फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bulandshahar News ›   subsidy on agricultural machines

कृषि यंत्रों पर 50 और फर्म मशीनरी पर मिलेगा 80 फीसदी अनुदान

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 10 Jun 2021 11:22 PM IST
विज्ञापन
subsidy on agricultural machines
कृषि यंत्रों पर 50 और फर्म मशीनरी पर मिलेगा 80 फीसदी अनुदान
विज्ञापन

बुलंदशहर। कृषि विभाग की फसल अवशेष प्रबंधन यंत्र और फर्म मशीनरी बैंक की स्थापना के लिए अनुदान योजना पंजीकरण शुरू हो गया है। पहले आओ-पहले पाओ की तर्ज पर लक्ष्य की सीमा तक अनुदान स्वीकृत किया जाएगा। इसके लिए तैयारी शुरू हो गई है।

फसल अवशेष प्रबंधन यंत्र के अंतर्गत मल्चर, जीरो टिल, सीड फर्टी ड्रिल, हाइड्रोलिक रिवर्सिबल एमवी प्याऊ, हैप्पी सीडर, सुपर सीडर, सुपर एसएसएस, पैडी स्ट्रा चॉपर, श्रोडर, श्राव मास्टर, रोटरी स्लैशर, रैंक, बेलर, स्वचलित और ट्रैक्टर चलित क्राप रीपर, स्वचलित रीप कम बाइंडर आते हैं। इसके अलावा फर्म मशीनरी बैंक स्थापित किया जा सकता है। दोनों ही तरह के कृषि यंत्रों की खरीद पर अनुदान मिलेगा। अधिकतम दो कृषि यंत्रों तक मूल्य का 50 फीसदी, जबकि फर्म मशनीरी के लिए 80 फीसदी अनुदान व्यवस्था शासन की ओर से की गई है। फर्म मशीनरी बैंक के लिए केवल कृषि उत्पाक समूह (एफपीओ), पंजीकृत कियान समितियां और राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविकास मिशन (एनआरएलएम) के समूह ही पात्र होंगे। इच्छुक किसान www.upagriculture.com पर यंत्र पर अनुदान के लिए टोकन निकाल सकते हैं। इसके बाद लिंक पर जाकर ऑनलाइन प्री-बुकिंग और टोकन जनरेट हो सकेगा। उप कृषि निदेशक आरपी चौधरी ने बताया कि शासन ने किसानों के लिए अनुदान पर कृषि यंत्र देने का आदेश जारी किया है। इच्छुक किसान अनुदान पर कृषि यंत्र प्राप्त करने के लिए अपना आवेदन कर सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed