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राहत ः बैंकों में दिनभर बंटा कैश
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर
Updated Thu, 22 Dec 2016 10:30 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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जनपद की करेंसी चेस्ट में बृहस्पतिवार को 35 करोड़ रुपये पहुंच गए। सुबह से ही बैंकों की विभिन्न शाखाओं पर लोगों की लंबी कतारें लग गईं। बैंकों ने भी शाम तक कैश बांटा। इस दौरान पुलिस भी मुस्तैद रही। मालूम रहे नोटबंदी के बाद से बैंक कैश की किल्लत से जूझ रहे हैं। बीते तीन-चार दिन से कैश को लेकर दिक्कतें बढ़ गईं थी।
खासतौर पर पंजाब नेशनल बैंक की शाखाओं में कैश न होने के कारण लोगों का गुस्सा फूटने लगा था। ग्रामीण इलाकों में तो बैंक के बाहर लोगों ने तकरीबन रोज ही हंगामा किया जिससे सड़क जाम के हालात पैदा हो गए। बृहस्पतिवार को आरबीआई की ओर से जिले के करेंसी चेस्ट में 35 करोड़ पहुंच गए। सुबह से ही बैंकों पर लोगों की कतारें लग गईं।
देखते ही देखते एटीएम और बैंक शाखाओं के सामने लंबी कतार लग गई। पीएनबी डीएम रोड, एक्सिस बैंक, बैंक ऑफ इंडिया सिविल लाइन, सिंडिकेट बैंक डीएम रोड, इलाहाबाद बैंक सिविल लाइन, ऑरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स मोतीबाद, स्टेट बैंक मोतीबाग में लोगों की लंबी कतार लगी रही। पंजाब नेशनल बैंक की सिविल लाइन और यमुनापुरम शाखा में दिनभर कैश बांटा गया।
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सिविल लाइन पीएनबी शाखा के प्रबंधक गुलशन कपूर ने कहा है कि बैंक में विकलांग, सीनियर सिटीजन महिला और कॉमन लोगों की अलग कतार हैं। सभी को समान रुप से मेंनटेन किया जा रहा है। ब्रांच में शाम पांच बजे तक कैश बांटा गया।
बुगरासी के इलाहाबाद बैंक मंे नहीं आया कैश
कस्बे के इलाहाबाद बैंक में कैश नहीं होने से बृहस्पतिवार को उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। कस्बे में दो बैंक हैं। बैंक में एक दिन कैश बंटने के बाद अगले दिन कैश ही नहीं आता है। कई बार तो दो से तीन दिन तक कैश नहीं आता है। बृहस्पतिवार को कस्बे के इलाहाबाद बैंक में कैश नहीं आया।
वहीं सर्व यूपी ग्रामीण बैंक में भी तीन दिन बाद बृहस्पतिवार को कैश आने के बाद उपभोक्ताओं को दिया गया। आरबीआई ने 35 करोड़ रुपये भेजे थे। डिमांड के हिसाब से बैंकों को धनराशि भेजी गई। तमाम बैंकों में ग्राहकों को नई करेंसी बांटी गई। - सतपाल मेहता, एलडीएम, बुलंदशहर
200 एटीएम में सिर्फ 35 पर कैश
जनपद में 200 एटीएम में से बृहस्पतिवार को महज 35 एटीएम में करीब तीन करोड़ रुपये लोड डाले गए। इनमें से पीएनबी के 23 और एसबीआई के 12 एटीएम थे। हालांकि प्राइवेट बैंक एसडीएफसी और एक्सिस बैंक के एटीएम के कैश नहीं होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
बैंक में कैश जरूर था मगर चार घंटा कतार में खड़ा रहने के बाद कैश मिल सका। पर्याप्त कैश फिर भी नहीं मिला। -सुमित कुमार व्यापारी
उनको 24 हजार की जरूरत थी मगर कैश मिला महज 10 हजार रुपये। जिस काम के लिए जरूरत थी वह नहीं हो सका।-अंजली सिंह ग्रहणी
