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Chandauli News: डीएफसी निदेशक ने मालगाड़ियों के सुरक्षित परिचालन की व्यवस्था जांची
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पीडीडीयू नगर। डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (डीएफसी) के निदेशक परियोजना नियोजन पवन कुमार राय मंगलवार को दो दिवसीय दौरे पर न्यू पीडीडीयू जंक्शन पहुंचे। इससे पहले उन्होंने अधिकारियों की टीम के साथ मीरजापुर के न्यू उचडीह स्टेशन से न्यू पीडीडीयू जंक्शन तक रेल कार से विंडो ट्रेलिंग की। इस दौरान ट्रैक, पुल, सिग्नल, विद्युत और दूरसंचार समेत मालगाड़ियों के सुरक्षित परिचालन से जुड़ी व्यवस्थाओं की जांच की गई।
निरीक्षण के दौरान पुलों की संरक्षा, सिग्नल प्रणाली, न्यू स्टेशनों पर परिचालन संबंधी इंतजाम और पावर हाउस की कार्यप्रणाली भी परखी गई। ट्रैक या पुल में खामी मिलने पर उसे चिह्नित किया गया और सिग्नल, विद्युत व दूरसंचार व्यवस्था में कमी मिलने पर संबंधित विभाग को सुधार के निर्देश दिए गए।
निरीक्षण दल में कार्यकारी निदेशक संदेश श्रीवास्तव, पीडीडीयू यूनिट के मुख्य महाप्रबंधक अतुल कुमार, महाप्रबंधक सुरक्षा आशीष मिश्रा, समूह महाप्रबंधक ब्रिज सौरभ पटेल, महाप्रबंधक परिचालन श्रवण कुमार और महाप्रबंधक दूरसंचार बीएस तोमर शामिल रहे।
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इनसेट :
यात्री ट्रेनों के परिचालन में भी हुआ सुधार
डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के पूर्ण परिचालन से माल परिवहन की गति, क्षमता और समयबद्धता में सुधार हुआ है। मालगाड़ियों का मार्ग यात्री ट्रेनों से अलग होने से पारंपरिक रेलखंड पर परिचालन का दबाव कम हुआ है। ईस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर का करीब 1,078 किलोमीटर हिस्सा उत्तर प्रदेश से गुजरता है। पीडीडीयू मंडल इसकी महत्वपूर्ण कड़ी है। सोननगर की ओर से आने वाले कोयला, सीमेंट, खाद्यान्न और उर्वरक समेत भारी माल को उत्तर भारत के बाजारों तक पहुंचाने में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका है।
कोट :
डीएफसी के परिचालन से माल ढुलाई की गति, क्षमता और समयबद्धता बेहतर हुई है। विंडो ट्रेलिंग के माध्यम से कॉरिडोर की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया गया है। - पवन कुमार राय, निदेशक परियोजना नियोजन, डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर
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निरीक्षण के दौरान पुलों की संरक्षा, सिग्नल प्रणाली, न्यू स्टेशनों पर परिचालन संबंधी इंतजाम और पावर हाउस की कार्यप्रणाली भी परखी गई। ट्रैक या पुल में खामी मिलने पर उसे चिह्नित किया गया और सिग्नल, विद्युत व दूरसंचार व्यवस्था में कमी मिलने पर संबंधित विभाग को सुधार के निर्देश दिए गए।
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निरीक्षण दल में कार्यकारी निदेशक संदेश श्रीवास्तव, पीडीडीयू यूनिट के मुख्य महाप्रबंधक अतुल कुमार, महाप्रबंधक सुरक्षा आशीष मिश्रा, समूह महाप्रबंधक ब्रिज सौरभ पटेल, महाप्रबंधक परिचालन श्रवण कुमार और महाप्रबंधक दूरसंचार बीएस तोमर शामिल रहे।
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इनसेट :
यात्री ट्रेनों के परिचालन में भी हुआ सुधार
डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के पूर्ण परिचालन से माल परिवहन की गति, क्षमता और समयबद्धता में सुधार हुआ है। मालगाड़ियों का मार्ग यात्री ट्रेनों से अलग होने से पारंपरिक रेलखंड पर परिचालन का दबाव कम हुआ है। ईस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर का करीब 1,078 किलोमीटर हिस्सा उत्तर प्रदेश से गुजरता है। पीडीडीयू मंडल इसकी महत्वपूर्ण कड़ी है। सोननगर की ओर से आने वाले कोयला, सीमेंट, खाद्यान्न और उर्वरक समेत भारी माल को उत्तर भारत के बाजारों तक पहुंचाने में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका है।
कोट :
डीएफसी के परिचालन से माल ढुलाई की गति, क्षमता और समयबद्धता बेहतर हुई है। विंडो ट्रेलिंग के माध्यम से कॉरिडोर की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया गया है। - पवन कुमार राय, निदेशक परियोजना नियोजन, डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर