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लंबा है गिरीश चंद्र तिवारी का राजनीतिक सफर

Sat, 03 Jul 2021 11:57 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 03 Jul 2021 11:57 PM IST
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political carrier of girish chandra tiwari is long
लंबा है गिरीश चंद्र तिवारी का राजनीतिक सफर
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देवरिया। नवनिर्वाचित जिला पंचायत अध्यक्ष गिरीश चंद तिवारी ने लंबा राजनीतिक सफर तय किया है। उन्होंने छात्र जीवन से राजनीति शुरू की। इसके बाद उनका राजनीतिक कद बढ़ता गया और आज जिला उनके माथे जिला पंचायत अध्यक्ष का ताज सज गया है। समर्थक उनके अच्छे कार्यों की सराहना करते हैं।
इतिहास विषय में स्नातकोत्तर की उपाधि हासिल करने वाले 61 वर्षीय गिरीश चंद्र तिवारी जिले के भाटपाररानी तहसील के महाइचपार गांव के रहने वाले हैं। उनके पिता स्व. सुदर्शन तिवारी के समय में बीस वर्षों तक महाइचपार गांव के प्रधान पद पर कब्जा रहा। गिरीश चंद्र तिवारी मदन मोहन मालवीय शिक्षण संस्था के उपाध्यक्ष भी हैं।
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प्रतिष्ठित जमींदार परिवार में जन्मे गिरीश चंद तिवारी ने छात्र जीवन में कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण की। युवा कांग्रेस के भाटपाररानी ब्लाक के अध्यक्ष बनाए गए। इसके बाद उनका राजनीतिक कद बढ़ता गया। वे समाजवादी नेता हरिकेवल प्रसाद के संपर्क में आए। उन दिनों हरिकेवल प्रसाद समता पार्टी के नेताओं में मुख्य थे। गिरीश चंद समता पार्टी के जिलाध्यक्ष बनाए गए। इसके बाद उनका राजनीतिक कदम आगे बढ़ता गया। इसी बीच भाजपा, समता पार्टी गठबंधन से हरिकेवल प्रसाद सलेमपुर संसदीय सीट से सांसद चुने गए। आगे चलकर समता पार्टी का विलय जनता दल यू में हो गया। शरद यादव जनता दल यू के राष्ट्रीय अध्यक्ष थे। गिरीश चंद तिवारी को जद यू का प्रदेश मंत्री की जिम्मेदारी मिली। 2012 के विधानसभा चुनाव में गिरीश चंद तिवारी भाटपाररानी विधानसभा क्षेत्र के जदयू के टिकट पर चुनाव लड़े, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद हरिकेवल प्रसाद के पुत्र रविंद्र कुशवाहा के साथ हो लिए। 2014 के लोकसभा चुनाव में सलेमपुर संसदीय सीट से रविंद्र कुशवाहा भाजपा के टिकट पर सांसद चुने गए। इसके बाद गिरीश चंद तिवारी की भाजपा में पैठ बढ़ती गई। भाजपा के टिकट पर जिला पंचायत सदस्य चुने जाने के बाद पार्टी ने उन्हें जिला पंचायत अध्यक्ष का टिकट दिया और उन्होंने जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर पहली बार कमल खिलाया।
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गिरीश चंद तिवारी के भाई इंजीनियर वशिष्ठ मुनि तिवारी गाजियाबाद में बिल्डर हैं और बिल्डर एसोसिएशन के चेयरमैन भी हैं। गिरीश चंद्र तिवारी की पत्नी मंजू देवी एवं उनके भाई की पत्नी सीमा देवी सगी बहने हैं। गिरीश चंद्र तिवारी के इकलौते पुत्र सर्वेश कुमार तिवारी लंदन में इंजीनियर हैं। उनकी पत्नी भी एक बार जिला पंचायत सदस्य रह चुकी हैं। दोनों भाइयों के बीच एक लड़का व दो लड़कियां हैं।
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