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Deoria News: भीड़ के आगे बेबस दिखा रोडवेज, अब जाने में भी परेशानी झेल रहे परदेसी
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देवरिया रोडवेज से गोरखपुर जाने वाली बस में यात्रियो की लगी भीड।
देवरिया। त्योहार मनाने घर आए परदेसी अब वापस जा रहे है। इनकी भीड़ के सामने परिवहन निगम भी बेबस है। कोई इंतजाम नहीं कर पा रहा है। जरूरत के हिसाब से बसों का इंतजाम नहीं है। गोरखपुर जाने वाली बसों में सबसे अधिक यात्री हैं। भीड़ इतनी अधिक है इसमें भी चढ़ने के लिए मशक्कत करनी पड़ रही है।
पर्व मनाकर बाहर रहने वाले परदेशी अब वापस लौटने लगे है। हालांकि यात्रियों की संख्या के आगे रोडवेज का इंतजाम फेल साबित हो रहा है। यह दृश्य रोडवेज व रेलवे स्टेशन दोनों जगहों पर दिख रहा है। दोनों जगहों पर आने वाले यात्री दुर्दशा सहन कर गंतव्य तक पहुंच रहे हैं। यहां आने पर भी उनकी मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं।
बस अड्डा परिसर दोपहर 12:30 बजे गोरखपुर जाने वाली बसों में चढ़ने के लिए यात्रियों को खूब मशक्कत करनी पड़ रही थी। सबसे ज्यादा परेशानी बरहज, कसया, पडरौना, पथरदेवा, पकहां, तरकुलवा जाने वाले यात्रियों ने झेली। इन जगहों पर जाने के लिए बसें नदारद थीं। दोपहर एक बजे बरहज के लिए एक बस आई तो इंतजार कर रही महिला यात्री उस ओर दौड़ पड़ी। बेटी को छोड़ने आई गिरिजा देवी ने बताया कि बेटी को छठ पर बुलाया था। आज छोड़ते समय उसका बेटा, सामान सभी साथ थे। उसे दोहरीघाट जाना है , लेकिन बस बरहज तक की ही मिली। अब उसे बरहज जाकर सवारी बदलनी पड़ेगी। बच्चे व सामान को कैसे संभालेगी, यही चिंता है। इधर बाहर जाने वाले जो लोग भी रोडवेज में आ रहे हैं, गोरखपुर व सलेमपुर रोड को छोड़कर अन्य जगह जाने वाले यात्रियों के चेहरे पर मायूसी ही दिखी। कुछ पुरुष व महिला यात्री अस्थाई बने टीन शेड में बसों का इंतजार कर रहे थे। 1.15 बजे तक पडरौना जाने के लिए बस आई तो पल भर में ही भर गई। अन्य जगहों पर जाने वाली बसों के आने पर सभी उधर ही सामान समेत दौड़़ पड़ते। इस दौरान धक्का मुक्की कर बस में चढ़ने की होड़ सी लगी रही।
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सदर रेलवे स्टेशन पर लगी भीड़
सदर रेलवे स्टेशन पर दिल्ली, मुंबई जाने वाली ट्रेनों में भी यात्रियों को जगह नहीं मिल रही है। जिनके टिकट कन्फर्म है उन्हें तो सीट मिल जा रही, लेकिन जिनके वेटिंग है वह खड़े होकर ही यात्रा करने को विवश हैं।
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स्पीकअप
खड़े होकर कर रहे यात्रा
रोज कसया से आईटीआई देवरिया आना होता है। अब देवरिया से कसया जाना है तो एक घंटे से बस का इंतजार कर रहे हैं। दो दिनों से भीड़ के चलते किसी तरह खड़े होकर यात्रा करनी पड़ रही है।
...अंकित मिश्रा, छात्र आईटीआई
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पूछताछ केंद्र पर इंतजार करने को कहा
बरहज से आए हैं और कसया जाना है, लेकिन बसें नदारद हैं। परिवार भी साथ में हैं, समझ में नहीं आता क्या करें। पूछताछ केंद्र पर पूछा तो इंतजार करने की बात कही गई।
...संदीप कुमार पटेल
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मंगलवार को दिल्ली के लिए दो बसें भेजी गई। अधिकांश यात्री गोरखपुर के ही थे। सुबह नौ से दोपहर एक बजे तक न तो बसें कम हुई और न ही यात्री। हर पांच मिनट में आने वाली बस भर जा रही थी। पर्व मनाने के बाद बाहर रहने वालों के जाने से यात्रियों की संख्या बढ़ी है। सभी बसें ऑन रोड रहीं। जैसे बसें आई बरहज, पडरौना, पकहां आदि जगहों पर भी भेजा गया।
