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यहां बड़ी मुश्किल से हटा ‘इस्लामिया’
Updated Tue, 24 Jul 2018 11:44 PM IST
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देवरिया जिले के देसही देवरिया ब्लॉक के हरैया में स्थित प्राथमिक विद्यालय के नाम से मंगलवार को इस्लामिया शब्द मिटाया गया।
- फोटो : अमर उजाला
हरैया प्राथमिक विद्यालय पर एसडीएम की मौजूदगी में बदल दिया गया नाम
देवरिया। देसही देवरिया ब्लॉक के हरैया प्राथमिक विद्यालय से ‘इस्लामिया’ शब्द हटाने में मंगलवार को प्रशासन को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। रामपुर कारखाना थाना व हेतिपुर, महुआडीह चौकी पुलिस की मौजूदगी में एसडीएम ने कड़ा रुख अपनाया तब ग्रामीण विद्यालय का नाम बदलने पर राजी हुए। देर शाम विद्यालय भवन से ‘इस्लामिया’ शब्द मिटा दिया गया। हालांकि ग्रामीणों में इसे लेकर अब भी असंतोष है। उनका कहना है कि वर्षों से चली आ रही व्यवस्था में बदलाव उचित नहीं है।
बेसिक शिक्षा विभाग से जुड़े जिले के छह विद्यालयों का संचालन इस्लामिया प्राथमिक विद्यालय के नाम से हो रहा था। पिछले दिनों सलेमपुर के नवलपुर का मामला उजागर होने के बाद रामपुर कारखाना में तीन, देसही देवरिया और भलुअनी ब्लॉक में भी ऐसे विद्यालय मिले थे। डीएम के निर्देश के बाद सोमवार को पांच स्कूलों से तो ‘इस्लामिया’ शब्द हटा दिया गया, लेकिन देसही देवरिया ब्लॉक के हरैया प्राथमिक विद्यालय पर ग्रामीणों के विरोध के चलते नाम नहीं बदला जा सका था। मंगलवार को ग्रामीण प्रधान प्रतिनिधि जावेद खां के नेतृत्व में कलेक्ट्रेट पहुंचे। एसडीएम से मिलकर पुराने कागजात दिखाए। एसडीएम ने उन्हें शासन के निर्देशों का हवाला देते हुए तत्काल नाम बदलवाने की हिदायत देकर लौटाया।
इसके बाद बीईओ दयानंद गांव में विद्यालय का नाम बदलवाने पहुंचे तो फिर ग्रामीण विरोध करने लगे। स्थिति तनावपूर्ण देख रामपुर कारखाना एसओ, महुआडीह और हेतिमपुर चौकी प्रभारी फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। कुछ ही देर में एसडीएम रामकेश यादव भी आए। उन्होंने ग्रामीणों से वार्ता की। प्रधान प्रतिनिधि, अशफाक उल्ला, मु. राशिद, सैफूजहां, मु. जहांगीर सिद्दीकी, सरफराज आदि का कहना था कि विद्यालय की स्थापना से ही यह व्यवस्था चली आ रही है। यहां पढ़ने वाले अधिकांश बच्चे मुस्लिम समुदाय के हैं, लिहाजा शुक्रवार को विद्यालय बंद रखना उचित है। एसडीएम ने उच्चाधिकारियों के निर्देश का हवाला देते हुए हर हाल में ‘इस्लामिया’ शब्द हटाने को कहा, तब ग्रामीण सहमत हुए। शाम करीब साढ़े पांच बजे विद्यालय भवन पर अंकित ‘इस्लामिया’ शब्द मिटाने का काम शुरू हुआ।
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जिलाधिकारी को सौंपी गई जांच की रिपोर्ट
देवरिया। सलेमपुर ब्लॉक के नवलपुर, रामपुर कारखाना के करमहां, शामीपट्टी, व पोखरभिंडा, भलुअनी के जैतपुरा और देसही देवरिया के हरैया प्राथमिक विद्यालय को ‘इस्लामिया’ नाम देकर चलाने के मामले में जांच आख्या तैयार कर ली गई है। मंगलवार की शाम बीएसए ने इसकी रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप दी। अब सभी को इन स्कूलों को इस स्थिति में लाने के दोषी लोगों पर कार्रवाई का इंतजार है। इन विद्यालयों की जांच के लिए डीएम ने एडीएम वित्त एवं बीएसए के नेतृत्व में संयुक्त समिति बनाई थी। समिति ने अपनी रिपोर्ट डीएम को सौंप दी है।
इस्लामिया नाम से चल रहे प्राथमिक विद्यालयों की व्यवस्था को दुरुस्त किया जा रहा है। अब स्कूल बेसिक शिक्षा परिषद के दिशा निर्देश में ही चलेंगे। इन स्कूलों के निरीक्षण के बाद जांच आख्या को डीएम को सौंप दी गई है। इस मामले में जो भी दोषी होगा, शासन के निर्देशों के अनुसार उस पर कार्रवाई तय है। - संतोष कुमार देव पांडेय, बीएसए देवरिया।
