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चलो बुलावा आया है माता ने बुलाया है
ब्यूरो अमर उजाला, चित्रकूट
Updated Mon, 19 Oct 2015 10:23 PM IST
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मंत्रोच्चार, पूजन और विधि विधान के अनुसार पष्ठी के दिन कई स्थानों पर देवी प्रतिमा की स्थापना हुई। देवी प्रतिमाआें के दर्शन के लिए दूर दराज से भक्त पांडालों में उमड़ पड़े।
मुख्यालय के अलावा सिविल लाइन ट्रैफिक चौराह, सदर बाजार एलआईसी तिराहे, पुरानी बाजार हनुमानजी मंदिर के पास सहित अन्य जगहों प्रतिमाअों की स्थ्ाापना की।
मऊ प्रतिनिधि के अनुसार, ब्लाक कार्यालय के पास बस स्टैंड में आनंदी माता मंदिर में श्रद्धालुओं का मेला सा लग रहा है। नवरात्र में यहां भीड़ उमड़ती है।
मंदिर परिसर में आनंदी माता के अलावा दुर्गा मां, गायत्री माता, शंकर जी और हनुमान जी के मंदिर हैं।
देखरेख कर रहे रामलाल श्रंगारी और व्यवस्था संभाले राजेश माली, रामू, पप्पू, बहोरी ने बताया कि इस प्राचीन मंदिर का इतिहास नहीं मालूम पर मान्यता बहुत है।
बताया कि मंदिर में लोग संतान, मुकदमों में जीत, गृह कलह से छुटकारा आदि मनौती लेकर आते हैं और मानमनौती पूरी होने पर पूड़ी, हलवे का भंडारा करते हैं।
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मुख्यालय के अलावा सिविल लाइन ट्रैफिक चौराह, सदर बाजार एलआईसी तिराहे, पुरानी बाजार हनुमानजी मंदिर के पास सहित अन्य जगहों प्रतिमाअों की स्थ्ाापना की।
मऊ प्रतिनिधि के अनुसार, ब्लाक कार्यालय के पास बस स्टैंड में आनंदी माता मंदिर में श्रद्धालुओं का मेला सा लग रहा है। नवरात्र में यहां भीड़ उमड़ती है।
मंदिर परिसर में आनंदी माता के अलावा दुर्गा मां, गायत्री माता, शंकर जी और हनुमान जी के मंदिर हैं।
देखरेख कर रहे रामलाल श्रंगारी और व्यवस्था संभाले राजेश माली, रामू, पप्पू, बहोरी ने बताया कि इस प्राचीन मंदिर का इतिहास नहीं मालूम पर मान्यता बहुत है।
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बताया कि मंदिर में लोग संतान, मुकदमों में जीत, गृह कलह से छुटकारा आदि मनौती लेकर आते हैं और मानमनौती पूरी होने पर पूड़ी, हलवे का भंडारा करते हैं।