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तस्करों ने दुर्लभ बारहसिंगा का किया शिकार
अमर उजाला ब्यूरो, बुगरासी
Updated Wed, 30 Mar 2016 09:32 PM IST
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तस्करों ने दुर्लभ बारहसिंगा का किया शिकार
- फोटो : अमर उजाला
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दुर्लभ पशुओं के अंगों की तस्करी करने वाले तस्करों ने मंगलवार की रात निजामपुर बसीबांगर के जंगल में बारहसिंगा को मार डाला। मौके पर अचानक पहुंची वन विभाग की टीम को देखकर तस्कर बारहसिंगा के शव को छोड़कर भाग गए।
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अब वन विभाग के अफसर बारहसिंगा को पहाड़ी जानवर बताकर मामले को रफादफा करने की कोशिश करते हुए तस्करों को बचाने में जुटे हुए हैं। जानकारी के मुताबिक निजामपुर-बसीबांगर के जंगल में दुर्लभ प्रजाति के बारहसिंगा रहते हैं। इन पशुओं की खाल तथा सींग बेशकीमती होने के कारण तस्कर चोरी-छिपे अक्सर इनका शिकार करते हैं।
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सूत्रों के अनुसार वन विभाग के अधिकारी मंगलवार रात जंगल में घूम रहे थे। इसी दौरान उन्हें मृत बारहसिंगा पड़ा मिला। अधिकारियाें को देखते ही तस्कर भाग गए। वन विभाग के अधिकारियों ने मामले का दबाते हुए आनन-फानन में बारहसिंगा के शव को जंगल में ही दफना दिया। अब विभागीय अधिकारी दुर्लभ प्रजाति के बारहसिंगा को पहाड़ी जानवर बताकर मामले को रफादफा करने में जुटे हुए हैं।
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अलग-अलग हैं अधिकारियों के बयान
एक ओर वन रक्षक सुरेंद्र सिंह भाटी ने किसी मृत जानवर के मिलने की बात से ही इंकार कर दिया। जबकि, डिप्टी रेंजर प्रेमपाल सिंह ने बताया कि कुत्तों द्वारा मारा गया एक पहाड़ी जानवर मिला है। अनूपशहर में उसका पोस्टमार्टम कराकर दफना दिया गया है। उधर, अनूपशहर के पशु चिकित्सक शिव कुमार ने बताया कि पिछले दो दिनों में किसी भी जानवर का पोस्टमार्टम ही नहीं किया गया है।
तस्कर लगा देते हैं जंगल में आग
क्षेत्र का जंगल हजारों बीघे में फैला हुआ है। तस्कर अक्सर जंगल में आग भी लगा देते हैं। आग लगने से ऊंची झाड़ियां जल जाती हैं और दुर्लभ प्रजाति के जानवर खुले में घूमने लगते हैं। इससे तस्कर आराम से जानवरों का शिकार करते हैं। पिछले दो वर्षों से क्षेत्र के हजारों बीघा जंगल में आग लगाई गई है।