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Chandauli News: मच्छरों का बढ़ा कुनबा, डेंगू का खतरा
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चंदौली। मच्छरों का कुनबा बढ़ने लगा है। न तो छिड़काव किया जा रहा है और न ही डेगूं का लारवा नष्ट करने के प्रयास किए जा रहे हैं। पिछले वर्ष जिले में 69 लोग डेंगू की चपेट में आए थे। स्वास्थ्य विभाग लोगों को सतर्क कर रहा है लेकिन एहतियाती उपाय नहीं किए जा रहे हैं।
डेंगू फैलाने वाले एडीज मच्छर साफ पानी में पनपते हैं। बारिश के बाद भी अभी बहुत से लोग कूलर में पानी भरे हुए हैं। छतों पर रखे टायर और दूसरी चीजों में भी साफ पानी भरा है। संक्रामक रोग नियंत्रण अभियान के तहत गांवों में मच्छरमार दवाओं का छिड़काव कराया जाना था लेकिन ऐसे एहतियाती उपाय नहीं अपनाए जा रहे हैं। डेंगू के मच्छर दिन में भी काटते हैं।
जनपद में पिछले वर्ष कुल 2300 सौ लोगों खून की जांच गई। इसमें 170 लोगों में डेंगू का संदेह होने पर एलाइजा टेस्ट कराया गया। डेंगू के 69 मरीजों की पुष्टि हुई थी। इस वर्ष अभी तक कोई डेंगू पीड़ित नहीं मिला है। स्वास्थ्य अधिकारियों का दावा है कि डेंगू से निपटने की पूरी तैयारी है। आशा एवं और ग्राम पंचायत के कर्मचारियों के माध्यम से लोगों डेंगू के बारे में जानकारी देकर सचेत रहने को कहा जा रहा है।
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जिला सहायक मलेरिया अधिकारी डॉ राजीव सिंह ने बताया कि इस वर्ष अभी तक कोई भी डेंगू का मरीज नहीं मिला है। इसके रोकथाम के लिए समय-समय पर जागरूकता कार्यक्रम चलाकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
डेंगू के लक्षण
पंडित कमलापति त्रिपाठी संयुक्त जिला चिकित्सालय के फिजिशयन डॉक्टर आरके वर्मा ने बताया कि डेंगू में बुखार के साथ हाथ-पैर में दर्द रहता है | भूख कम लगाना, जी मचलाना, उल्टी, ठंड के साथ बुखार आना, सिर और आंखों में तेज दर्द इसके लक्षण हैं। आंख, नाक से खून आ सकता है और त्वचा में लाल चकत्ते पड़ जाते हैं।
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डेंगू फैलाने वाले एडीज मच्छर साफ पानी में पनपते हैं। बारिश के बाद भी अभी बहुत से लोग कूलर में पानी भरे हुए हैं। छतों पर रखे टायर और दूसरी चीजों में भी साफ पानी भरा है। संक्रामक रोग नियंत्रण अभियान के तहत गांवों में मच्छरमार दवाओं का छिड़काव कराया जाना था लेकिन ऐसे एहतियाती उपाय नहीं अपनाए जा रहे हैं। डेंगू के मच्छर दिन में भी काटते हैं।
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जनपद में पिछले वर्ष कुल 2300 सौ लोगों खून की जांच गई। इसमें 170 लोगों में डेंगू का संदेह होने पर एलाइजा टेस्ट कराया गया। डेंगू के 69 मरीजों की पुष्टि हुई थी। इस वर्ष अभी तक कोई डेंगू पीड़ित नहीं मिला है। स्वास्थ्य अधिकारियों का दावा है कि डेंगू से निपटने की पूरी तैयारी है। आशा एवं और ग्राम पंचायत के कर्मचारियों के माध्यम से लोगों डेंगू के बारे में जानकारी देकर सचेत रहने को कहा जा रहा है।
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जिला सहायक मलेरिया अधिकारी डॉ राजीव सिंह ने बताया कि इस वर्ष अभी तक कोई भी डेंगू का मरीज नहीं मिला है। इसके रोकथाम के लिए समय-समय पर जागरूकता कार्यक्रम चलाकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
डेंगू के लक्षण
पंडित कमलापति त्रिपाठी संयुक्त जिला चिकित्सालय के फिजिशयन डॉक्टर आरके वर्मा ने बताया कि डेंगू में बुखार के साथ हाथ-पैर में दर्द रहता है | भूख कम लगाना, जी मचलाना, उल्टी, ठंड के साथ बुखार आना, सिर और आंखों में तेज दर्द इसके लक्षण हैं। आंख, नाक से खून आ सकता है और त्वचा में लाल चकत्ते पड़ जाते हैं।