....राकेश पति त्रिपाठी, वरिष्ठ केंद्र प्रभारी देवरिया डिपो
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पर्व मनाकर बाहर रहने वाले परदेशी अब वापस लौटने लगे है। हालांकि यात्रियों की संख्या के आगे रोडवेज का इंतजाम फेल साबित हो रहा है। यह दृश्य रोडवेज व रेलवे स्टेशन दोनों जगहों पर दिख रहा है। दोनों जगहों पर आने वाले यात्री दुर्दशा सहन कर गंतव्य तक पहुंच रहे हैं। यहां आने पर भी उनकी मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं।
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बस अड्डा परिसर दोपहर 12:30 बजे गोरखपुर जाने वाली बसों में चढ़ने के लिए यात्रियों को खूब मशक्कत करनी पड़ रही थी। सबसे ज्यादा परेशानी बरहज, कसया, पडरौना, पथरदेवा, पकहां, तरकुलवा जाने वाले यात्रियों ने झेली। इन जगहों पर जाने के लिए बसें नदारद थीं। दोपहर एक बजे बरहज के लिए एक बस आई तो इंतजार कर रही महिला यात्री उस ओर दौड़ पड़ी। बेटी को छोड़ने आई गिरिजा देवी ने बताया कि बेटी को छठ पर बुलाया था। आज छोड़ते समय उसका बेटा, सामान सभी साथ थे। उसे दोहरीघाट जाना है , लेकिन बस बरहज तक की ही मिली। अब उसे बरहज जाकर सवारी बदलनी पड़ेगी। बच्चे व सामान को कैसे संभालेगी, यही चिंता है। इधर बाहर जाने वाले जो लोग भी रोडवेज में आ रहे हैं, गोरखपुर व सलेमपुर रोड को छोड़कर अन्य जगह जाने वाले यात्रियों के चेहरे पर मायूसी ही दिखी। कुछ पुरुष व महिला यात्री अस्थाई बने टीन शेड में बसों का इंतजार कर रहे थे। 1.15 बजे तक पडरौना जाने के लिए बस आई तो पल भर में ही भर गई। अन्य जगहों पर जाने वाली बसों के आने पर सभी उधर ही सामान समेत दौड़़ पड़ते। इस दौरान धक्का मुक्की कर बस में चढ़ने की होड़ सी लगी रही।
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सदर रेलवे स्टेशन पर लगी भीड़
सदर रेलवे स्टेशन पर दिल्ली, मुंबई जाने वाली ट्रेनों में भी यात्रियों को जगह नहीं मिल रही है। जिनके टिकट कन्फर्म है उन्हें तो सीट मिल जा रही, लेकिन जिनके वेटिंग है वह खड़े होकर ही यात्रा करने को विवश हैं।
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खड़े होकर कर रहे यात्रा
रोज कसया से आईटीआई देवरिया आना होता है। अब देवरिया से कसया जाना है तो एक घंटे से बस का इंतजार कर रहे हैं। दो दिनों से भीड़ के चलते किसी तरह खड़े होकर यात्रा करनी पड़ रही है।
...अंकित मिश्रा, छात्र आईटीआई
पूछताछ केंद्र पर इंतजार करने को कहा
बरहज से आए हैं और कसया जाना है, लेकिन बसें नदारद हैं। परिवार भी साथ में हैं, समझ में नहीं आता क्या करें। पूछताछ केंद्र पर पूछा तो इंतजार करने की बात कही गई।
...संदीप कुमार पटेल
मंगलवार को दिल्ली के लिए दो बसें भेजी गई। अधिकांश यात्री गोरखपुर के ही थे। सुबह नौ से दोपहर एक बजे तक न तो बसें कम हुई और न ही यात्री। हर पांच मिनट में आने वाली बस भर जा रही थी। पर्व मनाने के बाद बाहर रहने वालों के जाने से यात्रियों की संख्या बढ़ी है। सभी बसें ऑन रोड रहीं। जैसे बसें आई बरहज, पडरौना, पकहां आदि जगहों पर भी भेजा गया।
....राकेश पति त्रिपाठी, वरिष्ठ केंद्र प्रभारी देवरिया डिपो

देवरिया रोडवेज से गोरखपुर जाने वाली बस में यात्रियो की लगी भीड।