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Chandauli : "अब पछताए होत क्या जब चिड़ियां चुग गई खेत" बिक गई मिठाई, सरकारी रिपोर्ट चार महीने बाद आई
Wed, 05 Feb 2025 12:27 AM IST
वाराणसी ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, चंदौली
अमर उजाला नेटवर्क, चंदौली
Published by: वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 05 Feb 2025 12:27 AM IST
सार
इसे विभागीय सुस्ती कहें या फिर अव्यवस्था का चरम। बीते दिनों दशहरा और दीपावली पर्व पर आपने खूब मिठाईयां खाई लेकिन आपको जानकर आश्चर्य होगा कि जो खाद्य पदार्थ आपने ग्रहण किया है वो नुकसान करने वाला है। खाद्य विभाग की रिपोर्ट चार महीने बाद आई और उसमें कहा गया कि उस दौरान जो मिठाइयां बिकी उनमें आर्टिफिशियल फैट पाया गया।
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मिठाई की दुकान पर सजी हुई मिठाइयां।
विस्तार
नवरात्र और दीपावली पर जिले की प्रतिष्ठित दुकानों से खराब काजू की बर्फी और पनीर बेची गई थी। इसकी रिपोर्ट करीब चार महीने बाद आई है। अब खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन असुरक्षित खाद्य पदार्थों की बिक्री करने वाले दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी में जुटा है। संबंधित दुकानदारों को नोटिस जारी किया है।
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खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने अक्तूबर 2024 में कई मिठाई की दुकानों व रेस्टोरेंट से 49 सैंपल लिए थे। इनमें से दो की रिपोर्ट आई है। अभिहीत अधिकारी कुलदीप सिंह ने बताया कि क्षीर सागर की पनीर में एनिमल यानी गाय या भैंस के दूध का फैट नहीं मिला है। इसमें आर्टिफिशियल फैट पाया गया। इसका मतलब पाउडर या रिफाइंड मिलाकर पनीर बनाई गई थी।
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इसी तरह रसकुंज की काजू की बर्फी में काजू और खोआ का प्रयोग नहीं मिला है। बर्फी में जो तत्व पाए गए, वह खाने के लिए असुरक्षित माने जाते हैं। रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। प्रदेश में आठ जांच लैब हैं। दीपावली और नवरात्र में सभी जिलों से सैंपल जाते हैं। वैसे तो एक महीने में रिपोर्ट आ जाती है, लेकिन सैंपल ज्यादा होने से 40-45 दिन लग जाता है।
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उधर, खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से त्योहारों पर मिठाई की दुकानों की जांच की जाती है। सैंपल भी लिए जाते हैं। सैंपल जांच के लिए लैब में भेजने और रिपोर्ट आने में तीन से चार महीने लग जाते हैं। जब तक यह पता चलता है कि दुकान की मिठाई खाने लायक नहीं है, तब तक हजारों की संख्या में लोग उसे खरीद कर खा चुके होते हैं।
खाद्य एवं औषधि प्रशासन की रिपोर्ट में जिन दो दुकानों के पनीर और काजू की बर्फी के सैंपल फेल बताए गए हैं, उन दुकानों पर सामान्य दिनों में बड़ी भीड़ होती है।