{"_id":"694598eb1dd9ff92120abf72","slug":"municipal-board-councilors-and-employees-divided-into-two-camps-deoria-news-c-208-1-sgkp1013-170493-2025-12-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"नगर पालिका बोर्ड : दो खेमों में बंटे सभासद और कर्मचारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नगर पालिका बोर्ड : दो खेमों में बंटे सभासद और कर्मचारी
Fri, 19 Dec 2025 11:56 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Fri, 19 Dec 2025 11:56 PM IST
विज्ञापन
बरहज नगरपालिका कार्यालय में बोर्ड की बैठक स्रोत पालिका
बरहज। नगरपालिका गौरा-बरहज में बोर्ड की दो बार की बैठक के बाद भी विकास कार्यों को लेकर कोई ठोस निष्कर्ष नहीं निकल पाया है।
चर्चा है कि नगर पालिकाध्यक्ष श्वेता जायसवाल और ईओ निरुपमा प्रताप के बीच मतभेद के कारण ऐसी नौबत आई है। लोग इसे रेलवे मार्ग के तीन पार्ट में भेजे गए डीपीआर और मिली मंजूरी से जोड़कर देख रहे हैं।
कार्यालय में दो दिन पूर्व पालिका बोर्ड की बैठक बुलाई गई थी। ईओ निरुपमा प्रताप के विशेष कार्य से लखनऊ चले जाने के कारण बैठक स्थगित कर दिया गया था। इसे दोबारा बृहस्पतिवार को दोपहर बाद तीन बजे रखा गया, लेकिन इस बैठक में भी ईओ के लेट से पहुंचने की बात सामने आ रही है।
लोगों का कहना है कि देर शाम तक बोर्ड की चली बैठक के बाद भी कोई ठोस नतीजा सामने नहीं आ सका। बताया जा रहा है कि करीब एक पखवारे से ईओ और पालिकाध्यक्ष के बीच मतभेद है। कुछ दिन पूर्व करीब 1.15 करोड़ से बनने वाले रेलवे स्टेशन मार्ग के निर्माण के लिए कार्यालय की ओर से तीन पार्ट में स्टीमेट भेजा गया था। इसे मंजूरी मिल गई है।
विज्ञापन
बोर्ड की बैठक में 15 वें वित्त से वार्डों में छोटे-बड़े कार्यों को भी कराने पर जोर दिया गया। हालांकि मतभेद के कारण विकास कार्यों पर सहमति नहीं बन सकी है।
इस संबंध में नगर पालिकाध्यक्ष श्वेता जायसवाल ने बताया कि बोर्ड की बैठक में 15वें वित्त से कराये जाने वाले कार्यों पर चर्चा हुई है, लेकिन सहमति नहीं बन पाई है। रेलवे स्टेशन मार्ग निर्माण के लिए दो माह से धन आया हुआ है। किन्हीं कारणों से कार्य शुरू नहीं हो सका है, जल्द ही कार्य शुरू करा दिया जाएगा।
विज्ञापन
चर्चा है कि नगर पालिकाध्यक्ष श्वेता जायसवाल और ईओ निरुपमा प्रताप के बीच मतभेद के कारण ऐसी नौबत आई है। लोग इसे रेलवे मार्ग के तीन पार्ट में भेजे गए डीपीआर और मिली मंजूरी से जोड़कर देख रहे हैं।
कार्यालय में दो दिन पूर्व पालिका बोर्ड की बैठक बुलाई गई थी। ईओ निरुपमा प्रताप के विशेष कार्य से लखनऊ चले जाने के कारण बैठक स्थगित कर दिया गया था। इसे दोबारा बृहस्पतिवार को दोपहर बाद तीन बजे रखा गया, लेकिन इस बैठक में भी ईओ के लेट से पहुंचने की बात सामने आ रही है।
विज्ञापन
लोगों का कहना है कि देर शाम तक बोर्ड की चली बैठक के बाद भी कोई ठोस नतीजा सामने नहीं आ सका। बताया जा रहा है कि करीब एक पखवारे से ईओ और पालिकाध्यक्ष के बीच मतभेद है। कुछ दिन पूर्व करीब 1.15 करोड़ से बनने वाले रेलवे स्टेशन मार्ग के निर्माण के लिए कार्यालय की ओर से तीन पार्ट में स्टीमेट भेजा गया था। इसे मंजूरी मिल गई है।
विज्ञापन
बोर्ड की बैठक में 15 वें वित्त से वार्डों में छोटे-बड़े कार्यों को भी कराने पर जोर दिया गया। हालांकि मतभेद के कारण विकास कार्यों पर सहमति नहीं बन सकी है।
इस संबंध में नगर पालिकाध्यक्ष श्वेता जायसवाल ने बताया कि बोर्ड की बैठक में 15वें वित्त से कराये जाने वाले कार्यों पर चर्चा हुई है, लेकिन सहमति नहीं बन पाई है। रेलवे स्टेशन मार्ग निर्माण के लिए दो माह से धन आया हुआ है। किन्हीं कारणों से कार्य शुरू नहीं हो सका है, जल्द ही कार्य शुरू करा दिया जाएगा।