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ग्रामीण चौकीदारों ने मांगा राज्य कर्मचारी का दर्जा
Updated Wed, 10 Jan 2018 01:13 AM IST
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ग्रामीण चौकीदारों की पहरेदार जन अधिकार यात्रा मंगलवार को जिला मुख्यालय पहुंची। यहां जिले के चौकीदारों ने यात्रा का स्वागत किया। विकास भवन के पास धरना स्थल पर हुई बैठक में चौकीदारों ने चतुर्थ श्रेणी राज्य कर्मचारी का दर्जा देने की मांग की।
वक्ताओं ने कहा कि ग्रामीण चौकीदार ब्रिटिश शासनकाल से ही सरकार की सेवा लगे हैं। चौकीदार पुलिस सूचना तंत्र का महत्वपूर्ण माध्यम हैं साथ ही गांव की रखवाली और जन्म-मृत्यु पंजीकरण सूचना भी समय-समय पर उपलब्ध कराते रहते हैं। पुलिस की जांच में भी चौकीदारों का सहयोग प्राप्त होता है। लेकिन बदले में चौकीदारों को शासन स्तर से पचास रुपये दिहाड़ी के रूप में मिलता है। चौकीदारों को उनका हक दिलाने के लिए पहरेदार भारती जन अधिकार यात्रा निकाली जा रही है। प्रत्येक संविदाकर्मी को राज्य कर्मचारी के समान वेतन मिले और अधिकार प्राप्त हों यही यात्रा का उद्देश्य है। चौकीदारों ने भोजन, शिक्षा, चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की भी मांग की। इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीकांत शुक्ल, प्रेमकुमार, नंदकिशोर, सियाराम, दरोगा, रामलाल आदि रहे।
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वक्ताओं ने कहा कि ग्रामीण चौकीदार ब्रिटिश शासनकाल से ही सरकार की सेवा लगे हैं। चौकीदार पुलिस सूचना तंत्र का महत्वपूर्ण माध्यम हैं साथ ही गांव की रखवाली और जन्म-मृत्यु पंजीकरण सूचना भी समय-समय पर उपलब्ध कराते रहते हैं। पुलिस की जांच में भी चौकीदारों का सहयोग प्राप्त होता है। लेकिन बदले में चौकीदारों को शासन स्तर से पचास रुपये दिहाड़ी के रूप में मिलता है। चौकीदारों को उनका हक दिलाने के लिए पहरेदार भारती जन अधिकार यात्रा निकाली जा रही है। प्रत्येक संविदाकर्मी को राज्य कर्मचारी के समान वेतन मिले और अधिकार प्राप्त हों यही यात्रा का उद्देश्य है। चौकीदारों ने भोजन, शिक्षा, चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की भी मांग की। इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीकांत शुक्ल, प्रेमकुमार, नंदकिशोर, सियाराम, दरोगा, रामलाल आदि रहे।
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