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गुजरात से चित्रकूट पहुंचे 22 मजदूर, कराया मेदिकल परीक्षण
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बस स्टैंड पर गांव जाने के लिए वाहन का इंतजार करते गुजरात सूरत से आए मजदूर
- फोटो : CHITRAKUTT
गुजरात से चित्रकूट के 22 मजदूरों को लेकर आगरा ताज डिपो की बस मंगलवार की सुबह मुख्यालय पहुंचीं। इन सभी मजदूरों का मेडीकल परीक्षण कराया गया। शाम को मुख्यालय पहुंचे लोगों की जांच पुलिस अधीक्षक अंकित मित्तल ने कराई। इसके अलावा वाहनों को रोककर उसमें बैठे लोगों का मेडीकल परीक्षण कराया।
उधर, ताज डिपो बस के चालक फजल खां कंडेक्टर बबलू गौतम व सुरक्षाकर्मी भगवान दास ने आरोप लगाया कि उन्हें बार-बार कहने के बाद भी चित्रकूट व बांदा परिवहन विभाग के कर्मचारियों ने भोजन नहीं दिया। इससे वह भखे ही यहां से गए। सभी देर शाम को कानपुर पहुंचे। इसके अलावा बाहर से आने वालों से शहरी डरे हुए हैं।
सभी में कोरोना वायरस के फैलने का डर बना हुए है। इसलिए सभी मजदूरों को जहां बस्ती न हो वहां 14 दिनों के लिए रोका जाए। इस मामले में एआरएम बांदा परमानंद ने कहा कि आरोप गलत हैं। बांदा डिपो के बगल में ही विभागीय भोजनालय 24 घंटे चलता है। इस बस के चालक परिचालक ने इसकी जानकारी उन्हें नहीं दी अन्यथा उनका पूरा इंतजाम किया जाता।
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उधर, ताज डिपो बस के चालक फजल खां कंडेक्टर बबलू गौतम व सुरक्षाकर्मी भगवान दास ने आरोप लगाया कि उन्हें बार-बार कहने के बाद भी चित्रकूट व बांदा परिवहन विभाग के कर्मचारियों ने भोजन नहीं दिया। इससे वह भखे ही यहां से गए। सभी देर शाम को कानपुर पहुंचे। इसके अलावा बाहर से आने वालों से शहरी डरे हुए हैं।
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सभी में कोरोना वायरस के फैलने का डर बना हुए है। इसलिए सभी मजदूरों को जहां बस्ती न हो वहां 14 दिनों के लिए रोका जाए। इस मामले में एआरएम बांदा परमानंद ने कहा कि आरोप गलत हैं। बांदा डिपो के बगल में ही विभागीय भोजनालय 24 घंटे चलता है। इस बस के चालक परिचालक ने इसकी जानकारी उन्हें नहीं दी अन्यथा उनका पूरा इंतजाम किया जाता।
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