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हत्या के तीन मामले, अलग-अलग अदालतें, फैसला उम्रकैद

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 11 Nov 2021 11:12 PM IST
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life time prisonment
हत्या के तीन मामले, अलग-अलग अदालतें, फैसला उम्रकैद
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बुलंदशहर। जिला न्यायालय स्थित अलग-अलग कोर्ट ने हत्या के तीन मामलों में 12 दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। मोहल्ला टांडा में युवक और अहार के गांव बड़पुरा में किसान की हत्या में पांच-पांच दोषियों को सजा दी गई। गंगा स्नान कर लौट रहे पलवल निवासी युवक की हत्या में दो को उम्रकैद की सजा सुनाने के साथ 20-20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया।
तीन आरोपियों को सात-सात साल की सुनाई गई सजा
बुलंदशहर। खेत पर गन्ने की फसल की रखवाली के लिए गए किसान सुबोध की हत्या के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक संख्या दो दानिस हसनैन की कोर्ट ने तीन भाइयों समेत पांच आरोपियों वीरपाल, पवन, मुकेश, संजीव और रनवीर आरोपियों को हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा सुनाते हुए 51-51 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। साथ ही तीन आरोपियों बसंत, कलुआ और अरुण को हत्या के प्रयास के मामले में सात-सात साल की सजा और 16-16 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
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अपर जिला शासकीय अधिवक्ता सुरेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि 31 अक्टूबर 2011 को अहार क्षेत्र के गांव बड़पुरा निवासी दयाराम ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसके बेटे प्रदीप, सुबोध व प्रमोद अपनी गन्ने की फसल की रखवाली के लिए खेत पर गए थे। खेत पर पहले से ही घात लगाकर बैठे पवन, मुकेश, संजीव, रनवीर, रविंद्र , बसंत, कलुआ और वीरपाल ने रायफल, तमंचे समेत अन्य हथियारों से उन पर हमला कर दिया। आरोप लगाया कि इसी दौरान सुबोध को गोली लगी, जबकि प्रदीप व प्रमोद के साथ आरोपियों ने बंदूक व तमंचे की बट से मारपीट कर घायल किया था। पुलिस ने जांच करते हुए आरोपियों से पूछताछ की तो वारदात के 16 दिन बाद अहार के गोला कुआं से सुबोध का शव बरामद हुआ था। इसके बाद पुलिस ने एफआईआर में हत्या की धारा जोड़ी थी। मामले में पुलिस ने वीरपाल, अरुण और कलुआ को गिरफ्तार किया था। वीरपाल, अरुण, कलुआ और बसंत के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट पेश की थी।
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पिता व तीन पुत्र समेत पांच को आजीवन कारावास
बुलंदशहर। देहात क्षेत्र के मोहल्ला टांडा में युवक ईश्वर की हत्या के मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश हेमंत कुमार ने प्रेमदास, उसके बेटे रोहित, चिंटू और मिंटू तथा सागर को उम्रकै द के साथ ही 17-17 हजार रुपये का अर्थदंड की सजा सुनाई है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी तीन अक्तूबर 2014 को कोतवाली देहात में टांडा निवासी बॉबी ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि घटना के दिन मोहल्ले के कुछ युवक मेला देखकर लौट रहे थे। इसी दौरान उनमें विवाद हो गया था। मेरा भाई ईश्वर उनके पास पहुंचकर उन्हें समझाने लगा तो मोहल्ला निवासी रोहित, प्रेमदास, रिंकू, मिंटू, चिंटू और रोहित हाथों में फरसा, लाठी-डंडे लेकर मौके पर पहुंचे और ईश्वर पर हमला कर दिया। शोर सुनकर ईश्वर को बचाने के लिए बॉबी, ललिता व शोभा मौके पर पहुंचे तो आरोपियों ने उन पर भी हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। दिल्ली में उपचार के दौरान ईश्वर की मौत हो गई थी।
गंगा स्नान कर लौट रहे युवक की हत्या में दो को उम्रकैद
बुलंदशहर। गढ़ स्थित गंगा से स्नान कर लौट रहे पलवल निवासी भरतपाल की हत्या के मामले में अतिरिक्त जिला न्यायाधीश रामप्रताप सिंह की कोर्ट ने महेंद्र सिंह व जसवीर को उम्रकैद की सजा सुनाते हुए 20-20 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। साथ ही महेंद्र सिंह को आर्म्स एक्ट के तहत एक वर्ष की सजा और पांच हजार रुपये अर्थदंड लगाया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता विमल कुमार ने बताया कि 14 नवंबर 2016 को हरियाणा के पलवल जिले के अल्लिका निवासी रूपचंद ने स्याना पुलिस को शिकायत देकर बताया था कि वह गढ़ स्थित गंगा में स्नान कर लौट रहा था। एक गाड़ी में उनके भाई भरतपाल व दिगंबर पाल सवार थे, जबकि दूसरी गाड़ी में वह अपने परिवार के साथ थे। स्याना थाना क्षेत्र के गांव बरौली से आगे पहुंची तो पीछे एक सफेद रंग की कार आई । आरोपियों ने भाई की कार से सटाकर भरतपाल को गोली मार दी। कार रुकी तो आरोपियों ने कार से नीचे आकर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाकर भरतपाल की हत्या कर दी। इसी दौरान दूसरा भाई दिगंबर पाल गाड़ी से कूदकर झाड़ियों में भाग गया। दिगंबर पाल ने आरोपियों को गोली चलाते हुए नजदीक से देखा था। इसके बाद आरोपी महेंद्र, जसवीर, मेहरचंद उर्फ कल्लू के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई थी।
नाबालिग के साथ शादी करने पर दस साल की जेल
बुलंदशहर। नरसेना क्षेत्र निवासी एक नाबालिग के साथ शादी करने के मामले में कोर्ट ने आरोपी को दस साल की सजा और दस हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश पॉक्टो एक्ट तृतीय गुलाम मुस्तफा की कोर्ट ने आरोपी को दुष्कर्म के मामले में तो बरी किया, लेकिन शादी करने के दौरान किशोरी की उम्र 18 वर्ष से कम होने के चलते दस साल की सजा सुनाई है। साथ ही दस हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है।

विशेष लोक अभियोजक एड. धर्मेंद्र सिंह राघव ने बताया कि नरसेना के एक गांव निवासी पीड़ित ने तीन फरवरी 2018 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी बेटी कक्षा 11 की छात्रा भी। सुबह स्कूल जाने के दौरान वह अचानक गायब हो गई थी। पूछताछ और खोजबीन करने के दौरान पता चला कि आरोपी मिथुन उसे बहला-फुसलाकर ले गया है। काफी खोजबीन के बाद भी बेटी का कोई सुराग नहीं लगा। इसके बाद पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर तलाश शुरू की थी। करीब दो माह 20 दिन बाद किशोरी को बरामद करते हुए आरोपी को गाजियाबाद से गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में किशोरी ने बताया कि आरोपी ने उसे बहला-फुसलाकर मंदिर में ले जाकर उसके साथ शादी की थी और मेरठ व गाजियाबाद में ले जाकर इस अवधि में दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजते हुए कोर्ट में चार्जशीट पेश की थी।
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