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Bulandshahar News: रजवाहे में नहीं आ रहा पानी, किसान परेशान
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बुगरासी। किठौर रजवाहे में पानी नहीं आने से क्षेत्र के किसान परेशान हैं। वर्तमान में खेतों में गेहूं के लिए पलेवा चल रहा है। इसके लिए पानी की जरूरत है। बड़ी संख्या में छोटे किसान रजवाहे के पानी पर ही निर्भर हैं। किसानों ने रजवाहे में जिला प्रशासन से पानी छुड़वाने की मांग उठाई है।
खेतों में गेहूं की खेती के लिए पलेवा शुरू हो गया है। पलेवे के लिए पानी की जरूरत होती है लेकिन रहवाहे सूखे पड़े हैं। कस्बा क्षेत्र के गांव बुकलाना, सुलैला, घुंघरावली, मवई आदि सहित अनेक गांव से होकर किठौर रजवाहा निकलता है। रजवाहे के निकट वाले खेतों में बड़ी संख्या में किसान इसी रजवाहे के पानी से खेतों में पूर्ति करते हैं। किसान इन दिनों गहरी चिंता में हैं, क्योंकि क्षेत्र में पानी की गंभीर कमी के कारण गेंहू के पलेवा के लिए आवश्यक सिंचाई नहीं हो पा रही है। रजवाहा सूखा पड़ा है इसलिए खेतों को पानी नहीं मिल रहा, जिससे समय पर फसल की बुवाई और पलेवा प्रभावित हो रहा है।
खेतों में पानी की कमी के चलते गेंहू की फसल की पैदावार पर भारी असर पड़ने की आशंका बढ़ गई है। किसान अनिल कुमार, श्रीचंद सिंह, कुंवरपाल सिंह व अमित कुमार आदि का कहना है कि अगर जल्दी ही पानी उपलब्ध नहीं कराया गया, तो इस बार की गेंहू की फसल चौपट हो सकती है। पानी की समस्या को लेकर सिंचाई विभाग के अधिकारियों से भी कहा गया है, लेकिन उन्हें अब तक कोई ठोस समाधान नहीं मिल पाया है। सिंचाई के लिए ट्यूबवेल और अन्य संसाधनों की कमी के चलते किसान निजी साधनों से भी फसल की पलेवा नहीं कर पा रहे हैं। किसानों ने सरकार और स्थानीय प्रशासन से गुहार लगाई है कि पानी की व्यवस्था के लिए त्वरित कदम उठाए जाएं, ताकि उनकी मेहनत और लागत व्यर्थ न जाए। अगर जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं हुआ तो गेंहू की फसल के साथ-साथ किसान की आजीविका भी प्रभावित होगी।
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खेतों में गेहूं की खेती के लिए पलेवा शुरू हो गया है। पलेवे के लिए पानी की जरूरत होती है लेकिन रहवाहे सूखे पड़े हैं। कस्बा क्षेत्र के गांव बुकलाना, सुलैला, घुंघरावली, मवई आदि सहित अनेक गांव से होकर किठौर रजवाहा निकलता है। रजवाहे के निकट वाले खेतों में बड़ी संख्या में किसान इसी रजवाहे के पानी से खेतों में पूर्ति करते हैं। किसान इन दिनों गहरी चिंता में हैं, क्योंकि क्षेत्र में पानी की गंभीर कमी के कारण गेंहू के पलेवा के लिए आवश्यक सिंचाई नहीं हो पा रही है। रजवाहा सूखा पड़ा है इसलिए खेतों को पानी नहीं मिल रहा, जिससे समय पर फसल की बुवाई और पलेवा प्रभावित हो रहा है।
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खेतों में पानी की कमी के चलते गेंहू की फसल की पैदावार पर भारी असर पड़ने की आशंका बढ़ गई है। किसान अनिल कुमार, श्रीचंद सिंह, कुंवरपाल सिंह व अमित कुमार आदि का कहना है कि अगर जल्दी ही पानी उपलब्ध नहीं कराया गया, तो इस बार की गेंहू की फसल चौपट हो सकती है। पानी की समस्या को लेकर सिंचाई विभाग के अधिकारियों से भी कहा गया है, लेकिन उन्हें अब तक कोई ठोस समाधान नहीं मिल पाया है। सिंचाई के लिए ट्यूबवेल और अन्य संसाधनों की कमी के चलते किसान निजी साधनों से भी फसल की पलेवा नहीं कर पा रहे हैं। किसानों ने सरकार और स्थानीय प्रशासन से गुहार लगाई है कि पानी की व्यवस्था के लिए त्वरित कदम उठाए जाएं, ताकि उनकी मेहनत और लागत व्यर्थ न जाए। अगर जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं हुआ तो गेंहू की फसल के साथ-साथ किसान की आजीविका भी प्रभावित होगी।
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