{"_id":"5d11021b8ebc3e56812ab58c","slug":"15613957216-deoria-news145","type":"story","status":"publish","title_hn":"जरूरी कागजात, सीसीटीवी फुटेज का रिकॉर्ड लेकर लौटी सीबीआई","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
जरूरी कागजात, सीसीटीवी फुटेज का रिकॉर्ड लेकर लौटी सीबीआई
विज्ञापन
लखनऊ और इलाहाबाद के विशेष ध्यानार्थ
जरूरी कागजात, सीसीटीवी फुटेज का रिकॉर्ड लेकर लौटी सीबीआई
जांच में सीबीआई के हाथ लगे हैं घटना से संबंधित अहम साक्ष्य
अमर उजाला ब्यूरो
देवरिया। लखनऊ के रियल एस्टेट कारोबारी मोहित अग्रवाल का अपहरण कर जेल में पिटाई और 45 करोड़ की संपत्ति पर हस्ताक्षर कराने के प्रकरण की जांच कर रही सीबीआई को अहम साक्ष्य मिले हैं। टीम रजिस्टर, मुलाकाती पत्र, अन्य रिकॉर्ड और सीसीटीवी कैमरी की फुटेज टीम अपने साथ ले गई है। सीबीआई ने यहां पांच दिन रुककर जांच की।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने माफिया और पूर्व सांसद अतीक अहमद समेत छह नामजद लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू की। 19 जून को सीबीआई के एसपी एसके खरे और विवेचक एएसपी प्रशांत कुमार श्रीवास्तव के साथ 18 सदस्य जिले में पहुंचे। उनके साथ चार चालक भी थे। पहले दिन शाम को दो घंटे तक जिला कारागार में टीम ने पूछताछ की। मोहित जायसवाल को भी साथ लाया गया था। टीम के सदस्यों ने कारागार में मोहित से कुछ कर्मचारियों की शिनाख्त भी कराई थी। टीम के सदस्यों ने जिला कारागार से मुलाकाती रजिस्टर, मुलाकात के लिए दिया गया प्रार्थना पत्र, घटना के बाद जांच रिपोर्ट, पूर्व जेल अधीक्षक, जेलर, डिप्टी जेलर, हेड वार्डेर और वार्डर के विरुद्ध की गई कार्रवाई और मुकदमों की पत्रावलियों को अपने कब्जे में ले लिया। 26 दिसंबर के दिन मेन गेट और अंदर के गेट पर तैनात बंदीरक्षकों, अतीक के बैरक में रह रहे बंदियों और नंबरदारों से भी पूछताछ की। एडीएम के नेतृत्व में बनी जांच टीम की रिपोर्ट भी ली। साक्ष्यों को लेकर टीम के सदस्य रविवार की देर रात लखनऊ के लिए रवाना हो गए।
इनसेट
कुछ मोबाइल नंबर भी ले गई है पुलिस
देवरिया। सीबीआई टीम जेल गेट पर लिखे गए कुछ मोबाइल नंबर भी नोट कर ले गई है। इसमें जेल के अधिकारी, बंदीरक्षकों समेत कुछ अन्य लोगों के नंबर लिखे हुए हैं। सीबीआई को उम्मीद है कि इन नंबरों से अतीक से हुई बातचीत की जानकारी और संबंधों के बारे में जानकारी मिल सकती है।
विज्ञापन
इनसेट में
डीएम-एसपी-एडीएम से ली घटना की जानकारी
देवरिया। सीबीआई टीम ने डीएम अमित किशोर, एसपी डॉ. श्रीपति मिश्र और एडीएम से मिलकर घटना के बारे में जानकारी ली। इन अधिकारियों ने जेल में छापेमारी की थी। इस दौरान क्या मिला, क्या हुआ आदि की जानकारी सीबीआई टीम ने ली है।
जेल के पूर्व अधिकारी आएंगे कार्रवाई की जद में
देवरिया। सीबीआई की जांच में प्रथम दृष्टया जेल के पूर्व अधिकारी फंसते नजर आ रहे हैं। जेल सूत्रों की मानें तो सीबीआई टीम के सदस्यों ने पूर्व जेल अधिकारियों के माफिया अतीक को जेल में छूट देने संबंधी जानकारी ली। सवालों में उलझने के चक्कर में पूछताछ के दौरान बंदीरक्षकों ने साफ-साफ बता दिया है। उम्मीद की जा रही है कि अभी सीबीआई टीम जेल के पूर्व अधिकारियों से लखनऊ में बुलाकर पूछताछ कर सकती है।