गेहूं की फसल में खाद डालने को पैसे निकालने गया था। मगर पैसा कम मिला। कल फिर से कतार में खड़ा होना पड़ेगा।- चमन सिंह किसान
बैंकों के सामने कतार कम नहीं होने से काफी दिक्कत हुई। बृहस्पतिवार को चेक से पैसा नहीं मिला। एटीएम ने भी मायूस किया।-मुकेश कुमार, शिक्षक
खासतौर पर पंजाब नेशनल बैंक की शाखाओं में कैश न होने के कारण लोगों का गुस्सा फूटने लगा था। ग्रामीण इलाकों में तो बैंक के बाहर लोगों ने तकरीबन रोज ही हंगामा किया जिससे सड़क जाम के हालात पैदा हो गए। बृहस्पतिवार को आरबीआई की ओर से जिले के करेंसी चेस्ट में 35 करोड़ पहुंच गए। सुबह से ही बैंकों पर लोगों की कतारें लग गईं।
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देखते ही देखते एटीएम और बैंक शाखाओं के सामने लंबी कतार लग गई। पीएनबी डीएम रोड, एक्सिस बैंक, बैंक ऑफ इंडिया सिविल लाइन, सिंडिकेट बैंक डीएम रोड, इलाहाबाद बैंक सिविल लाइन, ऑरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स मोतीबाद, स्टेट बैंक मोतीबाग में लोगों की लंबी कतार लगी रही। पंजाब नेशनल बैंक की सिविल लाइन और यमुनापुरम शाखा में दिनभर कैश बांटा गया।
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सिविल लाइन पीएनबी शाखा के प्रबंधक गुलशन कपूर ने कहा है कि बैंक में विकलांग, सीनियर सिटीजन महिला और कॉमन लोगों की अलग कतार हैं। सभी को समान रुप से मेंनटेन किया जा रहा है। ब्रांच में शाम पांच बजे तक कैश बांटा गया।
बुगरासी के इलाहाबाद बैंक मंे नहीं आया कैश
कस्बे के इलाहाबाद बैंक में कैश नहीं होने से बृहस्पतिवार को उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। कस्बे में दो बैंक हैं। बैंक में एक दिन कैश बंटने के बाद अगले दिन कैश ही नहीं आता है। कई बार तो दो से तीन दिन तक कैश नहीं आता है। बृहस्पतिवार को कस्बे के इलाहाबाद बैंक में कैश नहीं आया।
वहीं सर्व यूपी ग्रामीण बैंक में भी तीन दिन बाद बृहस्पतिवार को कैश आने के बाद उपभोक्ताओं को दिया गया। आरबीआई ने 35 करोड़ रुपये भेजे थे। डिमांड के हिसाब से बैंकों को धनराशि भेजी गई। तमाम बैंकों में ग्राहकों को नई करेंसी बांटी गई। - सतपाल मेहता, एलडीएम, बुलंदशहर
200 एटीएम में सिर्फ 35 पर कैश
जनपद में 200 एटीएम में से बृहस्पतिवार को महज 35 एटीएम में करीब तीन करोड़ रुपये लोड डाले गए। इनमें से पीएनबी के 23 और एसबीआई के 12 एटीएम थे। हालांकि प्राइवेट बैंक एसडीएफसी और एक्सिस बैंक के एटीएम के कैश नहीं होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
बैंक में कैश जरूर था मगर चार घंटा कतार में खड़ा रहने के बाद कैश मिल सका। पर्याप्त कैश फिर भी नहीं मिला। -सुमित कुमार व्यापारी
उनको 24 हजार की जरूरत थी मगर कैश मिला महज 10 हजार रुपये। जिस काम के लिए जरूरत थी वह नहीं हो सका।-अंजली सिंह ग्रहणी
गेहूं की फसल में खाद डालने को पैसे निकालने गया था। मगर पैसा कम मिला। कल फिर से कतार में खड़ा होना पड़ेगा।- चमन सिंह किसान
बैंकों के सामने कतार कम नहीं होने से काफी दिक्कत हुई। बृहस्पतिवार को चेक से पैसा नहीं मिला। एटीएम ने भी मायूस किया।-मुकेश कुमार, शिक्षक