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देवरिया। देसही देवरिया ब्लॉक के हरैया प्राथमिक विद्यालय से ‘इस्लामिया’ शब्द हटाने में मंगलवार को प्रशासन को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। रामपुर कारखाना थाना व हेतिपुर, महुआडीह चौकी पुलिस की मौजूदगी में एसडीएम ने कड़ा रुख अपनाया तब ग्रामीण विद्यालय का नाम बदलने पर राजी हुए। देर शाम विद्यालय भवन से ‘इस्लामिया’ शब्द मिटा दिया गया। हालांकि ग्रामीणों में इसे लेकर अब भी असंतोष है। उनका कहना है कि वर्षों से चली आ रही व्यवस्था में बदलाव उचित नहीं है।
बेसिक शिक्षा विभाग से जुड़े जिले के छह विद्यालयों का संचालन इस्लामिया प्राथमिक विद्यालय के नाम से हो रहा था। पिछले दिनों सलेमपुर के नवलपुर का मामला उजागर होने के बाद रामपुर कारखाना में तीन, देसही देवरिया और भलुअनी ब्लॉक में भी ऐसे विद्यालय मिले थे। डीएम के निर्देश के बाद सोमवार को पांच स्कूलों से तो ‘इस्लामिया’ शब्द हटा दिया गया, लेकिन देसही देवरिया ब्लॉक के हरैया प्राथमिक विद्यालय पर ग्रामीणों के विरोध के चलते नाम नहीं बदला जा सका था। मंगलवार को ग्रामीण प्रधान प्रतिनिधि जावेद खां के नेतृत्व में कलेक्ट्रेट पहुंचे। एसडीएम से मिलकर पुराने कागजात दिखाए। एसडीएम ने उन्हें शासन के निर्देशों का हवाला देते हुए तत्काल नाम बदलवाने की हिदायत देकर लौटाया।
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इसके बाद बीईओ दयानंद गांव में विद्यालय का नाम बदलवाने पहुंचे तो फिर ग्रामीण विरोध करने लगे। स्थिति तनावपूर्ण देख रामपुर कारखाना एसओ, महुआडीह और हेतिमपुर चौकी प्रभारी फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। कुछ ही देर में एसडीएम रामकेश यादव भी आए। उन्होंने ग्रामीणों से वार्ता की। प्रधान प्रतिनिधि, अशफाक उल्ला, मु. राशिद, सैफूजहां, मु. जहांगीर सिद्दीकी, सरफराज आदि का कहना था कि विद्यालय की स्थापना से ही यह व्यवस्था चली आ रही है। यहां पढ़ने वाले अधिकांश बच्चे मुस्लिम समुदाय के हैं, लिहाजा शुक्रवार को विद्यालय बंद रखना उचित है। एसडीएम ने उच्चाधिकारियों के निर्देश का हवाला देते हुए हर हाल में ‘इस्लामिया’ शब्द हटाने को कहा, तब ग्रामीण सहमत हुए। शाम करीब साढ़े पांच बजे विद्यालय भवन पर अंकित ‘इस्लामिया’ शब्द मिटाने का काम शुरू हुआ।
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जिलाधिकारी को सौंपी गई जांच की रिपोर्ट
देवरिया। सलेमपुर ब्लॉक के नवलपुर, रामपुर कारखाना के करमहां, शामीपट्टी, व पोखरभिंडा, भलुअनी के जैतपुरा और देसही देवरिया के हरैया प्राथमिक विद्यालय को ‘इस्लामिया’ नाम देकर चलाने के मामले में जांच आख्या तैयार कर ली गई है। मंगलवार की शाम बीएसए ने इसकी रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप दी। अब सभी को इन स्कूलों को इस स्थिति में लाने के दोषी लोगों पर कार्रवाई का इंतजार है। इन विद्यालयों की जांच के लिए डीएम ने एडीएम वित्त एवं बीएसए के नेतृत्व में संयुक्त समिति बनाई थी। समिति ने अपनी रिपोर्ट डीएम को सौंप दी है।
इस्लामिया नाम से चल रहे प्राथमिक विद्यालयों की व्यवस्था को दुरुस्त किया जा रहा है। अब स्कूल बेसिक शिक्षा परिषद के दिशा निर्देश में ही चलेंगे। इन स्कूलों के निरीक्षण के बाद जांच आख्या को डीएम को सौंप दी गई है। इस मामले में जो भी दोषी होगा, शासन के निर्देशों के अनुसार उस पर कार्रवाई तय है। - संतोष कुमार देव पांडेय, बीएसए देवरिया।