विज्ञापन
जरूरी कागजात, सीसीटीवी फुटेज का रिकॉर्ड लेकर लौटी सीबीआई
जांच में सीबीआई के हाथ लगे हैं घटना से संबंधित अहम साक्ष्य
अमर उजाला ब्यूरो
देवरिया। लखनऊ के रियल एस्टेट कारोबारी मोहित अग्रवाल का अपहरण कर जेल में पिटाई और 45 करोड़ की संपत्ति पर हस्ताक्षर कराने के प्रकरण की जांच कर रही सीबीआई को अहम साक्ष्य मिले हैं। टीम रजिस्टर, मुलाकाती पत्र, अन्य रिकॉर्ड और सीसीटीवी कैमरी की फुटेज टीम अपने साथ ले गई है। सीबीआई ने यहां पांच दिन रुककर जांच की।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने माफिया और पूर्व सांसद अतीक अहमद समेत छह नामजद लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू की। 19 जून को सीबीआई के एसपी एसके खरे और विवेचक एएसपी प्रशांत कुमार श्रीवास्तव के साथ 18 सदस्य जिले में पहुंचे। उनके साथ चार चालक भी थे। पहले दिन शाम को दो घंटे तक जिला कारागार में टीम ने पूछताछ की। मोहित जायसवाल को भी साथ लाया गया था। टीम के सदस्यों ने कारागार में मोहित से कुछ कर्मचारियों की शिनाख्त भी कराई थी। टीम के सदस्यों ने जिला कारागार से मुलाकाती रजिस्टर, मुलाकात के लिए दिया गया प्रार्थना पत्र, घटना के बाद जांच रिपोर्ट, पूर्व जेल अधीक्षक, जेलर, डिप्टी जेलर, हेड वार्डेर और वार्डर के विरुद्ध की गई कार्रवाई और मुकदमों की पत्रावलियों को अपने कब्जे में ले लिया। 26 दिसंबर के दिन मेन गेट और अंदर के गेट पर तैनात बंदीरक्षकों, अतीक के बैरक में रह रहे बंदियों और नंबरदारों से भी पूछताछ की। एडीएम के नेतृत्व में बनी जांच टीम की रिपोर्ट भी ली। साक्ष्यों को लेकर टीम के सदस्य रविवार की देर रात लखनऊ के लिए रवाना हो गए।
विज्ञापन
इनसेट
कुछ मोबाइल नंबर भी ले गई है पुलिस
देवरिया। सीबीआई टीम जेल गेट पर लिखे गए कुछ मोबाइल नंबर भी नोट कर ले गई है। इसमें जेल के अधिकारी, बंदीरक्षकों समेत कुछ अन्य लोगों के नंबर लिखे हुए हैं। सीबीआई को उम्मीद है कि इन नंबरों से अतीक से हुई बातचीत की जानकारी और संबंधों के बारे में जानकारी मिल सकती है।
विज्ञापन
इनसेट में
डीएम-एसपी-एडीएम से ली घटना की जानकारी
देवरिया। सीबीआई टीम ने डीएम अमित किशोर, एसपी डॉ. श्रीपति मिश्र और एडीएम से मिलकर घटना के बारे में जानकारी ली। इन अधिकारियों ने जेल में छापेमारी की थी। इस दौरान क्या मिला, क्या हुआ आदि की जानकारी सीबीआई टीम ने ली है।
जेल के पूर्व अधिकारी आएंगे कार्रवाई की जद में
देवरिया। सीबीआई की जांच में प्रथम दृष्टया जेल के पूर्व अधिकारी फंसते नजर आ रहे हैं। जेल सूत्रों की मानें तो सीबीआई टीम के सदस्यों ने पूर्व जेल अधिकारियों के माफिया अतीक को जेल में छूट देने संबंधी जानकारी ली। सवालों में उलझने के चक्कर में पूछताछ के दौरान बंदीरक्षकों ने साफ-साफ बता दिया है। उम्मीद की जा रही है कि अभी सीबीआई टीम जेल के पूर्व अधिकारियों से लखनऊ में बुलाकर पूछताछ कर सकती है।