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कोहरे और सर्द हवाओं ने बढ़ाई ठिठुरन

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 21 Jan 2020 11:54 PM IST
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bulandshahr news
कोहरे और सर्द हवाओं से बढ़ी ठिठुरन
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बुलंदशहर। कोहरे के साथ सर्द हवाएं चलने से ठिठुरन बढ़ने लगी है। मंगलवार को सुबह 11 बजे तक आसमान में कोहरे की चादर छाई रही। इसके बाद धूप निकलने पर लोगों ने राहत की सांस ली। वहीं, कोहरे के कारण वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
पहाड़ों पर बर्फबारी लगातार होने से मैदानी क्षेत्रों में सर्द हवाओं का असर दिन-प्रतिदिन बढ़ रहा है। साथ ही रात्रि और सुबह के समय कोहरे की चादर छाए रहने से न्यूनतम तापमान में भी गिरावट देखने को मिल रही है। इस दौरान रात्रि और सुबह के समय न्यूनतम तापमान पांच से सात डिग्री दर्ज किया जा रहा है। सर्द हवाएं लगातार चलते रहने से लोगों को परेशानी हो रही है। कोहरे का कहर शनिवार से लगातार जिले में देखने को मिल रहा है। वहीं, कोहरे के चलते अधिकांश क्षेत्र में मार्ग पर दृश्यता लगभग शून्य हो गई। इस दौरान 20 मीटर की दूरी पर खड़े लोग और वाहन दिखने बंद हो गए। यह स्थिति रात्रि नौ बजे से सुबह 11 बजे तक बनी रही। मंगलवार को सुबह करीब 11 बजे धूप निकलने पर लोगों ने राहत की सांस ली। सोमवार को न्यूनतम तापमान जहां 10 और अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, मंगलवार को न्यूनतम तापमान आठ तो अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस रहा। जबकि, बुधवार को न्यूनतम तापमान 9 तो अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। मौसम विभाग की मानें तो पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी होने का सिलसिला लगातार जारी है। जिसका असर जनपद समेत मैदानी क्षेत्रों में हो रहा है। बर्फबारी के कारण यहां का मौसम बदल गया है।
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मौसम से बच्चे हो रहे बीमार
लगातार कोहरे और गिरते तापमान से बच्चे बीमार हो रहे हैं। छोटे बच्चे बुखार और निमोनिया की चपेट में आ रहे हैं। चिकित्सकों ने सावधानी की सलाह दी है। डॉ. एचएस शर्मा ने कहा कि मौसम में बदलाव और सर्दी में बच्चों के साथ सावधानी बरतनी चाहिए।
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मौसम गेंहूं की फसल के अनुकूल
बुगरासी। गेंहूं की बुवाई देरी से होने के कारण इस बार गेहूं की फसल को देर तक ही कम तापमान की जरूरत पड़ेगी। वर्तमान में गेहूं की फसल के लिए मुफीद मौसम है। फरवरी में मौसम गर्म होगा जो गेहूं की फसल के लिए नुकसानदेय होगा। किसानों के अनुसार 15 फरवरी तक गेहूं की फसल के लिए कम तापमान की जरूरत है।

जनवरी के अंतिम सप्ताह में सर्दी लगभग खत्म होना शुरू हो जाती है। इस बार जनवरी में ही सबसे ज्यादा सर्दी पड़ रही है। कम तापमान से भले ही व्यापार पर प्रतिकूल असर पड़ रहा हो लेकिन यह मौसम गेहूं की फसल के लिए लाभदायक है। किसानों के अनुसार 15 फरवरी तक कम तापमान गेहूं की फसल की जरूरत है। दीपक त्यागी, कर्मवीर सिंह चैहान, प्रमोद कुमार, ओमप्रकाश चैहान आदि किसानों ने बताया कि गेहूं कम तापमान में होने वाली फसल है। इस बार शुगर मिल देरी से चली हैं जिससे खेतों में गन्ने की फसल खड़ी रही है। खेत देरी से खाली हुए हैं और फसल की बुवाई भी देरी से ही हुई है। अभी गेहूं निकलना शुरू नहीं हुआ है। कम से कम 15 फरवरी तक कम तापमान से ही गेहूं की फसल अच्छी होगी। यदि फरवरी के शुरू में ही तापमान बढ़ना शुरू हो जाता है इससे गेहूं को भारी नुकसान हो सकता है। किसानों का कहना है कि वर्तमान में गेहूं की फसल के लिए बहुत अच्छा तापमान चल रहा है। दिन में काफी कम तापमान रहता है। पाला भी पड़ रहा है जो पूरी तरह से गेहूं की फसल के लिए लाभदायक है। इसी प्रकार का मौसम तीन सप्ताह और रहता है तो गेहूं की फसल अच्छी होगी। दूसरी ओर सर्दी से व्यापार पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है।
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