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किसानों के साथ धोखाधड़ी, मिल प्रबंधक पर रिपोर्ट दर्ज
Updated Sun, 06 May 2018 11:08 PM IST
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किसानों के साथ धोखाधड़ी, मिल प्रबंधक पर रिपोर्ट दर्ज
- क्षमता के अनुसार मिल ने नहीं की पेराई
- सहकारी विकास गन्ना समिति के सचिव ने दर्ज कराई रिपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो
बुलंदशहर। शासन के आदेशों के बाद भी गन्ना क्रय केन्द्रों को समय से पूर्व बंद कर दिया गया। मामला सामने आने पर गन्ना समिति के सचिव ने मिल महाप्रबंधक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने की कार्रवाई की है। मिल द्वारा अपनी क्षमता के अनुसार भी पेराई नहीं की गई।
शासन ने गन्ना सीजन शुरू होने से पूर्व साबितगढ़ चीनी मिल को 6500 टी सीडी की क्षमता से पेराई करने का लक्ष्य दिया था। बाद में अब शासन द्वारा आदेश दिए थे कि जब तक किसानों के खेत में गन्ना रहेगा तब तक मिल बंद नहीं की जाएंगी। शासन के सख्त आदेशों के बाद भी साबितगढ़ मिल प्रबंधन ने इस संबंध में कोई रुचि नहीं दिखाई। जांच में पता चला कि बीबीनगर क्षेत्र के गन्ना क्रय केंद्र मडौना तृतीय, चित्सौना व महाव को समय से पूर्व ही बंद कर दिया गया है। शासन के आदेशों के बाद मिल प्रबंधन द्वारा खेतों में खड़े गन्ने के लिए कोई सर्वे भी नहीं कराया गया। पूरे मामले में सहकारी विकास गन्ना समिति स्याना के सचिव जीपी गोस्वामी ने साबितगढ़ मिल के मुख्य महाप्रबंधक दिनेश चहल के खिलाफ बीबीनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
क्षमता से कम की है मिल ने पेराई
सहकारी विकास गन्ना समिति के सचिव वीपी गोस्वामी ने बताया कि मिल प्रबंधक द्वारा सत्र में क्षमता से कम गन्ना पेराई की गई है। मिल को शासन द्वारा 6500 टी सीडी की क्षमता दी गई थी, जबकि मिल द्वारा क्षमता से कम मात्र 5000 टी सीडी ही पेराई की गई है।
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- क्षमता के अनुसार मिल ने नहीं की पेराई
- सहकारी विकास गन्ना समिति के सचिव ने दर्ज कराई रिपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो
बुलंदशहर। शासन के आदेशों के बाद भी गन्ना क्रय केन्द्रों को समय से पूर्व बंद कर दिया गया। मामला सामने आने पर गन्ना समिति के सचिव ने मिल महाप्रबंधक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने की कार्रवाई की है। मिल द्वारा अपनी क्षमता के अनुसार भी पेराई नहीं की गई।
शासन ने गन्ना सीजन शुरू होने से पूर्व साबितगढ़ चीनी मिल को 6500 टी सीडी की क्षमता से पेराई करने का लक्ष्य दिया था। बाद में अब शासन द्वारा आदेश दिए थे कि जब तक किसानों के खेत में गन्ना रहेगा तब तक मिल बंद नहीं की जाएंगी। शासन के सख्त आदेशों के बाद भी साबितगढ़ मिल प्रबंधन ने इस संबंध में कोई रुचि नहीं दिखाई। जांच में पता चला कि बीबीनगर क्षेत्र के गन्ना क्रय केंद्र मडौना तृतीय, चित्सौना व महाव को समय से पूर्व ही बंद कर दिया गया है। शासन के आदेशों के बाद मिल प्रबंधन द्वारा खेतों में खड़े गन्ने के लिए कोई सर्वे भी नहीं कराया गया। पूरे मामले में सहकारी विकास गन्ना समिति स्याना के सचिव जीपी गोस्वामी ने साबितगढ़ मिल के मुख्य महाप्रबंधक दिनेश चहल के खिलाफ बीबीनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
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क्षमता से कम की है मिल ने पेराई
सहकारी विकास गन्ना समिति के सचिव वीपी गोस्वामी ने बताया कि मिल प्रबंधक द्वारा सत्र में क्षमता से कम गन्ना पेराई की गई है। मिल को शासन द्वारा 6500 टी सीडी की क्षमता दी गई थी, जबकि मिल द्वारा क्षमता से कम मात्र 5000 टी सीडी ही पेराई की गई है।
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