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दस्यु बलखड़िया का भाई कल्लू गिरफ्तार

Tue, 02 Jun 2015 11:06 PM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, चित्रकूट
ब्यूरो/ अमर उजाला, चित्रकूट Updated Tue, 02 Jun 2015 11:06 PM IST
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dacoit balkhadiya brother kallu arrested
दस्यु बलखड़िया के भाई पांच हजार के इनामी डकैत कल्लू पटेल को पुलिस ने सुरसेन चौराहे के पास से मंगलवार सुबह धर दबोचा। वह कई मामलों में वांछित था। दस्यु गैंग की तलाश में कांबिंग कर रही पुलिस टीम के लिए ये बड़ी कामयाबी मानी जा रही है। कल्लू की गिरफ्तारी गैंग तक पहुंचने की एक और कड़ी बन सकती है। एसपी पवन कुमार ने मंगलवार को प्रेसवार्ता बुलाकर पूरे मामले का खुलासा किया।
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एसपी ने बताया कि पहाड़ी थानाध्यक्ष मनीष कुमार को मुखबिर से सूचना मिली कि बलखड़िया गिरोह का सक्रिय सदस्य कल्लू पटेल पुत्र रामरतन पटेल निवासी बरुई मजरा रुखमा बुजुर्ग थाना बहिलपुरवा राजापुर से कमासिन जाने की फिराक में है। इस पर थानाध्यक्ष सिपाहियों के सुरसेन चौराहा पहुंचे। वहां कल्लू पुलिस को देखकर भागने लगा। इस बीच घेराबंदी कर पुलिस टीम ने कल्लू को पकड़ लिया। एसपी ने बताया कि कल्लू पर थाना बहिलपुरवा में कई मामले पंजीकृत हैं। इनमें वह फरार चल रहा था। इसे पकड़ने वाली पुलिस टीम में एसओ पहाड़ी के साथ आरक्षी हरगोविंद और अनुराग भी थे।
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गौरतलब है कि एसपी ने पुलिस कर्मियों को बलखड़िया गैंग के सफाये के निर्देश दे रखे हैं। इसके लिए पुलिस टीम बीहड़ के जंगलों में कांबिंग भी करती रहती है। कुछ दिनों पूर्व बलखड़िया का शार्प शूटर पकड़ा गया था। उसने गैंग को मदद देने में कुछ सफेदपोशों का हाथ होने का खुलासा किया था। इसके बाद गैंग को मदद पहुंचाने में दो अन्य लोगों को भी पुलिस ने दबोचा था। एसपी का कहना है कि बलखड़िया से जुड़े किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
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फरार होने के बाद गिरोह में शामिल हुआ
एसपी ने बताया कि फरार होने के बाद कल्लू गैंग में शामिल हो गया। 30 मार्च 2015 को लखनपुर जंगल के पास वृंदावन पटेल और मनमोहन उर्फ सुल्ताना की हत्या के मामले में इसका भी नाम आया था। इसके अलावा पिछले साल 16 जुलाई को बिलहरी के द्वारिका यादव के अपहरण में भी यह वांछित था। द्वारिका का अभी तक कोई पता नहीं चला। इसके अलावा भरतकूप और मारकुंडी के जंगलों में हुई पुलिस मुठभेड़ों में भी यह गैंग के साथ रहा।


कई मामले हैं दर्ज
कल्लू पर बहिलपुरवा, मारकुंडी और कर्वी कोतवाली में 14 मामले दर्ज हैं। सबसे ज्यादा नौ मामले बहिलपुरवा थाने में हैं। इसके अलावा कोतवाली में तीन और मारकुंडी थाने में दो मामले दर्ज हैं। इनमें से ज्यादातर डीए एक्ट, एनडीपीएस, गुंडा एक्ट के हैं।
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