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अलग अलग स्थानों पर अगलगी में लाखों का सामान खाक
Updated Mon, 04 Dec 2017 01:18 AM IST
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आग
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शिकारगंज/कंदवा। जिले के अलग अलग स्थानों पर आग लगने से लाखों रुपये के सामान जल कर खाक हो गए। चकिया कोतवाली अंतर्गत शिकारगंज क्षेत्र के हेतिमपुर चट्टी पर धर्मेन्द्र मोदनवाल टेंट व इलेक्ट्रीक व्यवसायी के गोदाम में रविवार की भोर में अज्ञात कारणों से आग लग गई। इसमें लगभग 20 लाख रुपये मूल्य के सामान जल गए। गोदाम के पास सो रहा एक व्यक्ति भी झुलस गया। इसी तरह कंदवा के कुरौती में अज्ञात कारणों से पांच भाइयों की दस झोपड़ियां जल गई। इसमें नकदी, गहने सहित गृहस्थी का पूरा सामान जल गया। पांचों घर के लोग खुले आसमान के नीचे आ गए हैं।
शिकारगंज के नेवाजगंज गांव निवासी धर्मेन्द्र मोदनवाल टेंट व इलेक्ट्रिक सजावट का व्यवसाय करते हैं। इनका गोदाम हेतिमपुर स्थित चट्टी पर था। रविवार की भोर में लगभग तीन बजे अज्ञात कारणों से आग लग गई। देखते ही देखते गोदाम में रखा चारपाई, मेज, तोसक, रजाई, मेजपोस, दरी, टाट, फाइवर कुर्सी, वीआईपी कुर्सी, जयमाल कुर्सी, कैटरीन तथा सजावट के इलेक्ट्रीक के सामान जलकर नष्ट हो गये। गोदाम की बिल्डिंग आग की लपटो से क्षतिग्रस्त हो गई। आग की लपटों से पास ही में सो रहे नेवाजगंज गांव निवासी अखिलेश सिंह (35) भी झुलस गया। उन्हें इलाज के जिला अस्पताल पहुंचाया गया। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस तथा फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंच गई और आग पर काबू पा लिया। धर्मेन्द्र मोदनवाल ने बताया कि लगभग 25 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। इसी तरह कंदवा थाना अंतर्गत करौती गांव की मल्लाह बस्ती में रविवार को दिन में साढ़े 11 बजे अज्ञात कारणों से हनुमान चौधरी के झोपड़ी में आग लग गई। घटना के समय घर के सभी लोग खेत में काम करने के लिए गए हुए थे। इस दौरान छिटकी चिंगारी ने देखते ही देखते हनुमान चौधरी के सगे तीन भाइयों लल्लन चौधरी , फुल्लन चौधरी, बलराम चौधरी और पड़ोसी लालचंद चौधरी की दस झोपड़ियां जल गई। इस घटना में चारों भाइयों के करीब 30 कुंतल अनाज और पशुओं का चारा घर गृहस्थी का सारा सामान जल गया। वहीं इस घटना में पड़ोसी लालचंद की भी दो झोपड़ियों में आग लग गई और अनाज, गृहस्थी के समान सहित तमाम दस्तावेज जल गये। आग बुझाने के दौरान लालचंद की पत्नी सोनी देवी (45) भी झुलस गई। पीड़ित परिवार घटना के बाद जहां खुले आसमान के नीचे आ गया है वहीं दाने दाने को मोहताज हो गया है। ग्राम प्रधान ऊषा राय
अब कैसे होगे बेटी के हाथ पीले
कंदवा। आगलगी की इस घटना में सबसे ज्यादा नुकसान हनुमान चौधरी का हुआ है। उसकी बेटी की शादी 27 अप्रैल18 को होने वाली है। उसने बेटी की शादी के लिए सोने के आभूषण बनवा कर रखे थे, जो आग लगी कि घटना में जलकर राख हो गए। हनुमान चौधरी के अनुसार जले आभूषणों में सोने की बाली , सिकड़ी , अंगूठी , मंगलसूत्र , सोने की चार चूड़ियां , कर्णफूल , हंसुली सहित करीब ढाई लाख रुपये के आभूषण और 50 साड़ियां , दो सिलाई मशीन और 10 कुंतल गेहूं , 8 कुंतल चावल ,2 कुंतल चना ,2 कुंतल अरहर , 2 कुंतल बाजरा और उसके भाई फुल्लन के बिटिया के भी सोने और चांदी के करीब 20 हजार के आभूषण जलकर राख हो गए ।
