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कथावाचकों ने भक्तों को सुनाई प्रभु की कथा
Updated Thu, 01 Nov 2018 01:01 AM IST
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चंदौली। मानस एंव अध्यात्म प्रचार समिति की ओर से आयोजित श्रीराम जानकी शिव मठ मंदिर मंगलवार को कथावाचकों ने भक्तों को प्रभु श्रीराम की कथा सुनाई। जहां देर रात तक भक्त भगवान की भक्ति में लीन रहे।
मैहर से पधारी साध्वी अन्नपूर्णा ने विवाह प्रसंग की व्याख्या किया । कहा यदि कन्या और वर दोनों चाहते हैं कि एक दूसरे का विवाह हो तो वर को कोई डर नहीं विवाह कर लेना चाहिए। यदि केवल वर चाहता है औरत नहीं चाहती तो ऐसा नहीं करना चाहिए। वशिष्ठ नारायण उपाध्याय ने कहा रघुनाथ जी हनुमान जी के सर पर हाथ रख कर सीता जी की खोज करने का सारा बोझ दे देते हैं। उसी प्रकार इंसान यदि अभिविदन शील है तो उसका नुकसान नहीं होता है। बृजेश शास्त्री, प्रशांत पांडेय ने भगवान की कथा सुनाई। इस दौरान हरिद्वार सिंह, जयशंकर तिवारी, नीरज तिवारी, पंकज तिवारी, भानु प्रताप शर्मा, अशोक अग्रहरी,राकेश यादव, आशु गुप्ता, राजेश आदि उपस्थित थे।
मैहर से पधारी साध्वी अन्नपूर्णा ने विवाह प्रसंग की व्याख्या किया । कहा यदि कन्या और वर दोनों चाहते हैं कि एक दूसरे का विवाह हो तो वर को कोई डर नहीं विवाह कर लेना चाहिए। यदि केवल वर चाहता है औरत नहीं चाहती तो ऐसा नहीं करना चाहिए। वशिष्ठ नारायण उपाध्याय ने कहा रघुनाथ जी हनुमान जी के सर पर हाथ रख कर सीता जी की खोज करने का सारा बोझ दे देते हैं। उसी प्रकार इंसान यदि अभिविदन शील है तो उसका नुकसान नहीं होता है। बृजेश शास्त्री, प्रशांत पांडेय ने भगवान की कथा सुनाई। इस दौरान हरिद्वार सिंह, जयशंकर तिवारी, नीरज तिवारी, पंकज तिवारी, भानु प्रताप शर्मा, अशोक अग्रहरी,राकेश यादव, आशु गुप्ता, राजेश आदि उपस्थित थे।
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