फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chandauli News ›   Weather changed due to intermittent rain

रुक रुककर हो रही बारिश से मौसम बदला

Fri, 26 Aug 2022 12:48 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 26 Aug 2022 12:48 AM IST
विज्ञापन
Weather changed due to intermittent rain
पीडीडीयू नगर। सावन में अल्पवर्षा के बाद भादो में हो रही बारिश से मौसम में परिवर्तन हुआ है। पिछले दो दिनों से जिले के कई हिस्सों में रुक रुककर बारिश हो रही है। बारिश से जहां लोगों को उमसभरी गर्मी से राहत मिली है वहीं किसानों की चिंता भी कम हुई है। पिछले 24 घंटे में जिले में 11 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग की माने तो आने वाले दिनों में बारिश का दौर जारी रह सकता है।
विज्ञापन

एक सप्ताह से बारिश न होने से उमसभरी गर्मी ने लोगों का हाल बेहाल कर रखा था। वहीं लगातार पुरवा हवा के चलने से पसीना सूखने का नाम नहीं ले रहा था। मंगलवार से मौसम बदला और शाम के बाद बादल छा गए। इसके साथ पुुरवा के स्थान पर पछुआ हवा चलने लगी। देर रात गरज-चमक के साथ करीब एक घंटे तक जोरदार बारिश होने से लोगों को गर्मी से राहत मिली। हालांकि बुधवार को दिनभर गर्मी ने फिर परेशान किया। बादलों के छंट जाने से तीखी धूप निकल आई जिससे लोग परेशान रहे। देर शाम को फिर बादलों ने आसमान पर डेरा जमा लिया। शाम से ठंडी हवा चलने लगी और रात के 11 बजे मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। इसके बाद पूरी रात रुक-रुककर बारिश होती रही। देर रात लगातार बारिश होने से मौसम में बदलाव आया है। वहीं मौसम में लगातार हो रहे उतार-चढ़ाव से लोग मौसमी बीमारियों के शिकार भी हो रहे हैं। मरीज सर्दी, खांसी, बुखार के साथ बदन में दर्द की शिकायत कर रहे हैं। डॉक्टरों की ओपीडी में मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है।
विज्ञापन

पूर्वांचल में बंगाल की खाड़ी से आने वाली आर्द्र पुरवा हवाओं के प्रभाव से छिटपुट बारिश का दौर जारी है। वर्तमान में उत्तर-पश्चिमी बंगाल की खाड़ी पर स्थित चक्रवाती परिसंचरण के उत्तर-पश्चिमी अग्रसरण के कारण जनपद चंदौली में जारी रहने की संभावना है।
विज्ञापन
विज्ञापन

अतुल कुमार सिंह, प्रभारी, राज्य कृषि मौसम केंद्र।
धीना। क्षेत्र में बुधवार की रात हुई अच्छी बरसात से किसानों ने राहत की सांस ली है। पर यह राहत उन्हीं किसानों को मिली है जिन्होंने परिश्रम व धन खर्च कर धान की रोपाई कर ली है। वहीं क्षेत्र में बहुत से किसान ऐसे भी हैं जिनके खेत पानी के अभाव में परती पड़े हैं।

ऐसे किसानों का कहना है कि ‘का बरखा जब कृषि सुखानी’ क्योंकि धान की नर्सरी खेतों में ही सूख गई है। वहीं जिन किसानों ने धान की रोपाई कर ली है उन किसानों ने बताया कि बुधवार की रात हुई बरसात से कुछ दिनों के लिए सिंचाई से राहत मिल गई है। बारिश से धान की फसल में लगने वाले रोग समाप्त हो जाएंगे। रोपे गए धान के खेतों में पानी के अभाव में दरारें पड़ने लगी थीं लेकिन इस बरसात से अच्छी राहत मिली है। हालांकि पूर्वी नरवन के डेढ़गावां, कुशहां, बहोरा, पिपरदहां, नूरी आदि गांवों के किसानों के काफी खेत परती पड़े हैं क्योंकि न तो नहरों में समय से पानी मिला और ना ही बिजली मिली है। बिजली के अभाव में निजी पंपिंग सेट रखने वाले किसानों के खेत भी परती पड़े हैं। संवाद
रिपोर्ट- धनंजय व रविशंकर पांडेय
संपादन- धनंजय
बाइट- 2670
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed