आई लव यू, मिस यू अर्चना लिखकर दी जान: पत्नी के थे प्रेमी से संबंध, ट्रेन से कटा पति; 300 मीटर दूर मिला कटा सिर
सुसाइट नोट में सिक्योरिटी गार्ड राकेश कुमार तिवारी ने एक गीत के बोल भी लिखे थे। उसने लिखा था कि दिल दिया था जान भी दे गए ए सनम..। कई बार उसने आई लव यू, आई मिस यू अर्चना लिखा था। उसने सुसाइट में लिखा है अर्चना मैंने अपने प्यार में क्या कमी छोड़ी, अगर कमी थी तो जीते जी मांग लेती, दिल खोलकर वह भी दे देता।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
यूपी के देवरिया सदर रेलवे स्टेशन के पास रविवार सुबह एक सिक्योरिटी गार्ड ने ट्रेन के आगे कूद कर खुदकशी कर ली। मृतक की पहचान लार थाना क्षेत्र के नदौली गांव निवासी राकेश कुमार तिवारी (40) के रूप में हुई है। उसके शव के पास से देवरिया डीएम को संबोधित एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है, जिसमें उसने पत्नी के प्रेम संबंध और पुलिस उपेक्षा को खुदकशी की वजह बताया है।
पुलिस से की शिकायत तो मांगने लगे पैसे
सुसाइड नोट में राकेश ने आरोप लगाया है कि उसकी पत्नी का किसी युवक से अवैध संबंध था। उसने इस मामले की शिकायत महिला थाना, बरहज थाना और अन्य पुलिस अधिकारियों से की, लेकिन किसी ने गंभीरता से नहीं लिया। राकेश ने महिला थाने के कुछ पुलिस कर्मियों पर अभद्रता और एक पूर्व महिला थानेदार पर पैसे मांगने का भी आरोप लगाया है।
मंदिर के पास मिला कटा सिर
घटना की सूचना मिलते ही रेलवे सुरक्षा बल, जीआरपी और डायल 112 पुलिस मौके पर पहुंची। जीआरपी के उपनिरीक्षक प्रभात चंद्र पाठक और 112 के हेड कांस्टेबल अवधेश यादव ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। मृतक का सिर घटनास्थल से 300 मीटर दूर मंदिर के पास मिला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। जीआरपी और आरपीएफ सुसाइड नोट की जांच कर रही है। मृतक के पास कोई रेल टिकट नहीं मिला।
जेब से मिला सुसाइड नोट
इस संबंध में जीआरपी इंस्पेक्टर दिनेश कुमार पांडेय ने बताया कि एक युवक का शव रेलवे ट्रैक के किनारे मिला है। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। उसके पॉकेट से एक सुसाइड लेटर भी बरामद हुआ है। जिसकी जांच की जा रही है।
शव हो गया था क्षति विक्षत, 300 मीटर दूर मिला शव
सदर रेलवे स्टेशन पर देवरिया-बैतालपुर रेलखंड पर स्टेशन से तीन सौ मीटर दूर गोरखपुर ओवरब्रिज के नीचे सुबह करीब साढ़े छह बजे राकेश ने किसी ट्रेन के आगे कूद कर खुदकशी कर ली थी। सूचना मिलने पर जीआरपी इंस्पेक्टर दिनेश कुमार पांडेय, आरपीएफ इंस्पेक्टर आस मोहम्मद दल बल के साथ पहुंचे। शव का सिर कुछ दूरी पर मंदिर के पास मिला। शव शरीर से कट कर अलग हो गए थे। जीआरपी ने जांच पड़ताल की तो उसके पास सुसाइट नोट मिला और उसकी पहचान मिली।
सुसाइट नोट में राकेश ने लिखा.. दिल दिया था जान भी दे गए ए सनम...
सुसाइट नोट में सिक्योरिटी गार्ड राकेश कुमार तिवारी ने एक गीत के बोल भी लिखे थे। उसने लिखा था कि दिल दिया था जान भी दे गए ए सनम..। कई बार उसने आई लव यू, आई मिस यू अर्चना लिखा था। उसने सुसाइट में लिखा है अर्चना मैंने अपने प्यार में क्या कमी छोड़ी, अगर कमी थी तो जीते जी मांग लेती, दिल खोलकर वह भी दे देता। अब तुझे कुलदीप सैनी ही दे सकता है। अंत में सबसे नीचे उसने अर्चना जी आपका पति राकेश तिवारी लिखा था।
तीन दिन पहले दिल्ली से आया था राकेश
ट्रेन के आगे कूद कर खुदकशी करने वाला राकेश तीन दिन पहले दिल्ली से गांव आया था। वह वहीं पर सिक्यूरिटी गार्ड की नौकरी करता था। ग्रामीणों की माने तो राकेश को पीने की भी लत थी। वह ग्रामीणों के बीच कम उठता-बैठता था। उसका ससुराल बरहज के कपरवार में था। वर्ष 2009 में अर्चना के साथ हुई थी। वह अपनी पत्नी अर्चना, दो बेटा व दो बेटी के साथ कुछ दिन तक लार में कमरा लेकर रह। उसकी पत्नी ज्यादातर अपने मायके में ही रह रही थी। उसकी हरकतों को लेकर राकेश शुरू से ही परेशान रहता था।