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मोदी पतंग 30 रुपये से लेकर 300 में
ब्यूरो अमर उजाला चंदौली
Updated Wed, 14 Jan 2015 01:11 AM IST
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शहर में खिचड़ी पर्व पर पतंगबाजी को लेकर लोगों में जबर्दस्त उत्साह है।
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मोदी छाप पतंगों की खूब डिमांड है। बाजार में मोदी छाप पतंग 30 रुपये से
लेकर तीन सौ रुपये तक में बिक रही है।
मकर संक्रांति से पूर्व ही तमाम पतंगबाजों ने पतंग व मांझा की खरीदारी की। इसके चलते पतंग की दूकानों पर खरीदारों की भीड़ लगी रही। लोगों में पतंगबाजी का जुनून इस कदर छाया है कि भीषण शीतलहरी में भी उत्साह कम नहीं हुआ।
जनपद में हाड़ कंपा देने वाली ठंड है। इसके बाद भी बच्चे, किशोर, युवक, अधेड़ सभी पतंगबाजी के लिए घरों की छतों एवं मैदानों में भागदौड़ करते नजर आए। मकर संक्रांति के पूर्व ही बादलों के बीच आसमान रंग-बिरंगे पतंगों से पट गया। पर्व के चलते बाजार में पतंगों की कीमतें भी काफी बढ़ गई हैं।
बाजार में राजनेताओं एवं फिल्मी कलाकारों की तस्वीरों वाली पतंगें धड़ल्ले से बिक रही हैं। इनमें सबसे ज्यादा डिमांड मोदी की तस्वीर वाली पतंग की है। लोग दूकानदारों को इसकी मुहमांगी कीमत देने के लिए तैयार हैं। मोदी पतंग सामान्य तौर पर 30 से लेकर 300 रुपये में बिक रही है।
बाजार में मंझे की कीमत 30 से लेकर 500 रुपये तक है, जबकि पतंग पांच से लेकर 300 रुपये तक। मांझा दस रुपये तोले से लेकर 50 रुपये तोले में बिक रहा हैं। प्रशासन की सख्ती के बाद भी चाइना मांझा भी दूकानदारों द्वारा धड़ल्ले से बेचा गया।
दूकानदार संतोष कुमार ने बताया कि चाइना मांझे की बिक्री पर रोक है, लेकिन नगर से सटे ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे मंझों की बिक्री धड़ल्ले से हो रही है और बदनाम नगर के दूकानदार हो रहे हैं। बताया कि ग्रामीण दूकानदार वाराणसी से माल खरीदकर ला रहे हैं।
देशी मांझा कमजोर और महंगा होने की वजह से लोग चाइना मांझा ही बाहर से खरीदकर ला रहे हैं। इस संबंध में जिलाधिकारी एनके सिंह ने कहा कि चाइना मंझा के बिक्री की शिकायत नहीं मिली है। जानकारी होने पर कार्रवाई अवश्य की जाएगी।
मकर संक्रांति से पूर्व ही तमाम पतंगबाजों ने पतंग व मांझा की खरीदारी की। इसके चलते पतंग की दूकानों पर खरीदारों की भीड़ लगी रही। लोगों में पतंगबाजी का जुनून इस कदर छाया है कि भीषण शीतलहरी में भी उत्साह कम नहीं हुआ।
जनपद में हाड़ कंपा देने वाली ठंड है। इसके बाद भी बच्चे, किशोर, युवक, अधेड़ सभी पतंगबाजी के लिए घरों की छतों एवं मैदानों में भागदौड़ करते नजर आए। मकर संक्रांति के पूर्व ही बादलों के बीच आसमान रंग-बिरंगे पतंगों से पट गया। पर्व के चलते बाजार में पतंगों की कीमतें भी काफी बढ़ गई हैं।
बाजार में राजनेताओं एवं फिल्मी कलाकारों की तस्वीरों वाली पतंगें धड़ल्ले से बिक रही हैं। इनमें सबसे ज्यादा डिमांड मोदी की तस्वीर वाली पतंग की है। लोग दूकानदारों को इसकी मुहमांगी कीमत देने के लिए तैयार हैं। मोदी पतंग सामान्य तौर पर 30 से लेकर 300 रुपये में बिक रही है।
बाजार में मंझे की कीमत 30 से लेकर 500 रुपये तक है, जबकि पतंग पांच से लेकर 300 रुपये तक। मांझा दस रुपये तोले से लेकर 50 रुपये तोले में बिक रहा हैं। प्रशासन की सख्ती के बाद भी चाइना मांझा भी दूकानदारों द्वारा धड़ल्ले से बेचा गया।
दूकानदार संतोष कुमार ने बताया कि चाइना मांझे की बिक्री पर रोक है, लेकिन नगर से सटे ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे मंझों की बिक्री धड़ल्ले से हो रही है और बदनाम नगर के दूकानदार हो रहे हैं। बताया कि ग्रामीण दूकानदार वाराणसी से माल खरीदकर ला रहे हैं।
देशी मांझा कमजोर और महंगा होने की वजह से लोग चाइना मांझा ही बाहर से खरीदकर ला रहे हैं। इस संबंध में जिलाधिकारी एनके सिंह ने कहा कि चाइना मंझा के बिक्री की शिकायत नहीं मिली है। जानकारी होने पर कार्रवाई अवश्य की जाएगी।