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इनसेट-
सिलेंडर फटता तो जाती कई की जान
कंदवा। झोपड़ियों में लगी आग के दौरान जान की परवाह किए बगैर लालचंद की पत्नी सोनी ने रसोई गैस सिलेंडर
निकाल लिया। इस दौरान वह झुलस भी गई। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। यदि उसने हिम्मत नहीं की होती और आग से सिलेंडर फटता तो काफी नुकसान हो सकता था।
शिकारगंज के नेवाजगंज गांव निवासी धर्मेन्द्र मोदनवाल टेंट व इलेक्ट्रिक सजावट का व्यवसाय करते हैं। इनका गोदाम हेतिमपुर स्थित चट्टी पर था। रविवार की भोर में लगभग तीन बजे अज्ञात कारणों से आग लग गई। देखते ही देखते गोदाम में रखा चारपाई, मेज, तोसक, रजाई, मेजपोस, दरी, टाट, फाइवर कुर्सी, वीआईपी कुर्सी, जयमाल कुर्सी, कैटरीन तथा सजावट के इलेक्ट्रीक के सामान जलकर नष्ट हो गये। गोदाम की बिल्डिंग आग की लपटो से क्षतिग्रस्त हो गई। आग की लपटों से पास ही में सो रहे नेवाजगंज गांव निवासी अखिलेश सिंह (35) भी झुलस गया। उन्हें इलाज के जिला अस्पताल पहुंचाया गया। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस तथा फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंच गई और आग पर काबू पा लिया। धर्मेन्द्र मोदनवाल ने बताया कि लगभग 25 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। इसी तरह कंदवा थाना अंतर्गत करौती गांव की मल्लाह बस्ती में रविवार को दिन में साढ़े 11 बजे अज्ञात कारणों से हनुमान चौधरी के झोपड़ी में आग लग गई। घटना के समय घर के सभी लोग खेत में काम करने के लिए गए हुए थे। इस दौरान छिटकी चिंगारी ने देखते ही देखते हनुमान चौधरी के सगे तीन भाइयों लल्लन चौधरी , फुल्लन चौधरी, बलराम चौधरी और पड़ोसी लालचंद चौधरी की दस झोपड़ियां जल गई। इस घटना में चारों भाइयों के करीब 30 कुंतल अनाज और पशुओं का चारा घर गृहस्थी का सारा सामान जल गया। वहीं इस घटना में पड़ोसी लालचंद की भी दो झोपड़ियों में आग लग गई और अनाज, गृहस्थी के समान सहित तमाम दस्तावेज जल गये। आग बुझाने के दौरान लालचंद की पत्नी सोनी देवी (45) भी झुलस गई। पीड़ित परिवार घटना के बाद जहां खुले आसमान के नीचे आ गया है वहीं दाने दाने को मोहताज हो गया है। ग्राम प्रधान ऊषा राय
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अब कैसे होगे बेटी के हाथ पीले
कंदवा। आगलगी की इस घटना में सबसे ज्यादा नुकसान हनुमान चौधरी का हुआ है। उसकी बेटी की शादी 27 अप्रैल18 को होने वाली है। उसने बेटी की शादी के लिए सोने के आभूषण बनवा कर रखे थे, जो आग लगी कि घटना में जलकर राख हो गए। हनुमान चौधरी के अनुसार जले आभूषणों में सोने की बाली , सिकड़ी , अंगूठी , मंगलसूत्र , सोने की चार चूड़ियां , कर्णफूल , हंसुली सहित करीब ढाई लाख रुपये के आभूषण और 50 साड़ियां , दो सिलाई मशीन और 10 कुंतल गेहूं , 8 कुंतल चावल ,2 कुंतल चना ,2 कुंतल अरहर , 2 कुंतल बाजरा और उसके भाई फुल्लन के बिटिया के भी सोने और चांदी के करीब 20 हजार के आभूषण जलकर राख हो गए ।
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सिलेंडर फटता तो जाती कई की जान
कंदवा। झोपड़ियों में लगी आग के दौरान जान की परवाह किए बगैर लालचंद की पत्नी सोनी ने रसोई गैस सिलेंडर
निकाल लिया। इस दौरान वह झुलस भी गई। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। यदि उसने हिम्मत नहीं की होती और आग से सिलेंडर फटता तो काफी नुकसान हो सकता था।