन
पुलिस की मदद से उसे महिला अल्पावास गृह पहुंचाया गया। महिला की मानसिक हालत ठीक नहीं थी। वह कुछ बोल भी नहीं पा रही थी। महिला की आंखों में आंसू बह रहे थे। तीनों युवकों ने महिला को कपड़े दिए। महिला अल्पावास गृह में रात में उसे खाने का इंतजाम कराया गया।
विज्ञापन
मंगलवार की सुबह तबीयत ठीक नहीं होने पर अल्पावास गृह की अधीक्षक प्रमिला गुप्ता और संरक्षक मोहन त्रिपाठी ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। अमित मोदनवाल ने कहा कि महिला को मानसिक अस्पताल भिजवाने के लिए जिलाधिकारी से बुधवार को मिला जाएगा। उसकी जिंदगी बेहतर करने की कोशिश की जाएगी।